
नई दिल्ली (शोर सन्देश)। प्रधानमंत्री और बीजेपी कई बार देश में एक साथ चुनाव करवाने की बात कह चुके हैं। इसके लिए धीरे-धीरे अब सरकार कदम भी आगे बढ़ा रही है। आगामी दिनों में लोकसभा, विधानसभा और निकाय चुनावों में मतदाता सूची एक हो सकती है। इस पर तेजी से काम चल रहा है। प्रधानमंत्री कार्यालय ने इस महीने एक बैठक भी की थी, जिसमें इसको लेकर विस्तार से चर्चा हुई।

नई दिल्ली (शोर सन्देश)। केंद्र सरकार ने शनिवार को अनलॉक-4 की गाइडलाइन जारी कर दी हैं। गृह मंत्रालय ने इसके लिए दिशा-निर्देश जारी कर दिए हैं, जिसमें 7 सितंबर से देशभर में मेट्रो चलाने की शर्तों के साथ अनुमति दी गई है। स्कूल और कॉलेज फिलहाल बंद ही रहेंगे, वहीं सिनेमा हॉल, स्विमिंग पूल भी अभी बंद रहेंगे। चुनावी माहौल को देखते हुए 21 सितंबर के बाद रैली की अनुमति दी जा सकती है।
आपको बता दें, अनलॉक-4 की गाइडलाइन सितंबर तक रहेंगी लागू। गृह मंत्रालय ने ये दिशा-निर्देश जारी किए हैं कि-
➡7 सितंबर से देशभर में मेट्रो चलेगी
➡स्कूल और कॉलेज अभी बंद रहेंगे
➡शर्तों के साथ मेट्रो चलाने की अनुमति
➡सिनेमा हॉल,स्वीमिंग पूल अभी बंद रहेंगे
➡21 सितंबर के बाद रैली की जा सकती है
➡सोशल डिस्टेंसिंग के साथ रैली हो सकेगी
➡रैली में 100 लोगों को ही अनुमति मिलेगी
➡धार्मिक आयोजन में 100 लोग जा सकेंगे
➡21 सितंबर से धार्मिक आयोजन पर ढील
अनलॉक-4 में 21 सितंबर से सामाजिक, राजनीतिक, मनोरंजन, खेल आदि से जुड़े समारोहों की अनुमति होगी,लेकिन एक छत के नीचे अधिकतम 100 लोग मौजूद रह सकेंगे। ऐसे समारोहों में अनिवार्य रूप से फेस मास्क, सोशल डिस्टेंसिंग, थर्मल स्कैनिंग, सैनिटाइजर और कोविड-19 के नियमों का पालन करना होगा। सिनेमा हॉल, स्विमिंग पुल, अंतरराष्ट्रीय उड़ानें कुछ विशेष मामलों को छोड़कर अभी भी बंद रहेंगे।
इसके साथ ही कंटनेमेंट जोन से बाहर कक्षा 9 से 12वीं तक के छात्र अपने परिवार की सहमति के बाद शिक्षकों से मिलने स्कूल जा सकेंगे। सरकार ने स्कूल-कॉलेज को 30 सितंबर तक बंद रखने का फैसला लिया है। 21 सितंबर 2020 से ओपन एयर थिएटरों को खोलने की अनुमति होगी। राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों के साथ व्यापक परामर्श के बाद, यह निर्णय लिया गया है कि 30 सितंबर तक स्कूल, कॉलेज, कोचिंग संस्थान बंद रहेंगे।

नई दिल्ली (शोर सन्देश)। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज झांसी में रानी लक्ष्मी बाई केंद्रीय कृषि विश्वविद्यालय का ऑनलाइन लोकार्पण किया। इसके अलावा उन्होंने विश्वविद्यालय के शैक्षणिक एवं प्रशासनिक भवन का भी उद्घाटन किया। इस मौके पर उन्होंने कहा कि 6 साल पहले जहां देश में सिर्फ 1 केंद्रीय कृषि विश्विद्यालय था, आज 3 सेंट्रल एग्रीकल्चर यूनिवर्सिटीज़ देश में काम कर रही हैं। उन्होंने कहा कि इसके अलावा तीन राष्ट्रीय संस्थान IARI-झारखंड, IARI-असम, मोतीहारी में महात्मा गांधी इंस्टीट्यूट फॉर इंटीग्रेटेड फॉर्मिंग की स्थापना की जा रही है।
