
नई दिल्ली (शोर सन्देश)। देश में जानलेवा कोरोना वायरस के मामले हर दिन रिकॉर्ड स्तर पर बढ़ रहे हैं। इस महामारी से हर दिन हजारों लोगों की मौत हो रही है। ऐसे में हर कोई जल्द से जल्द कोरोना वायरस की वैक्सीन के आने का इंतजार कर रहा है। दावा किया गया है कि सीरम इंस्टीट्यूट इंडिया की तरफ से बनाई जा रही `कविशिएल्ड` वैक्सीन 73 दिनों में आ जाएगी, लेकिन अब खुद सीरम इंस्टीट्यूट इंडिया ने इस दावे पर अपनी सफाई दी है।
सीरम इंस्टीट्यूट ने क्या कहा है ?
सीरम इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया ने ट्वीट करके जानकारी दी है, `` इंस्टीट्यूट स्पष्ट करता है कि मीडिया में `कोविशील्ड` की उपलब्धता पर वर्तमान दावे गलत हैं। ऑक्सफोर्ड-एस्ट्राजेनेका वैक्सीन के लिए फेज -3 के ट्रायल चल रहे हैं। सरकार ने अभी हमें केवल वैक्सीन का निर्माण करने और भविष्य में उपयोग के लिए भंडार करने की अनुमति दी है।``
बता दें कि सीरम इंस्टीट्यूट को उम्मीद है कि वह इस साल के अंत तक कोरोना वैक्सीन तैयार कर ली जाएगी। सीरम इंस्टीट्यूट एस्ट्रजेनेका ऑक्सफोर्ड वैक्सीन पर काम कर रही है, जिसका तीसरे चरण का क्लिनिकल परीक्षण चल रहा है। इसका भारत में सितंबर में मानव परीक्षण शुरू होने की उम्मीद है।
सब कुछ ठीक रहा तो साल के अंत तक मिल जाएगा टीका : स्वास्थ्य मंत्री
वहीं, केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री डॉ. हर्षवर्धन ने कहा है कि अगर सब कुछ ठीक रहा तो भारत को नोवेल कोरोना वायरस की रोकथाम वाला टीका इस साल के आखिर तक मिल जाएगा। भारत में कोरोना के तीन टीके विकास के विभिन्न स्तर पर हैं, जिनमें से दो टीके स्वदेश निर्मित हैं। दो स्वदेशी टीकों के मानवीय क्लीनिकल परीक्षण का पहला चरण पूरा हो गया है और परीक्षण दूसरे चरण में पहुंच चुका है। इनमें से एक टीके को भारत बायोटेक ने आईसीएमआर के साथ मिलकर विकसित किया है और दूसरा टीका जाइडस कैडिला लिमिटेड ने तैयार किया है।

नई दिल्ली (शोर सन्देश)। गलवान में चीनी सैनिकों से हुई झड़प के बाद तनाव को कम करने और विवाद को सुलझाने को लेकर दोनों देशों के बीच लगातार बैठकों का दौर जारी है। हालांकि चीन यहां पर भी चालबाजी दिखा रहा है, ऐसे में भारत के चीफ डिफेंस ऑफ स्टॉफ बिपिन रावत (सीडीएस) ने एक इंटरव्यू में बड़ा बयान दिया है। बिपिन रावत ने कहा है कि अगर चीन से बातचीत विफल रहती है और हमारे पास सैन्य विकल्प खुले हैं।
भारत के चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ (सीडीएस) जनरल बिपिन रावत ने स्पष्ट रूप से कहा है कि लद्दाख में चीनी पीपुल्स लिबरेशन आर्मी द्वारा किए गए बदलावों से निपटने के लिए एक सैन्य विकल्प खुले है, लेकिन दोनों देशों की सेनाओं और राजनयिक विकल्प के बीच बातचीत होने पर ही अभ्यास किया जाएगा।
जनरल रावत ने बताया, `एलएसी के साथ बदलाव अलग-अलग होते हैं। रक्षा सेवाओं को निगरानी करने और घुसपैठ में बदलने से रोकने का काम सौंपा जाता है। किसी भी ऐसी गतिविधि को शांतिपूर्वक हल करने और घुसपैठ को रोकने के लिए सरकार के संपूर्ण दृष्टिकोण को अपनाया जाता है। रक्षा सेवाएं हमेशा सैन्य कार्यों के लिए तैयार रहती हैं, एलएसी के साथ यथास्थिति को बहाल करने के प्रयास सफल नहीं होने दिए जाएंगे।`
