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पीएम मोदी का झारखंड में चुनावी हुंकार, दिया नया नारा- 'एक रहेंगे तो सेफ रहेंगे'

10-Nov-2024
गुमला. ( शोर संदेश )  प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि झारखंड के गुमला में बीजेपी-एनडीए प्रत्याशियों के पक्ष में चुनावी सभा को संबोधित करते हुए 'एक रहेंगे तो सेफ रहेंगे' का नारा दिया। उन्होंने कहा- ‘आप जातियों में टूटेंगे तो आदिवासियों की ताकत कम हो जाएगी। इसलिए मैं कहता हूं - एक रहेंगे तो सेफ रहेंगे।’
पीएम मोदी ने कहा- ‘जेएमएम और कांग्रेस ने झारखंड को हमेशा पिछड़ा रखा है। लेकिन भाजपा-एनडीए ने झारखंड को देश के विकास से जुड़ी बड़ी-बड़ी योजनाओं का केंद्र बनाया है। भाजपा-एनडीए की सरकार, सबका साथ-सबका विकास के मूलमंत्र पर चल रही है। इसी रास्ते पर चलकर, झारखंड विकसित होगा, भारत विकसित होगा।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा- ‘जेएमएम और कांग्रेस के इरादे कुछ अलग ही हैं। कांग्रेस जानती है कि आदिवासी, ओबीसी, दलित बाहुल्य वाले राज्यों में वो इसलिए खत्म हो गई क्योंकि वहां ये समाज एकजुट हो गया। इसलिए कांग्रेस का शाही परिवार हमारे एससी, एसटी और ओबीसी समाज की एकता को तोड़ना चाहता है। ये लोग एससी, एसटी और ओबीसी को मिला आरक्षण छीनना चाहते हैं।
इससे पहले प्रधानमंत्री ने बोकारो के चंदनकियारी विधानसभा क्षेत्र में चुनावी सभा को संबोधित करते हुए कहा कि कांग्रेस शुरू से एससी, एसटी, ओबीसी की एकजुटता की विरोधी रही है। इस देश में आजादी के बाद जब तक दलित और आदिवासी, ओबीसी बिखरे रहे, तब तक कांग्रेस ‘बांटो और राज करो’ की नीति से सरकारें बनाती रहीं और लूटती रही। जैसे ही समाज एकजुट हुआ, कांग्रेस कभी बहुमत की सरकार नहीं बना पाई। 1990 में ओबीसी को आरक्षण मिला और यह पूरा समाज एकजुट हुआ, तो कांग्रेस आज तक लोकसभा में कभी 250 सीटें भी नहीं जीत पाई। इसलिए कांग्रेस ओबीसी की सभी जातियों की ताकत को तोड़ना चाहती है और उन्हें सैकड़ों अलग-अलग जातियों में बांट देना चाहती है।
पीएम मोदी ने कहा कहा कांग्रेस पार्टी यादव को कोइरी से, सोनार को लुहार से, राजभर को प्रजापति कुम्हार से, नाई को कहार से आपस में लड़ाना चाहती है। प्रधानमंत्री ने आरोप लगाया कि झारखंड में जेएमएम-कांग्रेस की सरकार ने पेपर लीक और भर्ती माफिया पैदा किया है। राज्य में भाजपा की सरकार बनते ही ऐसे लोगों को पाताल से ढूंढ कर जेल के हवाले कर दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि हमारा वादा है कि जिन्होंने झारखंड के नौजवानों के भविष्य के साथ खिलवाड़ किया है, उनके सारे मंसूबे मोदी चकनाचूर करके रख देगा।
प्रधानमंत्री ने कहा कि झारखंड में भाजपा के पक्ष में प्रचंड आंधी चल रही है। पूरा छोटानागपुर आज एक ही बात कह रहा है, रोटी-बेटी-माटी की पुकार- झारखंड में भाजपा की सरकार। हमने झारखंड को अलग राज्य बनाया है और हम ही झारखंड को संवारेंगे। ऐसे लोग कभी झारखंड का विकास नहीं करेंगे, जो झारखंड निर्माण के विरोधी रहे हैं।
प्रधानमंत्री मोदी ने जनसमूह से कहा, ‘एक आंकड़ा देता हूं, जिससे दूध का दूध और पानी का पानी हो जाएगा। 2005 से 2014 तक जब केंद्र में यूपीए की सरकार थी, तब उस सरकार ने झारखंड को 10 साल में बड़ी मुश्किल से 80 हजार करोड़ रुपये दिए थे। 2014 में जब दिल्ली में सरकार बदली और आपने सेवक मोदी को सेवा करने का अवसर दिया, तो हमने बीते 10 साल में 3 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा झारखंड का दिया। हमने झारखंड को इतने पैसे दिए, लेकिन झारखंड मुक्ति मोर्चा सरकार ने पिछले पांच साल में आपके हक की सुविधाएं लूट लीं। 