उन्होंने कहा कि कृषि में आत्मनिर्भरता का लक्ष्य किसानों को एक उत्पादक के साथ ही उद्यमी बनाने का भी है। जब किसान खेती, उद्योग के रूप में आगे बढ़ेगी तो बड़े स्तर पर गांव में गांव के पास ही रोज़गार स्वरोज़गार के अवसर तैयार होने वाले हैं। जब हम कृषि में आत्मनिर्भरता की बात करते हैं तो ये सिर्फ खाद्यान्न तक ही सीमित नहीं है, बल्कि ये गांव की पूरी अर्थव्यवस्था की आत्मनिर्भरता की बात है। उन्होंने कहा कि देश में खेती से पैदा होने वाले उत्पादों में वैल्यू एडिशन करके देश दुनिया के बाज़ारों में पहुंचाने का मिशन है।
उन्होंने कहा कि कभी रानी लक्ष्मीबाई ने बुंदेलखंड की धरती पर गर्जना की थी- मैं अपनी झांसी नहीं दूंगी। आज एक नई गर्जना की आवश्यकता है- मेरी झांसी-मेरा बुंदेलखंड आत्मनिर्भर भारत अभियान को सफल बनाने के लिए पूरी ताकत लगा देगा, एक नया अध्याय लिखेगा कृषि की इसमें बहुत बड़ी भूमिका है।

नई दिल्ली (शोर सन्देश)। देश हर साल 29 अगस्त को राष्ट्रीय खेल दिवस मनाता है। यह दिन हॉकी के जादूगर मेजर ध्यानचंद के जन्मदिन के रूप में मनाया जाता है। इस अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मेजर ध्यानचंद को श्रद्धांजलि दी और प्रतिभाशाली एथलीटों के लिए परिवारों और कोच की सराहना भी की है। पीएम मोदी ने अपने ट्विटर पर लिखा, `भारत सरकार खेल को लोकप्रिय बनाने और भारत में खेल प्रतिभाओं को समर्थन देने के लिए कई प्रयास कर रही है। मैं सभी से खेल और फिटनेस को अपनी दिनचर्या का हिस्सा बनाने का आग्रह करता हूं। ऐसा करने के कई फायदे हैं। हर कोई खुश और स्वस्थ हो सकता है!`
पीएम ने आगे कहा, `आज राष्ट्रीय खेल दिवस पर हम मेजर ध्यानचंद को श्रद्धांजलि देते हैं, जिनकी हॉकी स्टिक का जादू कभी नहीं भुलाया जा सकता। आज हमारे प्रतिभाशाली एथलीटों की सफलता के लिए परिवारों, कोचों और सहयोगी कर्मचारियों द्वारा दिए गए उत्कृष्ट समर्थन की सराहना करने का भी दिन है। राष्ट्रीय खेल दिवस उन सभी खिलाड़ियों की उपलब्धियों का जश्न मनाने का दिन है, जिन्होंने विभिन्न खेलों में भारत का प्रतिनिधित्व किया है और हमारे राष्ट्र को गौरवान्वित किया है।`
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श्रीनगर (शोर सन्देश)। जम्मू-कश्मीर के पुलवामा में घेराबंदी और तलाशी अभियान के दौरान सुरक्षा बलों के साथ मुठभेड़ में आज सुबह तीन आतंकवादी मारे गए। इस एनकाउंटर में भारतीय सेना का एक जवान भी शहीद हो गया। बता दें कि कश्मीर बीते 24 घंटे में एनकाउंटर की यह दूसरी घटना है और इसमें अब तक सात आतंकवादी मारे जा चुके हैं।