उन्होंने कहा, `रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल और राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए जिम्मेदार सभी लोग सभी विकल्पों की समीक्षा कर रहे हैं कि पीएलए लद्दाख में यथास्थिति बहाल करता है।`
सीडीएस बिपिन रावत 2017 में पीएलए के खिलाफ डोकलाम में 73-दिवसीय सैन्य गतिरोध के दौरान सेना प्रमुख थे, उन्होंने इस धारणा को भी खारिज कर दिया कि प्रमुख खुफिया एजेंसियों के बीच समन्वय की कमी है। उन्होंने कहा कि भारत की हिंद महासागर क्षेत्र के साथ-साथ उत्तरी और पश्चिमी सीमाओं पर एक विशाल फ्रंट-लाइन है, जिसकी सभी को निरंतर निगरानी की आवश्यकता है।
उनके अनुसार, भारत अभी भी अपने क्षेत्रों की निगरानी के लिए चौबीसों घंटे क्षमताओं का अधिग्रहण करने की दिशा में काम कर रहा है, लेकिन सूचनाओं के संग्रह और समाप्ती के लिए जिम्मेदार सभी एजेंसियों के बीच नियमित रूप से बातचीत होती है। शीर्ष मल्टी-एजेंसी केंद्र दैनिक आधार पर बैठक कर रहा है, वह लगातार लद्दाख या किसी अन्य क्षेत्र में जमीन पर स्थिति से सभी को अवगत कराते रहे।
शनिवार को रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने एनएसए और तीन सेवा प्रमुखों के साथ लद्दाख में वास्तविक नियंत्रण रेखा के साथ गतिरोध पर चर्चा की। चीन ने लद्दाख में LAC के साथ अपनी उपस्थिति का निर्माण किया है, जिसमें भारत अपने उत्तरी पड़ोसी से मेल खाने के लिए भारी तैनाती कर रहा है।
15 जून को दोनों पक्षों के बीच खूनी झड़प में 20 भारतीय सैनिक शहीद हो गए थे और काफी संख्या में चीनी हताहत हुए। लेकिन बीजिंग बार-बार शांति की बात करता है और यहां पर अपनी उपस्थिति बनाए रखता है।
सुरक्षा एजेंसियां लगातार चीनी सेना के बारे में 3,488 किलोमीटर एलएसी के माध्यम से मानव और तकनीकी खुफिया जानकारी एकत्र कर रही हैं। भारतीय सेना को न केवल कब्जे वाले अक्साई चिन क्षेत्र में चीनी सैन्य क्षमता के बारे में पता है, बल्कि तकनीक-खुफिया और उपग्रह इमेजरी के माध्यम से गहराई वाले क्षेत्रों में भी जाना जाता है। भारतीय वायु सेना ने जे 20 स्टील्थ सेनानियों को हॉटन एयर बेस में ले जाकर और फिर उन्हें अलग स्थान पर ले जाकर चीनी मुद्रा पर ध्यान दिया।

नई दिल्ली (शोर सन्देश)। पाकिस्तान दाऊद के पाकिस्तान में होने की बात से पलट गया है। इस संबंध में पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय ने बयान जारी किया है और दाऊद के पाकिस्तान में होने की बात से भ्रामक बताया है। यहां तक की पाकिस्तान 88 आतंकी संगठनों की लिस्ट से भी इनकार कर दिया है। दरअसल, पाकिस्तान ने 88 प्रतिबंधित आतंकवादी संगठनों और हाफिज सईद, मसूद अजहर और दाऊद इब्राहिम समेत अन्य आतंकवादी संगठनों के आकाओं पर कड़े वित्तीय प्रतिबंध लगाए हैं। इस दौरान पाकिस्तान ने माना कि अंडरवर्ल्ड डॉन दाऊद इब्राहिम मुल्क में ही है और वह