
दिल्ली (शोर सन्देश)। चीन सीमा पर भले ही तनाव हो और देश में चीनी माल के बहिष्कार का स्वदेशी आंदोलन जोरों पर हो, चीनी कंपनियों का प्रभुत्व कम नहीं हो रहा। केंद्र सरकार की तरफ से बनने वाले दिल्ली-मेरठ सेमी हाई स्पीड रेल कॉरिडोर का ठेका एक चीनी कंपनी को मिलने जा रहा है। इस पर कांग्रेस ने सरकार पर हमला बोला है. स्वदेशी जागरण मंच ने भी मांग की है कि यह बोली तत्काल रद्द की जाए। क्या है मामला
असल में दिल्ली-मेरठ रीजनल रैपिड ट्रांजिट सिस्टम (RRTS) प्रोजेक्ट के अंडरग्राउंड स्ट्रेच बनाने के लिए सबसे रकम की बोली एक चीनी कंपनी शंघाई टनल इंजीनियरिंग कंपनी लिमिटेड (STEC) ने लगाई है. ऐसे समय में जब देश में चीन के खिलाफ माहौल है और चीनी माल के बहिष्कार की बातें की जा रही हैं करीब 1100 करोड़ रुपये का यह ठेका चीनी कंपनी को मिलने पर विपक्ष हमलावर हो गया है।
क्या कहा स्वदेशी जागरण मंच ने
यही नहीं, बीजेपी के मातृ संगठन राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ से जुड़े स्वदेशी जागरण मंच (SJM) ने भी नरेंद्र मोदी सरकार से इस बोली को रद्द करने की मांग की है। चीन की सख्ती से मुखालफत करती रही स्वदेशी जागरण मंच ने सरकार से मांग की है कि इस ठेके को रद्द करते हुए इसे किसी भारतीय कंपनी को दिया जाए। मंच ने कहा कि यदि सरकार के आत्मनिर्भर भारत अभियान को सफल बनाना है तो ऐसी महत्वपूर्ण परियोजनाओं में चीनी कंपनियों को शामिल होने का अधिकार ही नहीं देना चाहिए।

दिल्ली (शोर सन्देश)। देश में कोरोना वायरस के बढ़ते मामलों के बीच प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी आज और कल यानी बुधवार को अलग अलग राज्यों के मुख्यमंत्रियों के साथ बातचीत करेंगे। पीएम मोदी आज 21 राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों के मुख्यमंत्रियों, उपराज्यपालों और प्रशासकों से बातचीत करेंगे। बैठक दोपहर 3 बजे शुरू होगी जो वीडियो कॉन्फ्रेन्सिंग के जरिये होगी।आज होने वाली बैठक में पंजाब, असम, केरल, उत्तराखंड, झारखंड, छत्तीसगढ़, त्रिपुरा, हिमाचल प्रदेश, चंडीगढ़, गोवा, मणिपुर, नागालैण्ड, लद्दाख, पुडुचेरी, अरुणाचल प्रदेश, मेघालय, मिजोरम, अंडमान और निकोबार द्वीप समूह, दादरा नागर हवेली और दमन दीव, सिक्किम, लक्ष्यद्वीप जैसे राज्य शामिल होंगे. प्रधानमंत्री बुधवार को 15 राज्यों के मुख्यमंत्रियों और जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल से बातचीत करेंगे. इन 15 राज्यों में महाराष्ट्र, तमिलनाडु, दिल्ली, गुजरात, राजस्थान, यूपी, मध्य प्रदेश, पश्चिम बंगाल, कर्नाटक, बिहार, आंध्र प्रदेश, हरियाणा, जम्मू-कश्मीर, तेलंगाना और ओडिशा हैं।
देश में कोरोना वायरस के बढ़ते मामलों के बीच दो दिनों की डिजिटल बैठक होने जा रही है. भारत में सोमवार को कोरोना वायरस के 11देश में कोरोना वायरस के बढ़ते मामलों के बीच प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी आज और कल यानी बुधवार को अलग अलग राज्यों के मुख्यमंत्रियों के साथ बातचीत करेंगे। पीएम मोदी आज 21 राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों के मुख्यमंत्रियों, उपराज्यपालों और प्रशासकों से बातचीत करेंगे. बैठक दोपहर 3 बजे शुरू होगी जो वीडियो कॉन्फ्रेन्सिंग के जरिये होगी।

