
दिल्ली (शोर सन्देश)। अमेरिका में पांच अगस्त को राम मंदिर के भूमि पूजन के मौके पर भव्य तैयारियां की जा रही हैं। न्यूयॉर्क स्थित टाइम्स स्क्वायर में विशाल बिलबोर्ड पर भगवान राम और भव्य राम मंदिर के थ्रीडी फोटोज प्रदर्शित किए जाएंगे और पूरे टाइम्स स्क्वायर को राममय कर दिया जाएगा। इस कार्यक्रम के आयोजकों का कहना है कि इस ऐतिहासिक क्षण को संजोने वाला अमेरिका में अपनी तरह का ये अनोखा आयोजन होगा। अमेरिका में रहने वाले भारतीय न्यूयार्क में पांच अगस्त को ऐतिहासिक क्षण का जश्न मनाने की तैयारी में जुटे हैं। जब अयोध्या में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी मंदिर निर्माण के लिए भूमि पूजन करेंगे उसी समय टाइम्स स्क्वायर को राममय किया जाएगा। आयोजकों ने कहा कि विशाल नैस्डेक स्क्रीन के अलावा 17,000 वर्ग फीट वाली एलईडी स्क्रीन पर थ्री डी चित्रों का प्रदर्शन किया जाएगा। पांच अगस्त को सुबह आठ बजे से रात 10 बजे तक हिंदी और अंग्रेजी में ‘जय श्री राम’ प्रदर्शित किया जाएगा और भगवान राम के चित्र और वीडियो, मंदिर की संरचना के थ्री डी चित्र तथा प्रधानमंत्री मोदी द्वारा शिलान्यास करने के फोटोज कई होर्डिंग्स पर प्रदर्शित किए जाएंगे। भारतीय समुदाय के लोग पांच अगस्त को टाइम्स स्क्वायर पर बड़ी तादाद में एकत्र होकर उत्सव मनाएंगे और मिठाइयां बाटेंगे।

विशाखापट्टनम (शोर सन्देश)। विशाखापट्टनम के हिन्दुस्तान शिपयार्ड लिमिटेड में एक विशाल क्रेन गिरने से 11 लोगों की मौत हो गई है। घटना को लेकर डीसीपी सुरेश बाबू ने कहा है कि बड़ी क्रेन गिर गई जिसकी चपेट में आने से 11 लोगों की मौत हो गई है और एक जख्मी हैं। क्रेन किरने के बाद शिपयार्ड में अफरा-तफरी मच गई है। हादसे को लेकर स्थिति अभी साफ नहीं हो पाई है कि आखिरी यह घटना कैसे घटित हुई, जिसकी वजह से यह क्रेन गिर गई। इस संबंध में अभी तक कोई जानकारी नहीं मिली है।