कराची में रहता है। लेकिन रात होते-होते वह अपने बयान से पलट गया और कहा कि दाऊद इब्राहिम उसकी जमीन पर नहीं है। देर रात पाकिस्तानी विदेश मंत्रालय ने कहा कि दाउद के पाकिस्तान में होने की पुष्टि नहीं है। मंत्रालय ने कहा कि पाकिस्तान संयुक्त राष्ट्र को कई वर्षों से सूची दे रहा है। किसी संगठन पर नए प्रतिबंध नहीं लगाए गए हैं। इससे पहले पाकिस्तान ने आतंकियों की एक लिस्ट जारी की थी। इस सूची के मुताबिक, दाऊद इब्राहिम कराची में रह रहा है। इसमें उसका पता व्हाइट हाउस, कराची लिखा गया है। खास बात यह है कि पाकिस्तान ने तमाम प्रतिबंध यूएन की लिस्ट जारी होने के बाद लगाए हैं। पाकिस्तान सरकार ने दाऊद इब्राहिम का खाता सील करने के साथ साथ उस पर शिकंजा कसने का भी आदेश दिया है। हालांकि, पाकिस्तान ने अब दाऊद इब्राहिम की पाकिस्तान में मौजूदगी से इनकार कर दिया है। पाक विदेश मंत्रालय ने कहा कि कुछ रिपोर्ट्स में कहा जा रहा है कि पाकिस्तान नए प्रतिबंध लगा रहा है। ये रिपोर्ट गलत है और इसमें जरा भी सच्चाई नहीं है। मंत्रालय ने कहा कि इसी तरह, भारतीय मीडिया में दावा किया जा रहा है कि पाकिस्तान ने अपनी जमीन पर कुछ सूचीबद्ध व्यक्तियों (दाऊद इब्राहिम) की मौजूदगी को स्वीकारा है। ये दावा भी निराधार और भ्रामक है। मुंबई में 12 मार्च 1993 को हुए बम धमाकों में करीब 257 लोगों की जान गई थी, और 1400 लोग जख्मी हुए थे। दाऊद इब्राहिम इन धमाकों के बाद से ही फरार है, हालांकि भारत ने बार-बार दाऊद के पाकिस्तान में होने के सुबूत दिए लेकिन हर बार पाकिस्तान इन सुबूतों को नकारता रहा। ये सब कुछ दुनिया की आंखों में धूल झोंकने के लिए है। बम धमाकों में अपने को खोने वालों की आंखों में आज भी वो मंजर ताजा है, जिस मनहूस घड़ी में किसी के सिर से पिता का साय़ा उठ गया तो किसी के सिर से मां का आंचल। 28 सालों से इंसाफ की राह देख रहे लोग हिंदुस्तान में दाऊद को फांसी होते देखना चाहते हैं।

नई दिल्ली (शोर सन्देश)। शांति बहाल करने के लिए लगातार हो रही बातचीत के बावजूद चीन अपनी हरकतों से बाज नहीं आ रहा है। चीन की पीपुल्स लिबरेशन आर्मी ने मानसरोवर झील के पास मिसाइल सिस्टम लगाने का काम शुरू किया है। चीन सरफेस टू एयर मिसाइल तैनात करने के लिए साइट का निर्माण कर रहा है। कुछ सैटेलाइट तस्वीरें भी सामने आई हैं। ओपन सोर्स इंटेलिजेंस डेटरेस्फा ने ये सैटेलाइट तस्वीरें जारी की हैं। तस्वीरों में लिपुलेख पास में ट्राई-जंक्शन एरिया में चीन की एक्टिविटी दिखाई दे रही है। इसके अलावा सतह से हवा में मार करने वाली मिसाइल के लिए साइट का निर्माण मानसरोवर झील के पास चल रहा है। एलएसी पर चीन की तरफ से बढ़ाई गई गतिविधियों के मद्देनजर भारत ने भी अपनी तैयारियों को मजबूत किया है। इसके तहत फॉरवर्ड एयरबेस पर सुखोई-30 एमकेआई, मिग -29 और मिराज-2000 के बेड़े को तैनात किया है ताकि किसी भी दुस्साहस का जवाब दिया जा सके।