रक्षा मंत्रालय के प्रवक्ता कर्नल राजेश कालिया ने बताया कि आतंकवादियों की मौजूदगी की खुफिया सूचना के आधार पर जम्मू-कश्मीर पुलिस के विशेष अभियान समूह, राष्ट्रीय राइफल और केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल के जवानों ने पुलवामा के जदूरा में शुक्रवार देर रात तलाशी अभियान शुरू किया।
उन्होंने बताया कि सुरक्षा बल के जवान जब लक्षित क्षेत्र की ओर आगे बढ़ रहे थे तभी वहां छिपे हुए आतंकवादियों ने उन पर स्वचालित हथियारों से अंधाधुंध गोलीबारी शुरू कर दी। सुरक्षा बलों ने भी जवाबी कार्रवाई की जिसके साथ ही मुठभेड़ शुरू हो गई। इस मुठभेड़ में तीन आतंकवादी मारे गये और एक जवान घायल हो गया। घायल जवान को अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई।
कर्नल कालिया ने बताया कि मुठभेड़ स्थल से एक एके राइफल और दो पिस्तौल सहित भारी मात्रा में हथियार एवं गोला-बारूद और आपत्तिजनक सामग्री बरामद की गई है। उन्होंने बताया कि अंतिम सूचना मिलने तक अभियान जारी था। इससे पहले शुक्रवार को शोपियां में एनकाउंटर के दौरान सुरक्षाबलों ने 4 आतंकवादियों को मार गिराया। इस तरह से देखा जाए तो बीते 24 घंटे में सुरक्षाबलों ने 7 आतंकियों को मौत के घाट उतारा है।

नई दिल्ली(शोर सन्देश)। चुनाव आयोग के दिशानिर्देशों और सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद, यह स्पष्ट हो गया है कि बिहार में विधानसभा चुनाव समय में होगा, जिसके बाद राजनीतिक दलों ने अपनी चुनावी तैयारियां तेज कर दी हैं।इसी कड़ी में आज भारतीय जनता पार्टी की दिल्ली में एक अहम बैठक होने जा रही है। बिहार विधानसभा चुनाव के लिए भाजपा के राष्ट्रीय मुख्यालय में होने वाली बैठक में कोर कमेटी से जुड़े सभी पार्टी नेता और सांसद शामिल होंगे।
भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा बैठक की अध्यक्षता करेंगे रिपोर्ट्स के अनुसार, इस बैठक में बिहार प्रभारी और राष्ट्रीय महासचिव भूपेंद्र यादव के साथ महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री देवेंद्र फड़नवीस उपस्थित हो सकते हैं। बिहार विधानसभा चुनाव समय पर होने की संभावना है। कारण यह है कि चुनाव आयोग ने भी कोरोना में चुनाव कराने के बारे में दिशा-निर्देश जारी किए हैं। ऐसे में भाजपा नवंबर में होने वाले विधानसभा चुनाव की संभावना के साथ अपनी तैयारी करने की कोशिश कर रही है।
पार्टी सूत्रों के अनुसार, बैठक में बिहार के सभी सांसद अपने क्षेत्र के चुनावी समीकरणों के बारे में रिपोर्ट करेंगे। बैठक में एनडीए के सहयोगी दलों के बीच सीट वितरण, चुनावी मुद्दे आदि पर भी चर्चा होगी। ज्ञात हो कि बीजेपी ने एक बार फिर नीतीश कुमार के नेतृत्व में बिहार विधानसभा चुनाव लड़ने का फैसला किया है। इस बीच, एनडीए की सहयोगी लोक जनशक्ति पार्टी में भी नाराजगी देखी गई है।