रायपुर/अंबाला (शोर सन्देश)। राफेल लड़ाकू विमानों की पहली खेप के रूप में पांच विमान कल फ्रांस से भारत के लिए रवाना हो गए। फ्रांस के बंदरगाह शहर बोर्डेऑस्क में वायुसेना अड्डे से रवाना हुए ये विमान लगभग सात हजार किलोमीटर का सफर तय करके कल अंबाला वासुसेना अड्डे पर पहुंचेंगे। इन लड़ाकू विमानों के स्वागत की तैयारियां जोरों पर चल रही हैं। हालांकि, इन विमानों के आगमन के दौरान मौसम को भी ध्यान में रखा जाएगा।
बताया जा रहा है कि अंबाला एयर बेस के लिए सुरक्षा के बंदोबस्त कड़े कर दिए गए हैं। अंबाला में राफेल की कमान स्कवाड्रन-17 संभालेगी। इतना ही नहीं अंबाला एयरबेस के तीन किलोमीटर के दायरे को नो ड्रोन जोन घोषित कर दिया गया है। यानी अब एयरबेस के तीन किलोमीटर के दायरे में ड्रोन पर पूरी तरह पाबंदी रहेगी। हालांकि, वायुसेना के एक प्रवक्ता ने कहा कि इन्हें बल में शामिल करने को लेकर औपचारिक समारोह का आयोजन अगस्त के मध्य में किया जाएगा।
राफेल लड़ाकू विमानों के स्वागत के लिए वायुसेना अड्डे को रंगे बिरंगे झंडों से सजाया जा रहा है। कहा जा रहा है कि विमानों के एयरबेस पर लैंड करने के बाद उनपर पानी की बौछारें की जाएंगी और वायुसेना की धुन भी बजाई जाएगी। प्रशासन ने आसपास के इलाके में पक्षियों को दाना डालने और कूड़ा डंप करने पर भी रोक लगा दी है। बता दें कि भारत ने वायुसेना के लिये 36 राफेल विमान खरीदने के लिये चार साल पहले फ्रांस के साथ 59 हजार करोड़ रुपये का करार किया था। इन पांच विमानों में तीन सिंगल सीटर विमान और दो ट्विन सीटर विमान शामिल हैं। वायुसेना के बेड़े में राफेल के शामिल होने से उसकी युद्ध क्षमता में महत्वपूर्ण वृद्धि होने की उम्मीद है। राफेल के आने से बढ़ जाएगी वायुसेना की ताकतभारत को यह लड़ाकू विमान ऐसे समय में मिल रहे हैं, जब उसका पूर्वी लद्दाख में सीमा के मुद्दे पर चीन के साथ गतिरोध चल रहा है। एक आधिकारिक बयान में कहा गया है कि 10 विमानों की आपूर्ति समय पर पूरी हो गई है और इनमें से पांच विमान प्रशिक्षण मिशन के लिये फ्रांस में ही रुकेंगे। बयान में कहा गया है कि सभी 36 विमानों की आपूर्ति 2021 के अंत तक पूरी हो जाएगी। वायुसेना को पहला राफेल विमान पिछले साल रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह की फ्रांस यात्रा के दौरान सौंपा गया था।

रायपुर/न्यूयार्क (शोर सन्देश)। अमेरिका में राष्ट्रपति चुनाव के लिए बहसों के तारीख का ऐलान कर दिया गया है। पहली बहस 29 सितंबर को हेल्थ एजुकेशन कैंपस में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और डेमोक्रेट्स के उम्मीदवार और पूर्व उप-राष्ट्रपति जो बाइडेन के बीच होगी। कमिशन ऑन प्रेसिडेंशियल डिबेट्स ने सोमवार को एक बयान में कहा कि क्लीवलैंड की केस वेस्टर्न रिजर्व यूनिवर्सिटी और क्लीवलैंड क्लिनिक इस डिबेट को होस्ट करेंगे।
वहीं ट्रंप और बाइडेन दोनों नेता के बीच 15 अक्टूबर को फ्लोरिडा के मायामी में दोबारा आमने सामने होंगे, जबकि तीसरी बहस 22 अक्टूबर को टेनेसी में होगी। राष्ट्रपति के अलावा उप-राष्ट्रपति पद के लिए भी 7 अक्टूबर को एक बहस होगी। यह बहस सॉल्ट लेक सिटी की यूनिवर्सिटी में होगी, जिसमें उपराष्ट्रपति माइक पेंस का मुकाबला डेमोक्रेटिक उम्मीदवार से होगा। वहीं बाइडेन की ओर से अभी अपने डेप्युटी के नाम का ऐलान नहीं किया गया है। सभी बहसों का समय 90 मिनट का होगा जो रात 9:00 से 10:30 बजे के बीच चलेगा और इन सभी बहसों का सीधा प्रसारण किया जाएगा।
00 सर्वेक्षण के नतीजे में बाइडेन आगे :
बता दें कि वाशिंगटन के सर्वेक्षण के नतीजे 19 जुलाई को जारी किए गए थे, जिसमें बाइडेन के पास 54% और ट्रंप के पास 44% लोगों का समर्थन है। दरअसल यह पांचवा ऐसा नेशनल सर्वे था जिसमें बाइडेन को ट्रंप से 10 या उससे ज्यादा पॉइंट से आगे दिखाया गया