वॉशिंगटन (शोर सन्देश)। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अमेरिका में हो रही कोरोना टेस्टिंग की तुलना भारत, चीन समेत दूसरे देशों से की है। ट्रंप ने कहा है कि भारत और चीन जैसे देश अगर ज्यादा संख्या में जांच करें तो उनके यहां कोरोना वायरस के मामले अमेरिका से ज्यादा होंगे। ट्रंप ने बताया, अमेरिका ने दो करोड़ जांच की हैं। अमेरिका की तुलना में जर्मनी ने 40 लाख और दक्षिण कोरिया ने करीब 30 लाख जांच की हैं।
अमेरिका में अबतक कोरोना वायरस के 19 लाख से ज्यादा मामले सामने आ चुके हैं और 1 लाख 11 हजार लोगों की मौत हुई है। जबकि भारत में इस जानलेवा संक्रमण के 2 लाख 36 हजार और चीन में 84,177 मामले सामने आए हैं। अमेरिका दुनिया भर में कोरोना वायरस से सबसे बुरी तरह से प्रभावित है।
०० ज्यादा जांच करेंगे तो ज्यादा मामले होंगे..
स्वास्थ्य मंत्रालय के मुताबिक, भारत ने अबतक कोरोना वायरस की 40 लाख जांच की हैं। अमेरिका में कोरोना जांच पर टिप्पणी करते हुए ट्रंप ने कहा कि इसे याद रखिए, जब आप ज्यादा जांच करेंगे तो आप के यहां ज्यादा मामले सामने आएंगे ।
उन्होंने कहा, मैं अपने लोगों से कहना चाहता हूं कि आप के यहां ज्यादा मामले इसलिए हैं क्योंकि ज्यादा लोगों की जांच की जा रही है... हम चीन या भारत या अन्य स्थानों पर जांच करना चाहें तो मैं आपको यकीन दिलाता हूं कि वहां ज्यादा मामले होंगे। आपकी बदौलत जांच करने की क्षमता बढऩे की वजह से हमारे देश में चीजें फिर से खुल रही हैं और हमारी अर्थव्यवस्था उबर रही है, कोई ऐसा सोच भी नहीं सकता था।
मासिक रोजगार के आंकड़ों का हवाला देते हुए ट्रंप ने कहा कि अर्थव्यवस्था अब वापस पटरी पर है। उन्होंने कहा कि हमने आशंकाओं को वास्तविकता नहीं बनने दिया और यह अमेरिकी इतिहास में मासिक नौकरियों में सबसे ज्यादा बढ़ोतरी है। मुझे लगता है कि पहले जो सबसे ज्यादा संख्या थी, यह उससे करीब दोगुनी या उससे भी ज्यादा है। इसलिए यह अमेरिकी इतिहास में मासिक नौकरियों में सबसे बड़ी बढ़ोतरी है। तीन नवंबर को होने वाले चुनाव से पहले के कुछ महीने जबर्दस्त होने वाले हैं।
०० अमेरिका में चुनाव नजदीक
देश में तीन नवंबर को राष्ट्रपति पद के चुनाव हैं और ट्रंप दूसरा कार्यकाल हासिल करने के लिए मशक्कत कर रहे हैं। इस बार उनका सामना डोमोक्रेटिक पार्टी के राष्ट्रपति पद के उम्मीदवार जो बाइडेन से है। अधिकतर चुनाव पूर्व सर्वेक्षणों के अनुसार बाइडेन, ट्रंप से खासे आगे हैं।
ट्रंप ने कहा कि यह बहुत अहम चुनाव है क्योंकि गलत राष्ट्रपति चुनने पर वह कर बढ़ा सकते हैं और सीमा को खोल सकते हैं। जिससे सब लोग देश में घुस आएंगे। कोरोना वायरस के अदृश्य दुश्मन को हराने के लिए अमेरिकी सरकार ने अपनी और अमेरिकी उद्योग की सारी ताकत झोंक दी है। यह सच में एक दुश्मन है। यह चीन से आया है, जिसे चीन में ही रोका जा सकता था। मगर उन्होंने ऐसा नहीं किया।