शालीमार सिकंदराबाद साप्ताहिक स्पेशल ट्रेन डिरेल, रेस्क्यू ऑपरेशन जारी

09-Nov-2024
कोलकाता ।  ( शोर संदेश ) पश्चिम बंगाल के हावड़ा में ट्रेन हादसा हुआ है. शनिवार सुबह करीब 5.30 बजे हावड़ा के नॉलपुर में शालीमार सिकंदराबाद साप्ताहिक स्पेशल ट्रेन पटरी से उतर गई. ट्रेन के 3 कोच पटरी से उतरी गए. अभी तक किसी के हताहत होने की खबर नहीं है.
कई यात्रियों को मामूली चोटें आई हैं. रेलवे अधिकारी मौके पर पहुंच रहे हैं और यात्रियों को पटरी से उतरे डिब्बों से निकाला जा रहा है. रेलवे के अनुसार, कोई बड़ा नुकसान नहीं हुआ है. अभी तक कोई हताहत नहीं हुआ है और केवल एक या दो यात्रियों को मामूली चोटें आई हैं. 
सीपीआरओ दक्षिण-पूर्वी रेलवे ने बताया, '22850 सिकंदराबाद शालीमार सुपरफास्ट एक्सप्रेस के कुल 3 डिब्बे पटरी से उतर गए हैं, जिनमें एक पार्सल वैन और 2 डिब्बे शामिल हैं.'  रेलवे ने बताया कि संतरागाछी और खड़गपुर से दुर्घटना राहत ट्रेन और चिकित्सा राहत ट्रेनें पटरी से उतरने वाली जगह पर पहुंच गई हैं. फंसे हुए यात्रियों को उनके गंतव्य तक ले जाने के लिए बसों की व्यवस्था की गई है.
 

पुलिस ने महाराष्ट्र चुनाव से पहले कार से पकड़ा कैश, 3 करोड़ से ज्यादा रुपये बरामद

