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शिक्षा

स्कूली बच्चों, एनएसएस के छात्राओं को दी गई कानूनी जानकारी और कैरियर संबंधी टिप्स

13-Dec-2024
महासमुंद ( शोर संदेश ) ।  शासकीय माता कर्मा कन्या महाविद्यालय महासमुंद के तत्वाधान में राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) महिला इकाई द्वारा ग्राम मचेवा की शासकीय प्राथमिक शाला में सात दिवसीय एनएसएस शिविर का आयोजन किया गया। गुरुवार को शिविर एक बौद्धिक परिचर्चा सत्र का आयोजन किया गया, जिसमें जिला विधिक सेवा प्राधिकरण महासमुंद के सचिव दामोदर प्रसाद चन्द्रा ने बच्चों और एनएसएस छात्राओं को कानूनी जानकारी दी और उनके उज्जवल भविष्य निर्माण के लिए विभिन्न करियर गाइडलाइन पर चर्चा की।
चन्द्रा ने सायबर अपराध और उससे सुरक्षा, महिलाओं और बच्चों से संबंधित अपराधों के प्रति जागरूक किया। उन्होंने बताया कि बच्चों को अपनी रुचियों और पसंदीदा विषयों के बारे में जानकर ही भविष्य में सही कैरियर की दिशा तय करनी चाहिए। साथ ही, उन्होंने बच्चों को यह भी समझाया कि अध्ययन में कठिन परिश्रम और ईमानदारी से ही उज्जवल भविष्य का निर्माण संभव है।
इसके अलावा, चन्द्रा ने जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के कार्यों और कानूनी सहायता के बारे में भी विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि भारतीय संविधान के अनुच्छेद 39 ए के तहत सभी के लिए न्याय सुनिश्चित किया गया है और समाज के कमजोर वर्गों के लिए निःशुल्क कानूनी सहायता की व्यवस्था की गई है। संविधान के अनुच्छेद 14 और 22(1) के अंतर्गत राज्य का यह कर्तव्य है कि वह सबके लिए समान अवसर सुनिश्चित करे और कमजोर वर्गों को न्याय उपलब्ध कराने के लिए विधिक सेवा तंत्र स्थापित किया जाए। इसके तहत 1987 में विधिक सेवा प्राधिकरण अधिनियम पास किया गया, जिसके तहत राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण (नालसा) का गठन किया गया। श्री चन्द्रा ने बताया कि नालसा की नीतियों और निर्देशों के तहत प्रत्येक राज्य में राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण और जिले स्तर पर जिला विधिक सेवा प्राधिकरण का गठन किया गया है। इन संस्थाओं का मुख्य कार्य गरीब और जरूरतमंद लोगों को निःशुल्क कानूनी सहायता प्रदान करना है।

 