भोपाल (शोर सन्देश)। मध्य प्रदेश में इस समय विधानसभा की खाली 27 सीटों पर होने वाले उपचुनाव की तारीखों के ऐलान का सभी राजनीतिक पार्टियों इंतजार कर रही हैं। संभव है कि चुनाव आयोग इसका ऐलान जल्द कर सकता है। यकीनन भाजपा और कांग्रेस के लिए ये उपचुनाव बेहद अहम हैं और इसी वजह से दोनों को ही पूरी ताकत झोंक देनी होगी। यहां असली चुनौती सरकार बचाना या फिर उसका तख्तापलट है। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के सामने अपनी गद्दी बचाए रखने के लिए कम से कम नौ सीटों पर जीत हासिल करने की चुनौती होगी और अगर आंकड़ा कम रहा तो मुश्किल आ सकती है। वहीं, कांग्रेस और पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ के लिए ये उपचुनाव कहीं बड़ी चुनौती पेश करने वाले हैं, क्योंकि उन्हें शिवराज सरकार को बेदखल करने के लिए सभी 27 सीटों पर विजय हासिल करनी होगी, जो कि मुश्किल लग रहा है।
मध्य प्रदेश विधानसभा में कुल 230 सीटें हैं, जिनमें से 27 सीटें रिक्त हैं। इस वक्त 203 सीटों वाली विधानसभा में शिवराज सिंह चौहान सरकार के पास 107 विधायक हैं, जो बहुमत के आंकड़े से पांच अधिक हैं। जबकि कांग्रेस के पास 89 विधायक हैं। 27 सीटों पर उपचुनाव के साथ विधानसभा में बहुमत का आंकड़ा 116 विधायक का हो जाएगा। इस आंकड़े तक पहुंचने के लिए भारतीय जनता पार्टी को कम से कम नौ सीटों पर जीत हासिल करनी होगी, लेकिन 15 महीने बाद ज्योतिरादित्य सिंधिया के बागी तेवरों के बाद सत्ता से बाहर होने वाली कांग्रेस को फिर से सीएम की कुर्सी पर कब्जे के लिए सभी 27 सीटों पर जीत हासिल करनी होगी।
बहरहाल, अगर उपचुनाव में भाजपा नौ से कम सीटें जीत पाती है, तो उसे समाजवादी पार्टी, बहुजन समाज पार्टी या निर्दलीय उम्मीदवारों का रुख करना होगा। वहीं, 89 विधायकों के साथ उपचुनाव में उतने वाली कांग्रेस को सभी सीटों पर जीत हासिल करनी होगी, तभी वह दोबारा सीएम की कुर्सी हासिल कर सकेगी। फिलहाल, भाजपा नौ से कम सीट पर सिमटती है और कांग्रेस 20 से अधिक सीटें जीत लेती है तो ऐसी स्थिति में कमलनाथ चार निर्दलीय विधायकों के अलावा बसपा के दो और सपा के एक विधायक की मदद से राज्य के फिर मुख्यमंत्री बन सकते हैं। ये चुनाव मध्य प्रदेश के भविष्य के लिए हैं। कमलनाथ
प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ ने गुरुवार मध्य प्रदेश में 27 विधानसभा सीटों पर आगामी उप-चुनाव के बारे में पूछे गये सवाल पर कमलनाथ ने पत्रकारों से कहा, `ये उपचुनाव, आम चुनाव नहीं हैं। मैं इसे उपचुनाव भी नहीं मानता। ये चुनाव मध्य प्रदेश के भविष्य के लिए हैं।` इसके अलावा उन्होंने कहा कि पिछले चार महीने से मैंने पार्टी को मजबूत करने का काम किया है, क्योंकि हमारी लड़ाई भाजपा की उपलब्धियों के साथ नहीं बल्कि उनके संगठन के साथ है. साथ ही कहा कि प्रदेश की जनता के सामने कांग्रेस के 15 महीने का शासन और भाजपा के 15 साल के कार्यकाल की तस्वीर है। हमने अपनी नीतियों और नीयत का परिचय दिया है। जनता सच्चाई को पहचाने और सच का साथ दे। उन्होंने कहा, `मैं मध्य प्रदेश की पहचान बदलने की कोशिश कर रहा था लेकिन भाजपा इसे स्वीकार नहीं कर पा रही थी और इसलिए उन्होंने मेरी सरकार को गिरा दिया।`