09-Nov-2024
नई दिल्ली।  ( शोर संदेश )  महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव का बिगुल बज गया है. राज्य में 20 नवंबर को एक चरण में मतदान होगा. ऐसे में चुनाव के ऐलान के साथ ही प्रदेश में अचार संहिता भी लागू है. जिसके बाद तमाम जांच एजेंसियां और पुलिस राज्य में होने वाली हर गतिविधियों पर पैनी नजर रख रही है. इस बीच चेकिंग के दौरान पुलिस ने पालघर में एक गाड़ी से तीन करोड़ से ज्यादा का कैश बरामद कर आरोपी को गिरफ्तार किया है.
पुलिस के मुताबिक, पालघर के वाडा पाली मार्ग से विक्रमगढ़ की ओर जिसे देखकर कर पुलिस को शक हुआ. इसके बाद कार को रुकवाकर कार चालक से पूछताछ की गई. पूछताछ के दौरान संदेश बढ़ने पर कार को वाडा पुलिस स्टेशन लाया गया और जांच की गई. जांच के दौरान कार में करीब तीन करोड़ 70 लाख रुपये बरामद हुए. फिलहाल पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है.
वहीं मुंबई ने भी  दो करोड़ से ज्यादा कैश के साथ 12 लोगों को हिरासत में लिया है. जानकारी के अनुसार, एल.टी मार्ग पुलिस स्टेशन को खुफिया जानकारी मिली कि कुछ लोग अवैध रूप से बड़ी मात्रा में कैश ले कर जा रहे हैं. इसके बाद पुलिस तुरंत हरकत में आ गई और शहर के भुलेश्वर मार्केट, कालबादेवी से संदेह के आधार पर 12 व्यक्तियों को हिरासत में ले लिया.
इसके बाद संदिग्धों को पहले पूछताछ के लिए मुंबादेवी पुलिस चौकी ले जाया गया, जिसके बाद नोडल अधिकारी सुरेश कांबले के नेतृत्व में 186-मुंबादेवी विधानसभा क्षेत्र की फ्लाइंग स्क्वायड टीम (FST) को तत्काल सूचना दी गई. मामले की जानकारी मिलते ही ऑपरेशन को रिकॉर्ड करने के लिए फोटोग्राफरों के साथ तुरंत मौके पर टीम पहुंच गई.
इसके बाद पुलिस पूरे मामले की जांच करने लगी और हिरासत में लिए गए व्यक्तियों की तलाशी लेने लगी. इस दौरान पुलिस को उनके बैग से 2 करोड़ 30 लाख से ज्यादा रुपये मिले. 

जस्टिन ट्रूडो ने पहली बार कबूली कनाडा में खालिस्तानियों की मौजूदगी

09-Nov-2024
ओट्टावा:  ( शोर संदेश ) भारत के साथ कूटनीतिक तनाव के बीच कनाडा के प्रधानमंत्री जस्टिन ट्रूडो ने पहली बार स्वीकार किया है कि उनके देश में खालिस्तानियों की मौजूदगी है। भारत लंबे समय से कनाडा के ऊपर भारत विरोधी चरमपंथियों को जगह देने की बात करता रहा है। कनाडाई प्रधानमंत्री ने एक अप्रत्याशित घटनाक्रम में देश के अंदर खालिस्तान समर्थक अलगाववादियों की मौजूदगी को स्वीकार तो किया लेकिन साथ ही यह भी कहा कि वे सभी सिख समुदाय का प्रतिनिधित्व नहीं करते हैं। उन्होंने ओट्टावा के पार्लियामेंट हिल में दिवाली समारोह के दौरान यह टिप्पणी की थी।
ट्रूडो ने कहा, 'कनाडा में खालिस्तान के कई समर्थक हैं, लेकिन वे समूचे सिख समुदाय का प्रतिनिधित्व नहीं करते हैं। कनाडा में मोदी सरकार के समर्थक हैं, लेकिन वे समग्र रूप से सभी हिंदू कनाडाई लोगों का प्रतिनिधित्व नहीं करते हैं। उसी तरह कनाडा में मोदी सरकार के समर्थक हैं, लेकिन वे समग्र रूप से सभी हिंदू कनाडाई लोगों का प्रतिनिधित्व नहीं करते हैं।'
 कनाडा और भारत के संबंध उस समय खराब होने शुरू हो गए थे, जब ट्रूडो ने बीते साल आरोप लगाया था कि जून 2023 में ब्रिटिश कोलंबिया के सरे में गुरुद्वारे के बाहर खालिस्तानी आतंकवादी हरदीप सिंह निज्जर की हत्या में भारत का हाथ था। भारत ने इन आरोपों को बेबुनियाद बताते हुए खारिज किया और कनाडा से सबूतों की मांग की, जिसे ट्रूडो सरकार ने कभी नहीं दिया।
पिछले महीने दोनों के बीच संबंध बहुत तनावपूर्ण हो गए, जब ट्रूडो सरकार ने कनाडा में भारत के उच्चायुक्त संजय वर्मा को हिंसा के मामले में 'पर्सन ऑफ इंटरेस्ट' बताया। भारत ने इसे आपत्तिजनक बताते हुए अपने 6 राजनयिकों को वापस बुला लिया। इसके साथ ही कनाडा के 6 राजनयिकों को वापस जाने को कह दिया गया।
इसी सप्ताह की शुरुआत में खालिस्तान समर्थकों ने ब्रैम्पटन स्थित हिंदू सभा मंदिर में भक्तों के साथ मारपीट की थी। इस दौरान भारत के वाणिज्य दूतावास के कार्यक्रम को भी बाधित किया गया, जिसमें भारतीय और कनाडाई नागरिक शामिल हुए थे। सोशल मीडिया पर वायरल हुए वीडियो में खालिस्तान समर्थकों को डंडे और मुक्के से हिंदू भक्तों को मारते दिखाया गया था।