मुख्यमंत्री नोनी बाबू मेधावी शिक्षा सहायता योजना वंशिका के लिए बनी मददगार

12-Dec-2024

राजनांदगांव ( शोर संदेश )। निर्माणी श्रमिक  संगीता साहू की बिटिया वंशिका साहू को 10वीं कक्षा में राज्य स्तर पर टॉप 10 के छठवां स्थान प्राप्त करने पर राज्य शासन की ओर से 1 लाख रूपए की प्रोत्साहन राशि मिला है। आर्थिक रूप में बेहद कमजोर परिवार से संबंध रखने वाली वंशिका को आगे की पढ़ाई जारी रखने के लिए राज्य शासन की मुख्यमंत्री नोनी बाबू मेधावी शिक्षा सहायता योजना मददगार बनी है। वंशिका ने बताया कि वे राजनांदगांव जिले के छुरिया विकासखंड के दूरस्थ वनांचल ग्राम हालेकोसा में निवास करती हैं और शिक्षा भी स्थानीय शासकीय स्कूल में पढ़ाई कर रही है। उन्होंने बताया कि उनकी मां संगीता साहू भवन निर्माण कार्य में मजदूरी का कार्य करती है और उनके पिता  तोरनलाल साहू की छोटी सी कपड़े की दुकान है। उनकी मां का छत्तीसगढ़ भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण मंडल में श्रमक पंजीयन कार्ड बना हुआ है। वंशिका ने बताया कि उनके माता-पिता मजदूरी करके दोनों भाई-बहन की पढ़ाई करा रहे हैं। वंशिका ने कहा कि प्राप्त राशि से शिक्षा के लिए मदद मिली है और मेरे माता-पिता के होने वाले खर्च का भार भी कम हुआ। माता-पिता के परिश्रम को ध्यान में रखते हुए वंशिका समर्पित भाव से पढ़ाई कर रही है। वंशिका डॉक्टर बनना चाहती हैं, जिसके लिए वह बॉयोलॉजी विषय लेकर पढ़ाई कर रही है। वंशिका ने 10वीं कक्षा में 97.83 प्रतिशत अंक प्राप्त कर राज्य की मेरिट सूची में छठवां स्थान प्राप्त किया है।
वंशिका की मां संगीता ने बताया कि उनकी बेटी पढ़ाई में बहुत अच्छी है। वह शुरू से ही पढ़ाई में बहुत अच्छी थी। वह स्कूल से घर आने पर पढ़ाई में ज्यादा समय देती है। उन्होंने कहा कि उन्हें पता नहीं था कि श्रम विभाग में उनके श्रमिक पंजीयन कराने से उनकी बिटिया के श्रेष्ठ प्रदर्शन से 1 लाख रूपए की मदद मिलेगी। उन्होंने कहा कि राज्य शासन से प्राप्त राशि मेरी बिटिया के आगे की शिक्षा और डॉक्टर बनने के सपने के लिए बहुत मददगार होगी। वंशिका और उनकी मां  संगीता साहू ने योजना के अंतर्गत उन्हें लाभान्वित करने के लिए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय को बहुत-बहुत आभार व्यक्त किया।  
श्रमिकों के बच्चों को सरकार देती है राशि -
मुख्यमंत्री नोनी बाबू मेधावी शिक्षा सहायता योजना के तहत छत्तीसगढ़ भवन और अन्य सन्निर्माण कर्मकार मंडल की ओर से पंजीकृत निर्माणी श्रमिकों के मेधावी बच्चों की मदद की जाती है। कक्षा 10वीं से लेकर स्नातकोत्तर और व्यवसायिक पाठ्यक्रम में 75 प्रतिशत या उससे अधिक अंक लाने पर 5 हजार रूपए से लेकर 12 हजार 500 रूपए तक की प्रोत्साहन राशि दी जाती है। इस योजना के तहत पंजीकृत निर्माणी श्रमिकों के बच्चे, जो छत्तीसगढ़ माध्यमिक शिक्षा मंडल की बोर्ड परीक्षा में टॉप-10 में स्थान प्राप्त करते हैं, उन्हें एक लाख रूपए की प्रोत्साहन राशि दी जाती है, साथ ही दोपहिया वाहन खरीदने के लिए एक लाख रूपया दिया जाता है।