आपको बता दें कि इस साल मार्च में ज्योतिरादित्य सिंधिया के साथ 22 विधायकों ने कांग्रेस छोड़ी थी और वे अब भाजपा के साथ हैं। इसी वजह से कमलनाथ सरकार सत्ता से बाहर हो गयी थी। यही नहीं, इसके बाद कांग्रेस के तीन अन्य विधायक भी विधानसभा की सदस्यता से त्यागपत्र देकर भाजपा में शामिल हुए हैं. वहीं, दो सीट विधायकों के निधन ( भाजपा और कांग्रेस एक-एक) के कारण रिक्त हैं। इसी वजह से 230 सदस्यों वाली मध्य प्रदेश विधानसभा में 27 सीट खाली है। इस उपचुनाव में 16 सीट ग्वालियर-चंबल अंचल में हैं और कांग्रेस इस इलाके में खासा जोर लगा रही है।

नई दिल्ली (शोर सन्देश)। जून 1948 में एअर इंडिया की फ्लाइट में जेआरडी टाटा उन 35 लोगों में से थे, जिन्होंने मुंबई तक की उड़ान भरी थी। अब करीब 72 साल बाद टाटा ग्रुप की एक और फ्लाइट विस्तारा ब्रिटिश राजधानी में मीडियम हॉल लॉन्च के लिए लैंड कर चुकी है। एअर इंडिया का राष्ट्रीयकरण 1953 में हुआ था। एअर इंडिया की बतौर टाटा ग्रुप एयरलाइन सबसे पहले लंदन के लिए उड़ान भरी थी। टाटा ग्रुप और सिंगापुर की विस्तारा की इस ज्वाइंट वेंचर ने दिल्ली से लंदन के लिए पहली उड़ान भरी है। कुछ समय पहले खबरें थीं कि यह ज्वाइंट वेंचर एअर इंडिया की नीलामी प्रक्रिया में भाग ले सकता है।
00 विस्तारा ड्रिमलाइनर लंदन के लिए नॉनस्टॉप उड़ान भरेगी
विमान कंपनी ने इसके लिए बोईंग 787 ड्रिमलाइनर का इस्तेमाल किया है। कंपनी ने चौड़ी बॉडी वाली B787s खरीदा है। इसमें से पहला विमान इसी साल मार्च में कंपनी को मिला है। कोरोना वायरस महामारी की वजह से इस ड्रिमलाइनर का पहला मीडियम हॉल इंटरनेशनल नॉनस्टॉप उड़ान में देरी हुई है। अब यह फ्लाइट ब्रिटेन के साथ विशेष एयर बबल के तहत दिल्ली से लंदन के लिए उड़ान भर रही है।
00 सप्ताह में 3 बार भरेगी उड़ान
कंपनी ने एक बयान जारी कर कहा है, `द्विपक्षीय एयर बबल के तहत विस्तारा नॉनस्टॉप फ्लाइट का ऑपरेशन कर रही है। यह 28 अगस्त से 24 अक्टूबर 2020 के बीच के लिए होगा। दोनों शहरों के बीच विस्तारा की यह फ्लाइट एक सप्ताह में 3 बार उड़ान भरेगी।`
विस्तारा सीईओ लेसली थंग ने कहा, `भेल ही रेगुलर फ्लाइट्स नहीं ऑपरेट कर रहे हैं। लेकिन हम अपने लॉन्ग-हॉल ऑपरेशन के लिए उत्साहित हैं। यह कई मायनों में विस्तार के वैश्विक ऑपरेशन में विस्तार की एक शुरुआत है।`
विस्तारा दोनों देशों के वीज़ा एंट्रीज व अन्य जरूरतें पूरी होने के बाद कस्टमर्स को एक्सेप्ट करेगी। यह दोनों देशों द्वारा तय नियमो के आधार पर होगा. विस्तारा ने अपने कस्टमर्स से कहा है कि वो सरकार की गाइडलाइंस को पूरी तरह से समझने के बाद ही बुकिंग का फैसला लें।