शरद पवार साहब, आपकी चार पीढ़ियां भी अनुच्छेद 370 को वापस नहीं ला सकतीं’अमित शाह की चेतावनी

09-Nov-2024
मुंबई ( शोर संदेश )  महाराष्ट्र में एक रैली के दौरान अमित शाह ने कहा कि शरद पवार की चार पीढ़ियां भी जम्मू कश्मीर में अनुच्छेद 370 को वापस नहीं ला सकतीं। महाराष्ट्र के शिराला में एक जनसभा को संबोधित करते हुए केंद्रीय गृह मंत्री ने कहा कि ‘नेशनल कॉन्फ्रेंस और कांग्रेस पार्टी ने जम्मू कश्मीर विधानसभा में एक प्रस्ताव पारित किया है, जिसमें अनुच्छेद 370 को वापस लाने की मांग की गई है कि कश्मीर भारत का अभिन्न अंग नहीं है। आज मैं संभाजी महाराज की धरती से कह रहा हूं- शरद पवार साहब, अगर आपकी चार पीढ़ियां भी आ जाएंगी तो भी हम अनुच्छेद 370 को वापस नहीं आने देंगे।’
उल्लेखनीय है कि जम्मू कश्मीर विधानसभा में नई सरकार के गठन के बाद विधानसभा के पहले ही सत्र में अनुच्छेद 370 को वापस लाने का प्रस्ताव पेश किया गया। इस प्रस्ताव को पेश करने के दौरान विधानसभा में जमकर हंगामा हुआ और इसे लेकर भाजपा और सत्ताधारी दल के विधायकों में हाथापाई भी हो गई। इसे लेकर प्रधानमंत्री मोदी ने भी विपक्ष पर निशाना साधा है।
शाह ने कहा कि ‘ये अघाड़ी वाले न देश को सुरक्षित कर सकते हैं, न देश का सम्मान बढ़ा सकते हैं। अगर ये काम करना है, तो पीएम मोदी का हाथ मजबूत करना होगा। प्रधानमंत्री मोदी का वादा पत्थर की लकीर है, जबकि कांग्रेस पार्टी तो वादा करके खुद ही भूल जाती है। उन्होंने न कर्नाटक, हिमाचल प्रदेश और न ही तेलंगाना में अपने वादे पूरे किए हैं। राम मंदिर का जिक्र करते हुए अमित शाह ने कहा कि प्रभु श्रीराम 500 साल से टेंट में बैठे थे। कांग्रेस पार्टी राम मंदिर को अटका रही थी, प्रधानमंत्री मोदी आए तो पांच साल में ही उन्होंने भूमिपूजन भी किया और राम मंदिर का निर्माण करा प्राण प्रतिष्ठा भी कर दी।
अमित शाह ने कहा कि ‘पीएम मोदी वक्फ बोर्ड में बदलाव का बिल लाए और विपक्ष उसका विरोध कर रहा है। कर्नाटक के वक्फ बोर्ड ने पूरे गांव को, मंदिर और किसानों की जमीन समेत, वक्फ की संपत्ति घोषित कर दिया। मैं पवार साहब से, उद्धव जी से पूछता हूं, आप वक्फ का विरोध करेंगे? अगर महा विकास अघाड़ी की सरकार आ गई, तो ये किसानों की जमीन वक्फ के नाम कर देंगे।’

अकोला में कांग्रेस पर गरजे पीएम मोदी, बोले-भारत विरोधी ताकतें 370 की समर्थक...'