विद्यार्थियों को मिलने लगा अब बेहतर शैक्षणिक माहौल

12-Dec-2024
रायपुर  ( शोर संदेश )  । कुछ समय पहले तक अपने विद्यालय में शिक्षकों की कमी को लेकर विद्यार्थी परेशान थे। स्कूलों में विषय से संबधित शिक्षक नहीं होन या फिर एकमात्र शिक्षक होने और कभी-कभी उनके अवकाश में रहने से अध्यापन ठप होने जाने की शिकायत पालकों की भी रहती थी। कई बार शिक्षकों की कमी को लेकर प्रदर्शन तक भी होते रहते थे। शिक्षकों की कमी का सबसे ज्यादा खामियाजा विद्यार्थियों को ही भुगतना पड़ता था। समय पर पाठयक्रम पूरे नहीं होते थे तो उन्हें विषय का ज्ञान भी नहीं मिल पाता था। कई बार तो शिक्षकों की कमी को देखते हुए कुछ विद्यार्थी अपने आसपास के विद्यालयों से दूर जाकर अन्य विद्यालय तक में पढ़ाई करते थे। वहीं शिक्षक नहीं होने पर सीमित संख्या में उपलब्ध शिक्षकों के कंधे पर भी अन्य विषयों का अध्यापन कराने की मजबूरी आ जाती थी। कुछ इन्हीं समस्याओं को ध्यान रखकर विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए नवाचारी और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करते हुए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के दिशा निर्देशन में कलेक्टर अजीत वसंत द्वारा कोरबा जिले में बेहतर शैक्षणिक वातावरण तैयार किया जा रहा है। जिले में सैकड़ों ऐसे विद्यालय थे, जहां शिक्षकों की कमी थीं, उन विद्यालयों में विषय से संबंधित लेक्चचर, शिक्षकों, सहायक शिक्षकों की नियुक्ति कर दी गई है। अब शिक्षक नियुक्त हो जाने से विद्यालयों में अध्यापन व्यवस्था पहले से बेहतर हो गई है।
    कोरबा जिले में शिक्षा व्यवस्था को पहले से और बेहतर बनाने की दिशा में लगातार कार्य किए जा रहे हैं।कोरबा  जिले में दो हजार से अधिक विद्यालय है। हायर सेकेण्डरी, माध्यमिक शाला, प्राथमिक शाला विद्यालय में शिक्षकों की कमी की शिकायत लगातार कलेक्टर के पास आती रहती थी। उन्होंने जिला खनिज संस्थान न्यास के माध्यम से सभी विद्यालयों की जानकारी जुटाकर शिक्षकों की कमी को दूर करने के निर्देश जिला शिक्षा अधिकारी को दिए। हायर सेकेण्डरी स्कूलों में विषय शिक्षकों की भर्ती के लिए योग्य उम्मीदवारों से आवेदन मंगाए गए और निर्धारित अर्हता पूरी करने वाले उम्मदवारों का चयन किया गया। प्राथमिक शाला कोरई में मानदेय के आधार पर नियुक्त हुई शिक्षिका चंद्रिका पैंकरा और प्राथमिक शाला कदमझेरिया की शिक्षिका शकुंतला कंवर ने बताया कि स्कूल में अतिथि शिक्षक के रूप में जिम्मेदारी मिलने के बाद वे भी जिम्मेदारी के साथ बच्चों का अध्यापन करा रहे हैं। यह खुशी की बात है कि शिक्षकों की नियुक्ति में पारदर्शिता बरतते हुए गांव के बेरोजगार योग्य युवाओं को भी अवसर दिया गया है। जिले के हायर सेकेण्डरी स्कूलों में कुल 118 लेक्चरर की नियुक्ति की गई। इसी तरह माध्यमिक शाला में 96 शिक्षकों और प्राथमिक शाला में 263 सहायक शिक्षकों सहित 40 पीवीटीजी शिक्षकों की नियुक्ति की गई। कुल 517 शिक्षकों की नियुक्ति जिले में की गई है। सभी शिक्षकों को मानदेय के आधार पर रखा गया है और डीएमएफ से उन्हें प्रतिमाह वेतन दिया जाता है। जिसमें रिक्त पदों के विरूद्ध शिक्षकों की नियुक्ति हो जाने से विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षिक माहौल मिलने लगा है। उनका समय पर पाठयक्रम पूरा हो रहा है वहीं विषय ज्ञान का स्तर भी सुधरने लगा है। एकल शिक्षकीय विद्यालयों में भी शिक्षकों को राहत मिली है। अभिभावक भी इस व्यवस्था से संतुष्ट है। खास बात यह भी है कि शिक्षकों की नियुक्ति में जिले के विशेष पिछड़ी जनजाति परिवार पहाड़ी कोरवा, बिरहोर समाज को भी वरीयता दी गई है। उन्हें भी उनकी योग्यता के आधार पर जिले के अनेक विद्यालयों में शिक्षक सहित भृत्य एवं अन्य पदों पर रखा गया है, ताकि वे आर्थिक रूप से मजबूत होकर समाज की मुख्यधारा में आ सकें।
जिले के हायर सेकेण्डरी, माध्यमिक शाला, प्राथमिक शाला विद्यालय में लेक्चचर, शिक्षकों, सहायक शिक्षकों की नियुक्ति तो की ही गई है। इसके साथ ही विद्यालयों में 270 भृत्य भी नियुक्त किए गए हैं। कलेक्टर श्री अजीत वसंत ने जर्जर विद्यालयों की भी सुध ली है। उन्होंने जर्जर भवनों की जानकारी मंगाकर नए भवन स्वीकृत किए हैं। जिले में संचालित शासकीय संस्थाओं के भवन, किचन शेड, शौचालय इत्यादि की वर्तमान स्थिति की समीक्षा कर आवश्यकता अनुसार स्वीकृति दी गई है। जिले के परीक्षा परिणाम में सुधार हेतु केंद्रीय परीक्षा पद्धति अपनाते हुए जिले के समस्त विद्यालय हेतु पाठ्यक्रम निर्धारित कर नियत समय पर त्रैमासिक एवं अर्धवार्षिक परीक्षा संचालित करने हेतु निर्देशित किया गया है। कक्षा 10वीं एवं 12वीं के कमजोर छात्र-छात्राओं के लिए बोर्ड परीक्षा के पूर्व शैक्षणिक स्तर में सुधार हेतु नवीन कार्य योजना बनाने के निर्देश दिए गए हैं। जिले के 2100 से अधिक प्राइमरी तथा मिडिल स्कूलों में बच्चों की उपस्थिति बढ़ाने नाश्ते वितरण कराए जा रहे हैं। खाना पकाने गैस कनेक्शन दी गई है।  विद्यालयों में आवश्यक संसाधान मुहैया कराया जा रहा है और शैक्षणिक माहौल को बेहतर बनाने का प्रयास किया जा रहा है। 
 