चीन के साथ जारी सीमा विवाद के बीच भारतीय एजेंसियों की नजर वास्तविक नियंत्रण रेखा (एलएसी) पर चीन की वायुसेना की हरकतों पर हैं। हर तरह की स्थिति से निपटने के लिए भारत की सेना तैयार है। शिंजियांग और तिब्बत रीजन में वे होतान, गर गुंसा, काशघर, हॉपिंग, कोंका झांग, लिंझी और पंगत एयरबेस पर नजदीकी से नजर बनाए हुए हैं. पिछले कुछ समय से ये एयरबेस बहुत ज्यादा सक्रिय हैं। सूत्रों के मुताबिक, चीनी वायुसेना ने हाल के दिनों में कई बेस को अपग्रेड किया है। इसमें मजबूत शेल्टर का निर्माण, रनवे की लंबाई का विस्तार और अधिक संचालन करने के लिए अतिरिक्त मैनपावर की तैनाती जैसी गतिविधियां शामिल हैं। इसके साथ ही सूत्रों ने ये भी बताया कि पूर्वोत्तर राज्यों के सामने लिंझी एयरबेस मुख्य रूप से एक हेलिकॉप्टर बेस है। चीन ने उन क्षेत्रों में अपनी निगरानी गतिविधियों को बढ़ाने के लिए वहां हेलिपैड का एक नेटवर्क भी बनाया है। इसके साथ ही लद्दाख सेक्टर के सामने उसने अपने लड़ाकू विमानों को तैनात किया है, जिनमें सुखोई-30 के चाइनीज वर्जन और स्वदेशी जे-सीरीज़ के फाइटर भी शामिल हैं। इन सभी पर सेटेलाइट्स और दूसरे माध्यमों के जरिए भारतीय एजेंसियों की नजर है।

हैदराबाद (शोर सन्देश)। तेलंगाना में किसारा के तहसीलदार ई बालाराजू नागराजू को एसीबी ने घूस लेते हुए रंगे हाथों पकड़ लिया है। एसीबी ने तहसीलदार के घर छापा मारा था, जहां उसे 1 करोड़ 10 लाख रुपये की रिश्वत लेते हुए पकड़ा गया। जानकारी के मुताबिक तहसीलदार और टैक्स अधिकारी ने कथित तौर पर रामपल्ली में 28 एकड़ जमीन का सेटलमेंट कराने के लिए ये रिश्वत ली थी। किसारा के तहसीलदार नागराजू ए एस राव के घर और दफ्तर में अभी और भी छानबीन की जा रही है। तहसीलदार ने रामपल्ली में 28 एकड़ जमीन का सेटलमेंट कराने के लिए 1 करोड़ 10 लाख रुपये की घूस ली थी। रिश्वत लेते समय एसीबी की टीम ने छापा मारकर तहसीलदार को रंगे हाथों पकड़ लिया। एसीबी 3 लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है, जिसमें तहसीलदार नागराजू, रियल स्टेट ब्रोकर श्रीनाथ और कन्नड़ा अंजी रेड्डी शामिल हैं। तहसीलदार पर कथित तौर पर 28 एकड़ जमीन से संबंधित किसी मामले में यह रिश्वत लेने का आरोप है। एसीबी ने शुक्रवार की रात तहसीलदार बलाराजू नागराजू के घर पर छापा मारा और रिश्वत की रकम के साथ उन्हें रंगे हाथ पकड़ लिया। एंटी करप्शन ब्यूरो के अधिकारियों ने रिश्वत में ली गई रकम की गिनती की तो वो भी दंग रह गए।एसीबी की तरफ से यह छापा हैदराबाद के प्रमुख वाणिज्यिक और आवासीय परिसर में तहसीलदार के घर पर मारा गया था। इस साल की शुरुआत में दो अलग-अलग मामलों में एसीबी ने दो महिला तहसीलदार को 93 लाख रुपए और 30 लाख रुपए रिश्वत लेते हुए पकड़ा था।

अजमेर (शोर सन्देश)। सरकार और समाज के वंचित तबके के बीच बड़ी खाई को पाटने का काम एक ईमानदार अफसर करता है। ऐसे में अगर वो खुद वंचित परिवार या क्षेत्र से आता हो तो उसे सुविधाओं का अभाव और गरीबी में जीवन की मुश्किलें बेहतर मालूम होती हैं। सड़क पर रेहड़ी लगाने वाले एक शख्स ने जब यूपीएससी पास की तो लोग हक्के-बक्के रह गए। आज हम आपको ऐसे एक शख्स की कहानी सुनाने जा रहे हैं जिसने गरीबी को मुंह