09-Nov-2024
नई दिल्ली । ( शोर संदेश ) प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को अकोला में एक जनसभा को संबोधित करते हुए महाराष्ट्र की जनता का आभार व्यक्त किया. उन्होंने कहा कि 2014 से लेकर 2024 तक महाराष्ट्र ने भाजपा को पूरे दिल से आशीर्वाद दिया है और इसके पीछे राज्य की जनता की देशभक्ति, राजनीतिक समझ और दूरदर्शिता है. उन्होंने कहा कि आज, 9 नवंबर का दिन ऐतिहासिक है. प्रधानमंत्री ने याद दिलाया कि 2019 में इसी दिन देश की सुप्रीम कोर्ट ने राम मंदिर पर अपना निर्णय सुनाया था. उन्होंने इस दिन को राष्ट्र की एकता का प्रतीक बताते हुए कहा कि सर्वोच्च न्यायालय के निर्णय के बाद देश के सभी धर्मों के लोगों ने जिस संवेदनशीलता का परिचय दिया, वह 'राष्ट्र प्रथम' की भावना का सबसे बड़ा उदाहरण है, जो भारत की सबसे बड़ी ताकत है. प्रधानमंत्री ने कांग्रेस पर हमला करते हुए आरोप लगाया कि वह समाज में विभाजन पैदा करने का प्रयास कर रही है. उन्होंने कहा, "कांग्रेस चाहती है कि अनुसूचित जाति (SC) समाज की विभिन्न जातियां आपस में लड़ती रहें, ताकि उनकी आवाज बिखर जाए और वोट भी बंट जाए. इसका सीधा फायदा कांग्रेस को मिलता है." उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस SC समाज के अधिकारों को कमजोर करके सरकार बनाने की चाल चल रही है और यही उसका असली चरित्र है.
प्रधानमंत्री मोदी ने एक और संवेदनशील मुद्दे पर देश की चिंता जाहिर करते हुए जम्मू-कश्मीर विधानसभा में कांग्रेस और उसके सहयोगियों द्वारा अनुच्छेद 370 को फिर से बहाल करने का प्रस्ताव पास करने पर कड़ी प्रतिक्रिया दी. उन्होंने लोगों से सवाल किया, "क्या जम्मू-कश्मीर में अनुच्छेद 370 फिर से लागू होना चाहिए?" लोगों ने स्पष्ट रूप से इसका विरोध किया. पीएम मोदी ने कहा कि "अलगाववादी, आतंकी संगठन और भारत विरोधी ताकतें हमेशा अनुच्छेद 370 का समर्थन करती हैं, और अब यही कांग्रेस की भी भाषा बन गई है."
प्रधानमंत्री मोदी ने विपक्ष पर हमला करते हुए कहा कि कांग्रेस और उसके सहयोगियों को न तो बाबा साहेब अंबेडकर के संविधान की चिंता है, न ही अदालतों का सम्मान और न ही देश की जनता की भावनाओं का ख्याल. उन्होंने कहा कि कांग्रेस और उनके सहयोगी पार्टियों की सोच सिर्फ राजनीति तक सीमित है और देशहित उनके लिए कोई मायने नहीं रखता.
पीएम मोदी ने कहा कि विदर्भ की जनता का आशीर्वाद हमेशा से उनके लिए विशेष रहा है. उन्होंने महाराष्ट्र में आगामी विधानसभा चुनावों के लिए गठबंधन के लिए जनता का समर्थन मांगा. मोदी ने कहा, "हमारी सरकार को केंद्र में आए हुए केवल 5 महीने ही हुए हैं, लेकिन इतने कम समय में ही लाखों करोड़ रुपये की परियोजनाएं शुरू की जा चुकी हैं, जिनमें महाराष्ट्र से जुड़ी कई महत्वपूर्ण बुनियादी ढांचे की परियोजनाएं भी शामिल हैं." 