 


CG बोर्ड परीक्षा का टाइम टेबल जारी, 1 मार्च से 12वीं और 3 मार्च से 10वीं की शुरू होगी परीक्षा

10-Dec-2024
रायपुर।  ( शोर संदेश ) छत्तीसगढ़ माध्यमिक शिक्षा मंडल ने 10वीं और 12वीं के बोर्ड एग्जाम का टाइम टेबल जारी कर दिया है। 12वीं बोर्ड की परीक्षा 1 मार्च से शुरू होकर 28 मार्च तक चलेंगी। वहीं 10वीं बोर्ड की परीक्षा 3 से 24 मार्च तक होगी।
परीक्षा का समय सुबह 9 बजे से लेकर दोपहर 12:15 बजे तक रखा गया है। जारी टाइम टेबल के मुताबिक सुबह 9 बजे स्टूडेंट क्लास रूम में पहुंच जाएंगे। 9 बजकर 5 मिनट में आंसर-शीट दी जाएगी। 09.10 बजे प्रश्न पत्र मिलेगा।
10वीं और 12वीं दोनों ही क्लास के प्रैक्टिकल एग्जाम जनवरी महीने में शुरू होंगे। माध्यमिक शिक्षा मंडल ने प्रैक्टिकल एग्जाम के लिए 10 से 31 जनवरी की तारीख तय की है। प्रैक्टिकल परीक्षा में गैरहाजिर रहने वाले छात्रों को दोबारा परीक्षा के लिए विशेष अनुमति नहीं दी जाएगी।
स्कूल प्रबंधन को भी निर्देशित किया गया है कि, वे सभी स्टूडेंट्स को प्रैक्टिकल परीक्षा में शामिल कराएं। प्रैक्टिकल परीक्षा बाह्य परीक्षक की मौजूदगी में होगी। जिसकी नियुक्ति माध्यमिक शिक्षा मंडल ही करेगा।
नहीं होंगी सप्लीमेंट्री परीक्षा
CG बोर्ड के तहत 10वीं-12वीं में सप्लीमेंट्री परीक्षा नहीं होगी। पिछले साल से 2 मुख्य परीक्षा आयोजित की जा रही है। नियमों के मुताबिक, जो किसी विषय में फेल हुए हैं वो सेकंड चांस बोर्ड एग्जाम में बैठ सकते हैं।
इसके अलावा वो छात्र जो पास हो चुके हैं लेकिन अपने नंबर से नाखुश हो तो वह भी श्रेणी सुधार के लिए द्वितीय परीक्षा दे सकते हैं। एक विषय, दो विषय या इससे अधिक विषय में वे शामिल होने के पात्र हैं। द्वितीय परीक्षा में नंबर बढ़ते हैं तो इसके अनुसार रिजल्ट जारी होगा। अंकों में सुधार नहीं होने पर पहली ही मार्क-शीट मान्य होगी।