नई दिल्ली (शोर सन्देश)। एम्स रायबरेली में विभिन्न पदों पर भर्ती के लिए निकाले गए विज्ञापन में आरक्षण नियमों की अनदेखी करने का मामला दिल्ली हाई कोर्ट पहुंच गया है। मुख्य न्यायमूर्ति डीएन पटेल व न्यायमूर्ति प्रतीक जालान की पीठ ने केंद्र सरकार, शिक्षा मंत्रालय व अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है। याचिका पर अगली सुनवाई 24 सितंबर को होगी। संविधान बचाओ ट्रस्ट ने याचिका दायर कर एम्स रायबरेली के विभिन्न पदों पर जारी भर्ती विज्ञापन में आरक्षण संबंधी केंद्र सरकार के दिशा-निर्देशों के पालन नहीं करने का आरोप लगाया है। याचिका के अनुसार एम्स रायबरेली ने प्रोफेसर, एसोसिएट प्रोफेसर व असिस्टेंट प्रोफेसर के 158 पदों पर भर्ती का विज्ञापन निकाला है, लेकिन इसमें आरक्षण नियमों की अनदेखी की गई है।
याचिका के अनुसार 31 जनवरी, 2019 को केंद्र के कार्मिक, जन समस्या व पेंशन विभाग ने कार्यालय ज्ञापन जारी कर स्पष्ट किया था केंद्र की सिविल पोस्ट की सीधी भर्ती में आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग को 10 फीसद आरक्षण दिया जाएगा।
वहीं, शिक्षा मंत्रालय ने 12 जुलाई, 2019 को जारी अधिसूचना में केंद्रीय शिक्षा संस्थानों की सीधी भर्ती के लिए आरक्षण संबंधी नियमों को स्पष्ट करते हुए कहा था कि एससी को 15 फीसद, एसटी को 7.5 फीसद तथा ओबीसी के लिए 27 फीसद और 10 फीसद पद ईडब्ल्यूएस के लिए आरक्षित रखा जाना अनिवार्य है। याचिकाकर्ता ने भर्ती संबंधी विज्ञापन में संशोधन का निर्देश देने की मांग की है। वहीं, एम्स रायबरेली ने दावा किया है कि केंद्र सरकार के दिशा-निर्देशों के तहत ही विज्ञापन दिया गया है।

नई दिल्ली (शोर सन्देश)। आज मेजर ध्यान चंद की जयंती है, इस दिन को सम्पूर्ण देश में खेल दिवस के रूप में मनाया जाता है। प्रत्येक वर्ष इस दिन खेल रत्न अवार्ड, अर्जुन अवार्ड आदि के लिए नामित खिलाड़ियों को राष्ट्रपति द्वारा सम्मानित किया जाता है। इस वर्ष भी इन अवार्ड्स के लिए नामित खिलाड़ियों को अवार्ड से नवाजा जाएगा, लेकिन इस बार कोरोना की वजह से ये शो वर्चुअल होगा। खेल मंत्रालय ने इस बार खेल रत्न और अर्जुन अवार्ड के लिए इनामी राशि को बढ़ाया है।
खेल रत्न अवार्ड के लिए इनामी राशि को बढ़ाकर 25 लाख कर दिया गया है, वहीं पहले ये इनामी राशि साढ़े 7 लाख रूपये थी। अर्जुन अवार्ड के लिए भी इनामी राशि 5 लाख से बढाकर 15 लाख रूपये कर दिया गया है।
इस बार क्रिकेटर रोहित शर्मा, विनेश फोगाट, मनिका बत्रा, पैरालंपियन मरियप्पन थांगावेलु और महिला हॉकी कप्तान रानी रामपाल को देश के सर्वोच्च खेल अवार्ड खेल रत्न से सम्मानित किया जाएगा, वहीं अर्जुन अवार्ड 2020 के लिए 27 खिलाड़ियों को नामित किया गया है। खेल रत्न पाने वाले खिलाड़ियों में क्रिकेटर इशांत शर्मा और दीप्ति शर्मा भी शामिल है।