जम्मू-कश्मीर में विधानसभा सत्र- 370 निरस्त के खिलाफ पीडीपी विधायक का प्रस्ताव, सीएम उमर बोले- कोई अहमियत नहीं

04-Nov-2024
कश्मीर। ( शोर संदेश )  जम्मू-कश्मीर में विधानसभा सत्र का का आज पहला दिन था. आज ही स्पीकर का चुनाव हुआ. सत्र के पहले ही दिन पीडीपी विधायक वहीद उर रहमान पर्रा ने 370 के निरस्त के खिलाफ प्रस्ताव पेश कर दिया. बीजेपी विधायकों ने इस प्रस्ताव का विरोध किया. इसके बाद सदन में जमकर हंगामा होने लगा. जम्मू कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने कहा कि 370 के खिलाफ प्रस्ताव की कोई अहमियत नहीं है.
सीएम अब्दुल्ला ने कहा कि अगर इसके पीछे कोई उद्देश्य होता, तो वे पहले हमसे इस पर चर्चा करते. हमें पता था कि इसके लिए एक सदस्य द्वारा तैयारी की जा रही है. वास्तविकता यह है कि जम्मू-कश्मीर के लोग 5 अगस्त 2019 को लिए गए फैसले को स्वीकार नहीं करते हैं. अगर उन्होंने इसे स्वीकार किया होता, तो आज के नतीजे अलग होते. सदन इस पर कैसे विचार करेगा, यह कोई एक सदस्य तय नहीं करेगा.
सीएम अब्दुल्ला ने कहा कि पीडीपी विधायक द्वारा आज लाए गए प्रस्ताव का कोई महत्व नहीं है, यह केवल कैमरों के लिए है. अगर इसके पीछे कोई उद्देश्य होता, तो वे पहले हमसे इस पर चर्चा करते. इसके बाद उन्होंने स्पीकर से सदन को स्थगित करने का रिक्वेस्ट किया. इसके बाद स्पीकर ने विधानसभा की कार्यवाही स्थगित कर दी.

पीएम मोदी ने सोरेन सरकार पर साधा जमकर निशाना

04-Nov-2024
नई दिल्ली। ( शोर संदेश ) प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने झारखंड के गढ़वा में सोमवार को एक चुनावी जनसभा को संबोधित किया। इस दौरान पीएम ने हेमंत सोरेन सरकार पर जमकर निशाना साधा। पीएम मोदी ने कहा कि झारखंड में भर्तियों में धांधली और पेपर लीक जेएमएम का उद्योग बन गया है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि, 'मैं आज सबका आशीर्वाद मांगने आया हूं. आज झारखंड में हर तरफ एक ही गूंज है, रोटी, बेटी, मांटी की पुकार, झारखंड में भाजपा-एनडीए सरकार.'
पीएम मोदी ने कहा कि, इस समय छठ के महापर्व का उत्साह भी चारों तरफ दिख रहा है, मैं छठी मैया की उपासना करने वाले सभी व्रतियों को भी मैं अपनी शुभकामनाएं देता हूं. झारखंड का ये चुनाव ऐसा समय हो रहे हैं जब पूरा देश जब आजादी के 100 साल होंगे तो हिंदुस्तान को विकसित होने का संकल्प लेकर के पूरा देश आगे बढ़ रहा है. आने वाले 25 वर्ष देश के लिए भी और झारखंड के लिए भी बहुत महत्वपूर्ण हैं. देश की आजादी के सौ वर्ष पूरे होंगे और झारखंड भी तब 50 वर्ष का होने वाला है.
पीएम मोदी ने कहा कि भाजपा ने तो झारखंड के लोगों की आकांक्षाओं का सम्मान करते हुए झारखंड अलग राज्य का निर्माण किया था, कुछ लोग यहां बैठे हैं वो कहते थे हमारी छाती पर झारखंड बनेगा, उनकी छाती पर झारखंड बन गया लेकिन झारखंड के कुछ नेता उनकी गोदी में जाकर बैठ गए. विकसित झारखंड बनाने के लिए बीते दस वर्षों में झारखंड के इंफ्रास्ट्रक्चर पर बहुत आधुनिक फोकस किया गया है.
पीएम मोदी ने कहा कि झारखंड को देश के दूसरे हिस्सों से जोड़ने वाली सड़कों को आधुनिक और चौड़ा किया जा रहा है. यहां रेल कनेक्टिविटी को सशक्त किया जा रहा है. आज झारखंड को 12 आधुनिक वंदे भारत ट्रेनें कनेक्ट कर रही हैं, गंगा जी पर जो वोटरवे बन रहा है, उससे भी झारखंड कनेक्टिड है, जगदीशपुर, हल्दिया, बोकारो, धामरा ये गैस पाइप लाइन झारखंड वालों को सस्ती गैस पहुंचाने में मदद कर रही है।
 