 


20 हजार अभ्यर्थियों का खत्म हुआ इंतजार, SI भर्ती के लिखित के भी अंक जारी

10-Dec-2024
रायपुर।  ( शोर संदेश ) छत्तीसगढ़ व्यावसायिक परीक्षा मंडल (व्यापमं) ने सब इंस्पेक्टर (एसआई) भर्ती परीक्षा- 2021 के लिए ली गई लिखित परीक्षा का रिजल्ट सोमवार को जारी कर दिया। एसआई के 971 पदों के लिए लिखित परीक्षा 26, 27 और 29 मई 2023 को आयोजित की गई थी। इसमें 20,618 अभ्यर्थी शामिल हुए थे। 19 महीने से अभ्यर्थियों को रिजल्ट का इंतजार था। हालांकि मेरिट लिस्ट अभी तक नहीं आई है। बता दें कि यह राज्य की सबसे लंबी भर्ती परीक्षा थी, जो अक्टूबर-नवंबर 2018 में शुरू हुई थी और दिसंबर 2024 में जाकर पूरी हुई है। इस रिजल्ट को जारी करने से पहले विभाग ने हाईकोर्ट में कैविएट दायर की थी।

दिल्ली में स्कूलों को फिर बम से उड़ाने की धमकी

09-Dec-2024
नई दिल्ली।( शोर संदेश ) दिल्ली के स्कूलों में एक बार फिर बम से उड़ाने की धमकी मिली है. बम होने की धमकी ईमेल के जरिए भेजी गई है. इससे पहले भी कई स्कूलों में पैनिक फैलाने के लिए अज्ञात लोगों ने धमकी भरी ईमेल भेजी थीं. इस बार ब्रिटिश स्कूल, सलवान स्कूल, माडर्न स्कूल, कैंब्रिज स्कूल, DAV स्कूल, DPS और GD गोयनका समेत कई स्कूलों को यह धमकी मिली है. दिल्ली अग्निशमन विभाग को सुबह करीब 7 बजे इस घटना की जानकारी दी गई. हालंकि बाद में पुलिस ने इस ईमेल को फर्जी बताया.
प्राप्त जानकारी के अनुसार धमकी भरे मेल के बाद स्कूल प्रशासन ने छात्रों को घर वापस भेज दिया है, जबकि पुलिस को भी इसकी सूचना दे दी गई है. दिल्ली पुलिस के अनुसार, दोनों स्कूलों में जांच चल रही है और अभी तक कुछ भी संदिग्ध नहीं मिला है.
यह ताजा घटना एक महीने से भी अधिक समय बाद हुई है, जब दिल्ली के दो और हैदराबाद के एक स्कूल सहित देश भर के कई सीआरपीएफ स्कूलों को ई-मेल के जरिए बम की धमकी मिली थी. तमिलनाडु के एक सीआरपीएफ स्कूल को 21 अक्टूबर की रात को सबसे पहले धमकी मिली थी, जिसके बाद देश के सभी संबद्ध स्कूलों को अलर्ट भेजा गया था. हालांकि, यह धमकी एक धोखा साबित हुई.
20 अक्टूबर को, दिल्ली के रोहिणी इलाके में एक सीआरपीएफ स्कूल की दीवार में एक शक्तिशाली विस्फोट हुआ, जिससे आस-पास की दुकानें और वाहन क्षतिग्रस्त हो गए और इमारत की दीवार में भी छेद हो गया. इसके परिणामस्वरूप किसी के हताहत होने या घायल होने की कोई खबर नहीं आई.