मुंबई (शोर सन्देश)। बॉलीवुड एक्ट्रेस दीपिका पादुकोण आए दिन चर्चा में रहती हैं. वे सोशल मीडिया पर कुछ ना कुछ शेयर करती रहती हैं. पिछले दिनों उन्होंने ये जवानी है दीवानी के लुक टेस्ट की फोटोज साझा की थी। अब उन्होंने कान्स फिल्म फेस्टिवल का एक थ्रोबैक वीडियो शेयर किया है जिसमें वे बाथरोब पहनकर डांस करती नजर आ रही हैं।
इस वीडियो में वे बाथरोब पहनकर खुद को आईने में देख रही हैं. दरअसल, ये कान्स का थ्रोबैक वीडियो है जिसे दीपिका ने इंस्टाग्राम पर शेयर किया है. साथ ही लिखा- ‘ग्रीन रूम…’. गौर करें तो इस वीडियो में उनका यह लुक पिछले साल के कान्स फिल्म फेस्टिवल का है, जब वे लाइम ड्रेस में नजर आईं थी. उन्होंने अपने कपड़ों के साथ साथ मजेदार हेयरस्टाइल भी रखा था. उनका वह लुक काफी वायरल हुआ था। लोगों ने मीम्स भी बनाए थे. इस वीडियो में वे अपने हेयरस्टाइल लुक का टेस्ट करते हुए भी देखी जा सकती हैं। वर्क फ्रंट की बात करें तो उन्हें पिछली बार फिल्म छपाक में देखा गया था. मेघना गुलजार निर्देशित छपाक में दीपिका ने एक एसिड अटैक सर्वाइवर का बेहतरीन किरदार निभाया था। उनकी आने वाली फिल्मों में 83 शामिल है, जिसमें वे कपिल देव (रणवीर सिंह) की पत्नी रोमी का किरदार निभा रही हैं। इसके अलावा वे एक और फिल्म में काम कर रही हैं जिसका नाम अभी फाइनल नहीं किया गया है. इसमें उनके साथ सिद्धांत चतुर्वेदी और अनन्या पांडे होंगे।

दिल्ली (शोर सन्देश)। इटली का एक गांव करीब 26 साल बाद झील से बाहर निकल आया है। अब इटली की सरकार उम्मीद जता रही है कि इस साल के अंत में या अगले साल की शुरुआत में इस मध्यकालीन ऐतिहासिक गांव को देखने के लिए पर्यटक जा सकेंगे। यह गांव पिछले 73 सालों से एक झील में डूबा हुआ है. कुछ लोग कहते हैं कि इस गांव में बुरी आत्माएं और भूत थे, इसलिए इसे झील बनाकर डुबो दिया गया था। आइए जानते हैं कि इस गांव के बारे में...
इस गांव का नाम है फैब्रिश डी कैरीन। यह गांव 1947 से वागली झील में दफन है। 73 साल से पानी में कैद यह गांव अब तक सिर्फ चार बार दिखाई दिया है. 1958, 1974, 1983 और 1994 में. तब लोग यहां घूमने गए थे।
अब 26 साल बाद फिर इस झील का पानी कम हो रहा है और ये गांव बाहर निकल कर आ रहा है। फैब्रिश डी कैरीन के बारे में कहा जाता है कि यह 13वीं सदी में बसाया गया था. इस गांव से लोहे का उत्पादन हुआ करता था। यहां लोहे का काम करने वाले लोहार रहते थे। इटली के लूका प्रांत के टसकैनी शहर में स्थित इस गांव को देखने का मौका 26 साल बाद वापस आ रहा है. जब वागली झील खाली हो जाएगी। यह गांव हमेशा 34 मिलियन क्यूबिक मीटर पानी में डूबा रहता है।

अमेरिका में अफ्रीकन-अमेरिकन अश्वेत नागरिक जॉर्ज फ्लॉयड की मौत के बाद से लगातार प्रदर्शन हो रहे हैं. दुनियाभर के लोग प्रदर्शन को सही ठहरा रहे हैं. अब अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप की बेटी टिफनी ट्रंप ने भी फ्लॉयड की मौत पर प्रदर्शनकारियों का समर्थन किया है. टिफनी ने इंस्टाग्राम पर गुस्सा जाहिर करते हुए एक ब्लैक स्क्रीन पोस्ट किया है.