चिढ़ाकर अफसर बनकर दिखा दिया। इस शख्स की संघर्ष भरी कहानी देश के सैकड़ों युवाओं के लिए आइना है कि मेहनत के आगे सफलता खुद झुक जाती है। इंसान के रूप में जीवन अपने आप में एक चुनौती है और अगर आपने सपने देख लिए तो संघर्ष और बढ़ जाता है। यूं तो दुनिया में हजारों लोग सपने देखते हैं अफसर बनने का, बड़ी-बड़ी गाड़ियों में घूमना, नौकर-चाकर और नेताओं के बीच उठ-बैठ का। इस सपने को पूरा करने मनोज कुमार रॉय ने जान की बाजी लगा दी। मनोज, बिहार के एक छोटे से गांव से हैं। आज पूरे देश में उनको युवा प्रेरणा मानते हैं। पर एक वक्त वो भी था जब वो मामूली कामगार थे। मनोज गांव से शहर कुछ बनने का सपना लेकर आए थे। उन्होंने गांव छोड़ा तो दिल्ली शहर में पढ़ने के लिए काफी मशक्कत की। बात सिर्फ पढ़ने की नहीं थी इनको बनना था देश का अधिकारी यानि आईएएस अफसर। तो भैया ने शुरू कर दी पढ़ाई और कोचिंग-वोचिंग। पर हुआ क्या एतना बड़का शहर और खुला खर्च तो पैसों की कमी तो होनी ही थी। मनोज जो पैसे घर से शहर लाए थे वो सारे कोचिंग में खर्च गए। ऐसे में उन्हें गुजारा करने के लिए कुछ काम धंधा करना पड़ा। उन्हें चंद पैसों के लिए रेहड़ी लगाकार अंडे बेचने पड़े। दिल्ली में अपने संघर्ष के दिनों में उन्होंने न सिर्फ अंडे बेचे, सब्जियां बेचीं और यहां तक कि पैसे कमाने के लिए दफ्तरों में पोछा लगाने का भी काम भी किया। लेकिन मनोज ने एक बात हमेशा दिमाग में रखी कि उनकी मेहनत एक दिन उन्हें देश के सबसे प्रतिष्ठित पद के किसी दफ्तर तक जरूर पहुंचाएगी।
वो दिन भी आ गया जब मेहनत का फल मनोज को मिला। उन्होंने साल 2010 में चौथे प्रयास में यूपीएससी सिविल सेवा परीक्षा पास की और अब भारतीय आयुध निर्माणी सेवा (आईओएफएस) अधिकारी के तौर पर अपनी सेवाएं दे रहे हैं। मनोज ने 870 वीं रैंक हासिल कर अपना अफसर बनने का ख्वाब पूरा किया था। रिजल्ट आते ही उनके दिन फिर गए। रॉय नालंदा से 110 किमी की यात्रा करते हैं, जहां वह राजगीर आयुध निर्माणी में एक प्रशासनिक अधिकारी के रूप में हर सप्ताहांत पटना में तैनात रहते हैं। पर मनोज रॉय की कहानी इतनी छोटी नहीं है। मनोज को मालूम है कि गरीब बच्चों के लिए कोचिंग की फीस से लेकर शहर में रहने तक किन मुश्किलों का सामना करना पड़ता है। इसलिए वह आईएएस, पीसीएस और आईपीएस जैसी सिविल सर्विस की तैयारी करने वाले बच्चों को मुफ्त में कोचिंग देते हैं। वो चाहते हैं कि जैसे उन्होंने बुरे दिन देखें, अंडे बेचे ऐसे ही देश के भविष्य में बनने वाले किसी अफसर बच्चे को संघर्ष न करना पड़े। वीकएंड पर मनोज रॉय बिहार के गरीब छात्रों को यूपीएससी परीक्षा में पास होने के लिए पढ़ाते हैं। उनकी ये कोचिंग बिल्कुल मुफ्त है। उनका कहना है कि, जब मैंने सिविल सर्विस एग्जाम पास किया था तभी सोच लिया था गरीब बच्चे जो महंगी कोचिंग नहीं ले सकते उनको मुफ्त पढ़ाउंगा। रॉय के लगभग 45 स्टूडेंट्स ने भी बिहार लोक सेवा परीक्षा जैसे एग्जाम क्रैक करके उनका नाम रोशन किया है। मनोज रॉय की पत्नी अनुपमा कुमारी ने भी बिहार लोक सेवा परीक्षा पास करके इतिहास रचा था। दोनों साथ मिलकर गरीब बच्चों का भविष्य संवारने का काम करते हैं। आईएएस-आईपीएस सक्सेज स्टोरीज मुहीम की इस कहानी से छात्र और छात्राओं को यही सीख मिलती है कि सड़क पर रेहड़ी लगाकर अंडे बेचने वाला जब अफसर बन सकता है तो आप क्यों नहीं, बस फल की इच्छा सोचे बिना मेहनत करते जाइए। देखना एक दिन सफलता झक मारकर आपके पास आएगी।