एक खालिस्तानी समर्थक समूह ने टेलीग्राम पर विस्फोट की जिम्मेदारी ली, जिसके बाद दिल्ली पुलिस ने सोशल मीडिया ऐप से संपर्क किया और उस चैनल के बारे में जानकारी मांगी, जहां से पोस्ट की शुरुआत हुई थी. हाल के महीनों में, कई भारतीय एयरलाइनों, होटलों, ट्रेन स्टेशनों को बम की धमकियां मिली हैं, जो सभी झूठी साबित हुई हैं.

संसद के चल रहे शीतकालीन सत्र के दौरान, नागरिक उड्डयन राज्य मंत्री मुरलीधर मोहोल ने कहा कि एयरलाइनों को मिलने वाली झूठी धमकियों की संख्या 2023 में 122 से बढ़कर 2024 में 994 हो गई है, जो 714.7 प्रतिशत की वृद्धि को दर्शाता है.

अकेले अक्टूबर में, एयरलाइनों को 666 बम धमकियों वाली कॉल मिलीं, जो इस साल सबसे ज़्यादा है, इसके बाद जून में 122 धमकियां मिलीं. इसके विपरीत, सितंबर और अक्टूबर 2023 में केवल 15 धमकियों वाली कॉल दर्ज की गईं, जो पिछले साल सबसे ज़्यादा थीं.

प्री-बोर्ड परीक्षा 20 जनवरी से, स्कूलों को तैयारी के निर्देश

09-Dec-2024
बिलासपुर। ( शोर संदेश )  शिक्षा विभाग ने प्री-बोर्ड परीक्षा का आयोजन 20 जनवरी से करने का निर्णय लिया है। अफसरों ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि इस परीक्षा का स्वरूप बोर्ड परीक्षा के समान होगा, जिसमें प्रश्न पत्रों का ब्लू प्रिंट तैयार किया जाएगा और पूरे पाठ्यक्रम से ही प्रश्न पूछे जाएंगे। शिक्षा विभाग ने इस संबंध में स्कूलों को तैयारी के निर्देश जारी किए हैं।
स्कूल शिक्षा सचिव के आदेशानुसार, 10 जनवरी 2025 तक 100 प्रतिशत पाठ्यक्रम पूरा करना आवश्यक होगा। इसका मतलब है कि स्कूलों को निर्धारित समय के भीतर छात्रों को पूरी तरह से परीक्षा के लिए तैयार करने की जिम्मेदारी दी गई है। विभाग ने अतिरिक्त कक्षाएं आयोजित करने के निर्देश भी दिए हैं, ताकि पाठ्यक्रम पूरा करने में कोई कमी न रहे।
जिला शिक्षा अधिकारी ने बताया कि प्री-बोर्ड परीक्षा छात्रों के लिए एक महत्वपूर्ण अभ्यास होगी, जिससे वे बोर्ड परीक्षा के लिए मानसिक रूप से तैयार हो सकेंगे। इस परीक्षा के माध्यम से वे अपनी तैयारी का आकलन कर सकेंगे और वास्तविक परीक्षा माहौल में अपनी स्थिति को समझ सकेंगे।
शिक्षा विभाग ने सभी स्कूलों को निर्देशित किया है कि वे 10 जनवरी 2025 तक कोर्स पूरा करें और छात्रों को अतिरिक्त अवसर प्रदान करें। इस कदम का उद्देश्य छात्रों को बोर्ड परीक्षा में अच्छे अंक प्राप्त करने के लिए तैयार करना और उनके आत्मविश्वास को बढ़ाना है।
 

 


बीएड-डीएलएड की 21 हजार सीटों के लिए आए आवेदन 80 हजार, फिर भी नहीं भर पाई हैं सीटें