रायपुर/नई दिल्ली (शोर सन्देश)। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज नोएडा कोलकाता और मुंबई स्थित कोरोना जांच की अत्याधुनिक लैब का उद्घाटन शाम 4:30 बजे वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए करेंगे। इन लैब्स में प्रतिदिन जांच की क्षमता 6000 तय की गई है। नोएडा सेक्टर-39 स्थित राष्ट्रीय कैंसर रोकथाम शोध संस्थान में बनी कोरोना जांच लैब अत्याधुनिक होगी जिसमें 12 आरटीपीसीआर मशीनें मौजूद होंगी वहीं चार आरएनए एक्सट्रैक्शन मशीनें भी लगाई जाएंगी।
इस लैब में किन जगहों से नमूने जांच के लिए आएंगे स्थिति साफ नहीं की गई है, इन तीनों लैब का निर्माण भारतीय चिकित्सा अनुसंधान परिषद ने करवाया है। मुंबई में 1200 और कोलकाता में 3000 कोरोना वायरस के नमूनों की जांच होगी।
बता दें कि सोमवार यानी आज से शुरू होने वाले सभी जांच लैब बायो सेफ्टी लेवल टू से लैस है जोकि कोरोना जांच के लिए बेहद जरूरी है। नोएडा में बनने जा रही जांच लैब उत्तर प्रदेश की सबसे बड़ी कोरोना वायरस जांच लैब होगी। वहीं वर्तमान में सेक्टर 62 में मौजूद नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ बायोलॉजिकल्स में सबसे अधिक एक हजार की जांच की जा रही है। इसके अलावा जिम्स, शिशु अस्पताल, शारदा, जेपी, कुल मिलाकर यहां यह संख्या प्रतिदिन 2000 से अधिक है।
बताया जा रहा है कि नोएडा में बने इस लैब में पश्चिमी उत्तर प्रदेश के मरीजों के नमूनों की भी जांच होने की संभावना है। हालांकि से लेकर अभी कोई स्पष्टीकरण सामने नहीं आया है। इस लैब के शुरू होने से मरीजों की जांच रिपोर्ट 2 से 3 दिनों में आने की उम्मीद जताई जा रही है। वर्तमान में आरटीपीसीआर की रिपोर्ट 5 से 7 दिनों में मिलती है।

रायपुर/नई दिल्ली (शोर सन्देश)। अयोध्या में राम मंदिर का भूमि पूजन 5 अगस्त को होना है, जिसमें होने वाले कार्यक्रम में पीएम मोदी भी शामिल होंगे। राम मंदिर के भूमि पूजन के लिए गंगा जल और गंगा नदी की मिट्टी हरिद्वार से आनी है। बता दे कि आज सोमवार को विश्व हिंदू परिषद गंगाजल और गंगा नदी की मिट्टी अयोध्या लेकर रवाना होगी। जानकारी के मुताबिक वीएचपी हरिद्वार के हर की पौड़ी से गंगाजल और गंगा की मिट्टी को विधिवत रवाना करेगी। बताया जा रहा है कि बहू प्रतीक्षित यह कार्यक्रम काफी विधि विधान से पूर्ण होने जा रहा है। इसलिए इसमें कई नदियों से मिट्टी मंगवाई जा रही है। 00 गंगा, यमुना और अदृश्य सरस्वती के संगम का जल लाने की जिम्मेदारी :
बता दें कि राम मंदिर के भूमि पूजन के लिए हरिद्वार के अलावा प्रयागराज के संगम इलाके की मिट्टी भी मंगवाई गई है। मंदिर निर्माण के भूमि पूजन में तीर्थ राज प्रयाग राज के त्रिवेणी संगम के जल भी इस्तेमाल किया जाएगा। गंगा, यमुना और अदृश्य सरस्वती के संगम का जल लाने की जिम्मेदारी भी विश्व हिंदू परिषद को दी गई है। दरअसल विश्व हिंदू परिषद ने राम मंदिर आंदोलन में भी अग्रणी भूमिका निभाई थी। 00 ऐतिहासिक पल होगा भूमि पूजन का समय :
श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि पीएम नरेंद्र मोदी का राम मंदिर के भूमि पूजन कार्यक्रम में शामिल होना एक ऐतिहासिक क्षण होगा। वहीं ट्रस्ट ने देश की जनता से भी कई अपील की है। ट्रस्ट ने आधिकारिक तौर पर बयान दिया है और कहा कि जिस दिन पीएम नरेंद्र मोदी अयोध्या में श्री राम जन्मभूमि में मंदिर का निर्माण शुरू करने के लिए भूमि पूजन कर रहे होंगे वे आजाद भारत के इतिहास का सर्वाधिक ऐतिहासिक क्षण होगा इस कार्यक्रम का प्रसारण कई चंदलाई प्रसारित करेंगे।
00 टीवी पर होगा टेलिकास्ट : ट्रस्ट ने कहा कि हम दुनिया भर के सभी पूज्य संत महात्मा और राम भक्तों से अपने परिवार दोस्तों और महज समाज के साथ सुबह 11:30 से 12:30 बजे के बीच सामूहिक पूजन और भजन कीर्तन करने की अपील करते हैं। साथ ही एक बड़े हॉल या सभागार में लाइव वेब कास्ट के लिए व्यवस्था की जा सकती है ताकि अयोध्या का पूजन कार्यक्रम समाज के लोग देख सके।