00 आयकर विभाग की छापेमारी के दौरान मिली कामयाबी
हैदराबाद(शोर सन्देश)। चीन की एक कंपनी द्वारा भारत में चलाए जा रहे गैर-कानूनी ऑनलाइन गेम्बलिंग रैकेट का पुलिस ने भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने इस मामले में एक चीनी नागरिक समेत उसके तीन भारतीय साथियों को भी गिरफ्तार किया है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, सभी बुधवार को दिल्ली से गिरफ्तार हुए थे, और फिर उन्हें गुरुवार को हैदराबाद लाया गया। यह कामयाबी उस दौरान हाथ लगी जब चीनी व्यक्तियों और कंपनियों पर दिल्ली, गुरुग्राम और नोएडा में आयकर विभाग द्वारा छापे मारे गए थे। कथित तौर पर चीन बेस्ड बीजिंग टी पावर कंपनी के तहत अलग-अलग कंपनियों द्वारा ऑनलाइन गेम्बलिंग रैकेट चल रहा था।
पुलिस ने दावा किया कि 1,100 करोड़ रुपये के लेन-देन का पता लगाया गया था। ज्यादातर लेन-देन लॉकडाउन अवधि के दौरान किए गए थे। हैदराबाद पुलिस ने साउथ-ईस्ट एशिया के ऑपरेशंस को हेड करने वाले ऑनलाइन फर्म के याह हाओ को गिरफ्तार किया। हाओ के साथ ही फर्म के भारतीय डायरेक्टर्स धीरज सरकार, अंकित कपूर और नीरज तुली को भी गिरफ्तार किया गया है। यह गिरफ्तारी हैदराबाद के दो लोगों को ऑनलाइन जुआ खेलने के दौरान 1.64 लाख और 97,000 रुपये का नुकसान होने के बाद हुई है। चारों आरोपियों के खिलाफ आईपीसी की धारा 420 (धोखेबाजी) और 120 बी (षड़यंत्र रचने के लिए) और तेलंगाना गेम्बलिंग एक्ट के तहत केस दर्ज किया गया है। ज्ञात हो कि तेलंगाना और कई राज्यों में जुआ खेलने पर बैन है।

00 कैलिफोर्निया की अटॉर्नी जनरल रह चुकी हैं कमला हैरिस
नई दिल्ली (शोर सन्देश)। अमेरिका में राष्ट्रपति चुनाव की तैयारी जोरो पर है। डेमोक्रेटिक पार्टी के उम्मीदवार जो बिडेन ने सांसद कमला हैरिस को उप-राष्ट्रपति पद के लिए अपना उम्मीदवार बनाया है। भारतीय-जमाईका मूल की कमला हैरिस इस पद के लिए चुनाव लड़ने वाली पहली अश्वेत महिला होंगी। सीनेटर कमला हैरिस ने उपराष्ट्रपति पद के लिए चुने जाने के बाद प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि जो बिडेन अमेरिका के लोगों को एकजुट कर सकते हैं, क्योंकि उन्होंने अपने पूरे जीवन में हमारे लिए संघर्ष किया है। हैरिस ने कहा राष्ट्रपति के रूप में वह एक ऐसा अमेरिका बनाएंगे जो हमारे आदर्शों पर खरा उतरने वाला होगा। उन्होंने कहा, मैं उनके साथ उपराष्ट्रपति पद के लिए पार्टी की उम्मीदवार के रूप में चुने जाने पर खुद को सम्मानित महसूस कर रही हूं और उन्हें हमारा कमांडर-इन-चीफ बनाने के लिए सभी प्रयास करूंगी।