पीएम मोदी 8 नवंबर से महाराष्ट्र में करेंगे 11 रैलियां, योगी आदित्यनाथ भी संभालेंगे कमान

03-Nov-2024
नई दिल्ली। ( शोर संदेश )  प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी महाराष्ट्र में 20 नवंबर को होने वाले विधानसभा चुनावों के मद्देनजर 8 से 14 नवंबर राज्य में पार्टी के प्रचार के लिए कई रैलियां करेंगे। बताया जा रहा है कि प्रधानमंत्री मोदी राज्य में 8 से 14 नवंबर के बीच करीब 11 रैलियों को संबोधित करेंगे। महाराष्ट्र भाजपा प्रमुख चंद्रशेखर बावनकुले ने कहा कि पीएम मोदी के 8 नवंबर को धुले और नासिक, 9 नवंबर को अकोला और नांदेड़, 12 नवंबर को चंद्रपुर, चिमूर, सोलापुर व पुणे और 14 नवंबर को संभाजीनगर, नवी मुंबई और मुंबई में चुनावी सभाओं को संबोधित करने की उम्मीद है। इसके अलावा गृह मंत्री अमित शाह भी राज्य में चुनाव से पहले करीब 20 रैलियों को संबोधित करेंगे।
साथ ही उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ लगभग 22 और केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री और भाजपा प्रमुख जेपी नड्डा के लगभग 13 रैलियों को संबोधित करेंगे। इन सब के साथ महाराष्ट्र भाजपा अध्यक्ष बावनकुले भी राज्य में पार्टी को बहुमत दिलाने के लिए प्रचार-प्रसार में कोई कमी नहीं छोड़ेंगे। इसके अलावा मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे और उपमुख्यमंत्री अजित पवार भी राज्य में धुआंधार रैलियां करेंगे।
बता दें कि सत्तारूढ़ महायुति गठबंधन और विपक्षी महा विकास अघाड़ी (एमवीए), जिसमें शिवसेना (यूबीटी), एनसीपी (शरद पवार गुट) और कांग्रेस शामिल हैं, दोनों ने 288 सदस्यीय महाराष्ट्र विधानसभा के चुनावों के लिए अपनी तैयारियां तेज कर दी हैं। भाजपा सत्तारूढ़ महायुति गठबंधन का हिस्सा है, जिसमें शिवसेना (एकनाथ शिंदे गुट) और अजित पवार के नेतृत्व वाली एनसीपी भी शामिल है।