रायपुर/नई दिल्ली (शोर सन्देश)। केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल के 82वें स्थापना दिवस पर 27 जुलाई यानी आज केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ऑनलाइन कार्यक्रम को संबोधित करेंगे। इसमें सीआरपीएफ डीजी डॉ. एके माहेश्वरी और अन्य प्रमुख अधिकारी विशेष रूप से जुड़ेंगे। कोरोना के कारण मध्यप्रदेश के नीमच स्थित सीआरपीएफ परिसर में हर साल होने वाले परंपरागत कार्यक्रम को इस बार वेबीनार माध्यम से आयोजित किया गया है, जिसमें श्रद्धा सुमन अर्पित कर बलिदानियों को श्रद्धांजलि दी जाएगी। 00 मास्क के साथ ही सोशल डिसटेंसिंग का पालन करना अनिवार्य :
इस कार्यक्रम की शुरुआत सुबह 10:00 बजे से होगी, जिसमें त्रिगंजा पार्क में शहीदों को सलामी देकर उन्हें श्रद्धा सुमन अर्पित किए जाएंगे। श्रद्धांजलि कार्यक्रम में सीटीसी आइजी बीएस चौहान, आरटीसी डीआइजी राजेश ढकरवाल, ग्रुप केंद्र डीआइजी आरएस रावत सहित सभी राजपत्रित अधिकारी कर्मचारी और जवान उपस्थित रहेंगे। बता दें कि इस स्थापना दिवस के परंपरागत कार्यक्रम के दौरान सभी अधिकारी कर्मचारियों द्वारा मास्क पहनने के साथ ही सोशल डिसटेंसिंग का पालन करना अनिवार्य है। 00 1939 में केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल की स्थापना हुई थी :
बता दें कि 27 जुलाई 1939 को ही मध्य प्रदेश के नीमच में केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल की स्थापना हुई थी, तत्कालीन अंग्रेज शासन में से क्रॉउन रिप्रेजेंटेटिव पुलिस का नाम दिया गया था और आजादी के बाद देश के पहले केंद्रीय गृहमंत्री सरदार बल्लभ भाई पटेल ने सेवाओं को कायम रखते हुए इसका नाम बदल दिया और तब से इसका नाम केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल रख दिया गया। 00 सीआरपीएफ की देशभर में 246 बटालियन :
शुरुआत में सीआरपीएफ की महज दो ही ब्लैक बटालियन थी, लेकिन वर्तमान में सियासी सीआरपीएफ की देशभर में 246 बटालियन है। नीमच में सीआरपीएफ परिसर 1190 एकड़ क्षेत्र में फैला हुआ है, जिसमें 8 बटालियन और कई अलग-अलग प्रमुख केंद्र है।
इस बटालियन में सीटीसी, आरटीसी, जीसी, रेंज नीमच, संयुक्त अस्पताल, प्रथम बटालियन, फोर्थ सिग्नल बटालियन व 244वीं बटालियन शामिल है। नीमच में हेड क्वार्टर होने पर देश भर के सीआरपीएफ जवानों की अधिकांश ट्रेनिंग इसी परिसर में होती है। परीक्षण के बाद सभी रंगरूट देश सेवा के लिए तैनात किए जाते हैं।