कैलिफोर्निया की सांसद कमला हैरिस कैलिफोर्निया की अटॉर्नी जनरल रह चुकी हैं और वह पुलिस सुधार की बहुत बड़ी समर्थक हैं। हैरिस एक समय जो बिडेन को राष्ट्रपति पद के उम्मीदवार के लिए चुनौती दे रही थीं, लेकिन राष्ट्रपति पद की रेस से बाहर होने के बाद से ही चर्चा थी कि जो बिडेन उन्हें उप-राष्ट्रपति पद के लिए अपना साथी उम्मीदवार चुनेंगे।
3 नवंबर को होगा चुनाव तीन नवंबर को होने वाले राष्ट्रपति पद के चुनाव में जो बिडेन का मौजूदा राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से मुकाबला है। ट्रंप रिपब्लिकन पार्टी के उम्मीदवार हैं और रिपब्लिकन पार्टी की ओर से ट्रंप के साथ उप-राष्ट्रपति पद के लिए मौजूदा उप-राष्ट्रपति माइक पेन्स उम्मीदवार होंगे।

00 कांग्रेस विधायक के भतीजे समेत अब तक 110 आरोपी गिरफ्तार
बेंगलुरु (शोर सन्देश)। बेंगलुरु में एक सोशल मीडिया पोस्ट के बाद हुई हिंसा से हालात गंभीर है। इस मामले में पुलिस ने आगजनी, पथराव और हमले के आरोपियों की धड़पकड़ शुरू कर दी है। इस संबध में बेंगलुरु के पुलिस आयुक्त कमल पंत ने कहा कि बेंगलुरु में एक अपमानजनक सोशल मीडिया पोस्ट पर हुई हिंसा के संबंध में बेंगलुरु पुलिस ने अब तक 110 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। कांग्रेस विधायक श्रीनिवास मूर्ति के भतीजे नवीन को भी इस मामले में गिरफ्तार किया गया है। कहा जा रहा है कि विधायक के भतीजे की सोशल मीडिया पोस्ट के बाद ही यहां हिंसा भड़की। 00 लगभग 60 पुलिसकर्मी घायल हुए दो लोगों की माैत :
पुलिस आयुक्त ने सभी से शांति बनाए रखने के लिए बल के साथ सहयोग करने की अपील की है। इसके साथ ही कहा कि बेंगलुरु शहर में धारा 144 लगा दी गई है। शहर के डीजे हल्ली और केजी हल्ली थाना क्षेत्रों में कथित भड़काऊ सोशल मीडिया पोस्ट को लेकर हुई झड़पों के बाद कर्फ्यू लगाया गया है। इस दाैरान एक एडिशनल पुलिस कमिश्नर समेत लगभग 60 पुलिसकर्मी घायल हो गए हैं। वहीं दो लोगों की मौत हो गई है। इससे पहले कांग्रेस विधायक श्रीनिवास मूर्ति के घर में उनके भतीजे नवीन द्वारा सोशल मीडिया पोस्ट के बाद उपद्रवियों द्वारा बर्बरता की गई थी।
00 नाराज लोगों ने विधायक के घर में तोड़फोड़ शुरू की थी : पैगंबर को लेकर आपत्तिजनक पोस्ट के बाद नाराज लोगों ने विधायक के घर में तोड़फोड़ किया। इस दाैरान तोड़फोड़ कर रहे लोगों को पुलिस ने हटाने का प्रयास किया तो भीड़ बेकाबू हो गई। इसके बाद यह छोटे-छोटे समूहों में बंट गई और अन्य जगहों पर आगजनी व तोड़फोड़ शुरू कर दी। इस दाैरान भीड़ में शामिल लोगों ने करीब 8 से अधिक वाहनों को फूंक दिया। इस संबंध में कर्नाटक के गृहमंत्री ने कहा इस मामले की जांच हो रही है। शहर में अतिरिक्त बल तैनात कर दिया गया है। वहीं उपद्रवियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।

पंन्ना (शोर सन्देश)। पन्ना एसपी मयंक अवस्थी को जूता पहनने के दौरान सांप ने काटा। एसपी पूरी तरह से स्वस्थ हैं, उन्होंने जबलपुर में डॉक्टरों से जांच कराई है। यह हादसा तब हुआ जब वे जूता पहनने लगे, जूते में सांप घुसा था। उसी समय उन्होंने मौजा समझकर हाथ जूते में डाल दिया और सांप ने काट लिया।