इसरो ने भारत का पहला एनालॉग अंतरिक्ष मिशन लेह में किया शुरू, जानें क्या है मिशन

03-Nov-2024
लेह।   ( शोर संदेश ) इसरो ने शुक्रवार को देश के पहले एनालॉग अंतरिक्ष मिशन के लॉन्च की घोषणा की जो लद्दाख के लेह में शुरू हुआ। इस मिशन का नेतृत्व इसरो के मानव अंतरिक्ष उड़ान केंद्र ने किया है जिसे एएकेए स्पेस स्टूडियो, लद्दाख विश्वविद्यालय, आईआईटी बॉम्बे के साथ साझेदारी में विकसित किया गया है और लद्दाख स्वायत्त पहाड़ी विकास परिषद द्वारा समर्थित है। मिशन का उद्देश्य एक अंतरग्रहीय आवास में जीवन का अनुकरण करना और पृथ्वी से परे एक बेस स्टेशन स्थापित करने की चुनौतियों का पता लगाना है।
भारत का पहला एनालॉग अंतरिक्ष मिशन लेह में शुरू
इसरो के मुताबिक भारत का पहला एनालॉग अंतरिक्ष मिशन लेह में शुरू हुआ। मानव अंतरिक्ष उड़ान केंद्र, इसरो द्वारा एएकेए स्पेस स्टूडियो, लद्दाख विश्वविद्यालय, आईआई बॉम्बे और लद्दाख स्वायत्त पहाड़ी विकास परिषद द्वारा समर्थित एक संयुक्त प्रयास में यह मिशन पृथ्वी से परे एक बेस स्टेशन की चुनौतियों से निपटने के लिए एक अंतरग्रहीय आवास में जीवन का अनुकरण करेगा। लद्दाख का अत्यधिक अलगाव, कठोर जलवायु और अद्वितीय भौगोलिक विशेषताएं इसे इन खगोलीय पिंडों पर अंतरिक्ष यात्रियों के सामने आने वाली चुनौतियों का अनुकरण करने के लिए एक आदर्श स्थान बनाती हैं। यह मिशन भारत के गगनयान कार्यक्रम और भविष्य के अंतरिक्ष अन्वेषण का समर्थन करने के लिए मूल्यवान डेटा का योगदान देगा। लद्दाख की शुष्क जलवायु, उच्च ऊंचाई, बंजर भूभाग मंगल और चंद्र स्थितियों से काफी मिलते-जुलते हैं, जो इसे एनालॉग शोध के लिए आदर्श बनाते हैं। भारत के प्रमुख वैज्ञानिकों में से एक डॉ. आलोक कुमार ने शुरू में अंतरिक्ष अनुसंधान के लिए लद्दाख का उपयोग करने का विचार प्रस्तावित किया था।
क्या है एनालॉग मिशन
एनालॉग मिशन पृथ्वी के वातावरण में क्षेत्र परीक्षण हैं जो चरम अंतरिक्ष स्थितियों की नकल करते हैं। एनालॉग मिशन वैज्ञानिकों और इंजीनियरों को यह समझने में मदद करते हैं कि अंतरिक्ष जैसी परिस्थितियों में मनुष्य, रोबोट और तकनीक किस तरह से प्रतिक्रिया दे सकते हैं। नासा के इंजीनियर और वैज्ञानिक अंतरिक्ष में इस्तेमाल किए जाने से पहले कठोर वातावरण में परीक्षण के लिए आवश्यकताओं को इकट्ठा करने के लिए सरकारी एजेंसियों, शिक्षाविदों और उद्योग के साथ काम करते हैं। परीक्षणों में नई तकनीकें, रोबोट उपकरण, वाहन, आवास, संचार, बिजली उत्पादन, गतिशीलता, बुनियादी ढांचा और भंडारण शामिल हैं।
ये मिशन अलगाव, टीम की गतिशीलता और कारावास जैसे व्यवहार संबंधी प्रभावों का भी निरीक्षण करते हैं, जो क्षुद्रग्रहों या मंगल जैसे गहरे अंतरिक्ष मिशनों के लिए तैयारियों में सहायता करते हैं। इन मिशनों के लिए परीक्षण स्थलों में महासागर, रेगिस्तान और ज्वालामुखीय परिदृश्य जैसे विविध स्थान शामिल हैं जो अंतरिक्ष अन्वेषण की चुनौतियों को दोहराते हैं।
 

 




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