07-Dec-2024
रायपुर।  ( शोर संदेश ) प्रदेश के कॉलेजों में बीएड व डीएलएड की उपलब्ध सीटों की तुलना में प्रवेश के लिए अधिक आवेदन मिले हैं। इसके बाद भी छह लिस्ट में पूरी सीटें नहीं भर पाई हैं। अभी 1420 खाली है। इसे लेकर अब आखिरी चरण की काउंसिलिंग होगी। इसमें तीन लिस्ट जारी होगी। इसे लेकर राज्य शैक्षिक अनुसंधान एवं प्रशिक्षण परिषद (एससीईआरटी) से शेड्यूल जारी किया गया है। इसके अनुसार 24 दिसंबर तक प्रवेश दिए जाएंगे।
जानकारों का कहना है कि शुरुआत में कई ऐसे अभ्यर्थी थे जिन्हें सीटें मिली लेकिन उन्होंने पसंदीदा कॉलेज की उम्मीद में प्रवेश नहीं लिया। प्रवेश परीक्षा में ज्यादा स्कोर होने के कारण इनका दोनों राउंड में नाम आया, लेकिन इनमें से कई छात्रों ने एडमिशन नहीं लिया। तीसरे राउंड में भी दो लिस्ट जारी हुई, इसमें भी जिन्हें सीटें दी गई उन्होंने विभिन्न कारणों से प्रवेश नहीं लिया।
इस वजह से सीटें खाली है। गौरतलब है कि प्रदेश में बीएड की 14400 सीटों के लिए तीस हजार ने आवेदन किया था। जबकि डीएलएड की 6720 सीटों के लिए करीब 50 हजार आवेदन मिले थे। इसके अनुसार तीन चरण की काउंसिलिंग हुई। प्रत्येक चरण में दो-दाे लिस्ट जारी हुई। हर चरण में जितनी सीटें थी वे पूरी आबंटित की गई। इसके बाद भी बीएड में 850 और डीएलएड में 570 सीटें खाली रह गई है।

राष्ट्रीय परख सर्वेक्षण में 81 हजार छात्रों की दक्षता का हुआ मूल्यांकन

06-Dec-2024

रायपुर ( शोर संदेश )। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के निर्देश पर केन्द्र शासन द्वारा प्रस्तावित राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 छत्तीसगढ़ में भी लागू की जा चुकी है। राष्ट्रीय शिक्षा नीति के तहत देश भर में एक साथ राष्ट्रीय परख सर्वेक्षण 2024 का आयोजन किया गया। छत्तीसगढ़ में आयोजित राष्ट्रीय परख सर्वेक्षण 2024 में कक्षा तीसरी, छठवीं और नवमी की 3409 स्कूल से 81 हजार 179 विद्यार्थियों की दक्षताओं का समग्र मूल्यांकन किया गया।
इस परख सर्वेक्षण का उद्देश्य छात्रों के शैक्षणिक प्रदर्शन के साथ-साथ शिक्षकों, स्कूलों और पूरी शिक्षा प्रणाली की गुणवत्ता का आकलन करना है। यह सर्वेक्षण राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के लक्ष्यों के अनुरूप छात्रों की बुनियादी और मध्य स्तर की क्षमताओं का आकलन करता है। प्राप्त परिणामों के आधार पर राष्ट्रीय स्तर पर राज्यों की शैक्षणिक गुणवत्ता की रैंकिंग की जाएगी।
छत्तीसगढ़ में किए गए सर्वेक्षण में कक्षा तीसरी के 1199 स्कूलों का सर्वेक्षण किया गया, जिसमें कुल 24 हजार 379 विद्यार्थी शामिल हुए। इसी प्रकार कक्षा छठवीं के 1065 स्कूल से 25 हजार 665 विद्यार्थी और कक्षा नवमी के 1145 स्कूल से 31 हजार 135 विद्यार्थी शामिल हुए। इस प्रकार कुल 3409 स्कूलों से कुल 81 हजार 179 विद्यार्थी परख राष्ट्रीय सर्वेक्षण 2024 में शामिल हुए।
गौरतलब है कि इस बार परख (PARAKH- प्रदर्शन मूल्यांकन, समीक्षा एवं समग्र विकास के लिए ज्ञान का विश्लेषण) नाम दिया गया। इस सर्वेक्षण का उद्देश्य बच्चों के समग्र शैक्षणिक प्रदर्शन का मूल्यांकन करना और राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के तहत छात्रों के मूल्यांकन से संबंधित मापदंड स्थापित करना है। इस बार सर्वेक्षण कक्षा तीसरी, छठवीं और नवमी के छात्रों पर केंद्रित रहा, जो उनके पिछले कक्षाओं में अर्जित दक्षताओं पर आधारित था। परीक्षा में प्रश्न ओएमआर शीट के माध्यम से बहुविकल्पीय प्रारूप में रखा गया था।