अहमदाबाद (शोर सन्देश)। पिता मजदूर। मां शादी-पार्टियों में रोटियां बनाती हैं। पर इस दंपति ने अपने बेटे को आईपीएस बना दिया, वो भी देश का सबसे कम उम्र का आईपीएस अधिकारी। बात हो रही है। गुजरात के 22 साल के आईपीएस अधिकारी हसन सफिन की, जो संभवतया देश के सबसे कम उम्र के आईपीएस अधिकारी हैं।
हसन सफिन के पिता हीरा खदान में मजदूर हैं। उनकी आमदनी इतनी नहीं थी कि वे अपने बेटे को अच्छी तरह पढ़ा पाते लिहाजा उनकी पत्नी यानी हसन की मां ने अतिरिक्त आमदनी के लिए शादी-पार्टियों में रोटियां बनाने का काम शुरू कर दिया। हसन ने खुद एक इंटरव्यू में बताया कि किसी समय गरीबी के कारण उन्हें बिना खाना खाए ही सोना पड़ता था।

रायपुर/पुष्कर (शोर सन्देश)। आज के समय में बच्चों पर सरकारी नौकरी पाने का एक जुनून सा सवार है। एक नौकरी के लिए बच्चे दिन-रात मेहनत कर सिर खपा रहे हैं। ऐसे ही राजस्थान का एक गरीब लड़का भी सरकारी नौकरी के लिए पढ़ रहा था। उसके लिए एक नौकरी पा लेना ही बड़ी बात थी। पढ़ाई का खर्च उठाने और परिवार को पालने के लिए वो गांव में ऊंट चराता था और खेतों में जुताई के लिए उन्हें ट्रेनिंग भी देता था। इन्ही ऊंटों को वो पुष्कर मेले में ले जाकर बेच देता था। उससे जो कमाई होती उससे वो अपने परिवार और पढ़ाई के खर्च में लगाता था लेकिन ये कमाई चंद रुपयों में थी। ऐसे में उसने सरकारी नौकरी के लिए सोचना शुरू कर दिया। सबसे पहले उसने हवलदार की नौकरी के लिए एग्जाम दिया। इस एग्जाम के पास होने और नौकरी पाने के बाद उसने सोचा कि वो आगे भी कुछ बड़ा कर सकता है। यही से उसने आईपीएस, आईएएस करने की सोच ली। ये कहानी है कच्चे घर में रहकर जिंदगी गुजारने वाले आईपीएस अफसर विजय सिंह गुर्जर की।
विजय गुर्जर का नाम संघर्ष, मेहनत और कामयाबी की मिसाल है। बुलंद हौसलों के दम पर ऊंची उड़ान भरने और सफलता की सीढ़ी दर सीढ़ी चढ़ने वाले विजय राजस्थान के झुंझुनूं जिले में नवलगढ़-उदयपुरवाटी मार्ग पर स्थित गांव देवीपुरा के रहने वाले हैं। लक्ष्मण सिंह के बेटे विजय किसानी करते थे। इससे उनके घर की हालत बेहतर नहीं हो पाती थी। ऐसे में वह ऊंटों को जुताई के लिए ट्रेंड करते थे। ट्रेंड ऊंट को वह पुष्कर मेले में बेचने का काम करते थे। इससे घर का खर्च चल जाता था लेकिन, फिर भी बड़ी जगह से पढ़ाई के लिए पूरा नहीं था।

रायपुर/इंदौर (शोर सन्देश)। देश में कोरोना विकराल रूप लिए हुए हैं, देश में एक बार फिर लॉक डाउन का दौर शुरू हो गया है। ऐसे में एक वीडियो सोशल मीडिया में जमकर वायरल हो रहा है। वायरल वीडियो इंदौर की बताई जा रही है। वीडियो में बैकग्राउंड में कपडे की दूकान दिखाई दे रही है।
लॉक डाउन से हो रहे नुकसान को लेकर इंदौर के कपड़ा व्यापारी संघ ने जनप्रतिनिधियों को भी अपने साथ आने की अपील की यही और दुकानों को खोलने की मांग की है। दुकान नहीं खुलने की दशा में व्यापारियों ने सरकार से किसानों की तरह मुआवजे की भी मांग की है