जिला स्तरीय युवा महोत्सव 10 को

06-Dec-2024

गरियाबंद ( शोर संदेश ) ।  जिला प्रशासन तथा खेल एवं युवा कल्याण विभाग द्वारा दिसम्बर माह में युवा उत्सव वर्ष 2024-25 का आयोजन किया जाएगा। जिले में युवा उत्सव का आयोजन दो चरणों में आयोजित किया जायेगा। जिसके अंतर्गत प्रथम चरण में विकासखण्ड स्तर पर गरियाबंद विकासखण्ड में 05 दिसम्बर को किया गया। तत्पश्चात फिंगेश्वर, छुरा, देवभोग विकासखण्ड में 06 दिसम्बर को एवं मैनपुर विकासखण्ड में 09 दिसम्बर को आयोजन किया जायेगा। द्वितीय चरण में जिला स्तरीय आयेाजन 10 दिसम्बर, 2024 को शासकीय वीर सुरेन्द्रसाय महाविद्यालय परिसर गरियाबंद में किया जाएगा।
युवा उत्सव 2024-25 में सम्मिलित होने के लिए प्रतिभागियों की आयु 15 से 29 वर्ष निर्धारित की गई है। विकासखण्ड स्तर पर प्रथम स्थान प्राप्त विजेता प्रतिभागी को जिला स्तरीय युवा उत्सव प्रतियोगिता में सम्मिलित होंगे। इसके साथ ही रॉकबैंड विधा के प्रतिभागी सीधे जिला स्तरीय युवा उत्सव में शामिल होंगे। रॉकबैंड के दल में प्रतिभागियों की संख्या 10 होगी। युवा उत्सव प्रतियोगिता में सांस्कृतिक कार्यक्रम अंतर्गत सामूहिक लोकनृत्य, व्यक्तिगत लोकनृत्य, सामूहिक लोकगीत, व्यक्तिगत लोकगीत, तथा लाइफ स्कील के अंतर्गत कहानी लेखन, चित्रकला, तात्कालिक भाषण एवं कविता, थिमैटिक विधा में विज्ञान मेला तथा युवा कृति के अंतर्गत हस्तशिल्प, टेक्सटाइल एवं कृषि उत्पाद आदि गतिविधियां आयोजित की जायेगी। इसके अलावा जिला एवं राज्य स्तर पर रॉकबैंड का भी आयोजन किया जायेगा।
प्रभारी खेल अधिकारी ने बताया कि विकासखण्ड स्तरीय युवा उत्सव के आयोजन के संबंध में संपूर्ण जानकारी हेतु खेल एवं युवा कल्याण के विकासखण्ड नोडल गरियाबंद संजीव साहू, मो. 8959886666, विकासखण्ड नोडल फिंगेश्वर हरिशचंद्र निषाद, मो. 7354391708, विकासखण्ड नोडल छुरा रेवेन्द्र दीक्षित, मो. 969163500, विकासखण्ड नोडल मैनपुर यशवंत बघेल, मो. 8839499603 एवं विकासखण्ड नोडल देवभोग रमेश ठाकुर, मो. 9098223444 से संपर्क कर अधिक जानकारी ले सकते है। जिला स्तरीय युवा उत्सव के संबंध में संपूर्ण जानकारी हेतु कार्यालय कलेक्टर, खेल एवं युवा कल्याण, गरियाबंद, कक्ष क्रमांक-09 में तथा नंदकिशोर बान्दे, सहायक ग्रेड-02, मो. 6261590400 से संपर्क कर जानकारी प्राप्त कर पंजीयन करा सकते है।



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