हैशटैग का इस्तेमाल करते हुए लिखा, ``अकेले हम कम हासिल कर सकते हैं, एक साथ हम बहुत कुछ हासिल कर सकते हैं.``
डोनाल्ड ट्रंप की दूसरी पत्नी और टिफनी की मां मार्ला मैपल्स ने भी प्रदर्शनकारियों का समर्थन करते हुए ब्लैक स्क्रीन की तस्वीर पोस्ट की है.
फ्लॉयड की मौत के आरोपी पुलिसकर्मी कस्टडी में लिए गए
जॉर्ज फ्लॉयड की मौत के जितने आरोपी पुलिस वाले हैं उनको कस्टडी में ले लिया गया है. उनमें से पहले ही एक पुलिस वाले के खिलाफ मामला दर्ज किया गया था अब बाकी बचे पुलिस वालों पर भी कार्रवाई की गई है

दिल्ली (शोर सन्देश)। दुनिया में कोरोना के मामले तेजी से बढ़ रहा है और किसी भी देश में पास कोई ऐसा कारगर इलाज नहीं है जोकि इस महामारी से निपटने में मदद दे सके। ऐसे में एक बार फिर विश्व स्वास्थ्य संगठन ने हाइड्रोक्सीक्लोरोक्वीन के क्लिनिकल परीक्षण फिर से शुरू करने की घोषणा की है, क्योंकि यह संभावित ड्रग कोरोना वायरस उपचारों में मदद कर सकती है।
दुनिया में कोरोना के मामले तेजी से बढ़ रहा है और किसी भी देश में पास कोई ऐसा कारगर इलाज नहीं है जोकि इस महामारी से निपटने में मदद दे सके। ऐसे में एक बार फिर विश्व स्वास्थ्य संगठन ने हाइड्रोक्सीक्लोरोक्वीन के क्लिनिकल परीक्षण फिर से शुरू करने की घोषणा की है, क्योंकि यह संभावित ड्रग कोरोना वायरस उपचारों में मदद कर सकती है।
इससे पहले 25 मई को डब्ल्यूएचओ ने हाइड्रोक्सीक्लोरोक्वीन पर अस्थायी रूप से रोक लगा दी थी। हालांकि उनकी इस रोक के बाद भी अमेरिकी राष्ट्रपति ने हाइड्रोक्सीक्लोरोक्वीन को कोरोना से लड़ने के लिए मददगार बताया था। डब्ल्यूएचओ ने हाइड्रोक्सीक्लोरोक्वीन के परीक्षणों पर रोक लगा दी थी, ताकि इसको लेकर सुरक्षा समीक्षा की जा सके।
संयुक्त राष्ट्र की स्वास्थ्य एजेंसी ने हाइड्रोक्सीक्लोरोक्वीन पर रोक का यह फैसला द लांसेट मेडिकल जर्नल में प्रकाशित एक अध्ययन के बाद आया किया था, जिसमें कहा गया है कि हाइड्रोक्सीक्लोरोक्वीन दवा कोरोना रोगियों के बीच मौत का खतरा बढ़ा सकती है।
हाइड्रॉक्सीक्लोरोक्वीन का आमतौर पर गठिया के इलाज के लिए उपयोग किया जाता है, लेकिन अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प सहित सार्वजनिक हस्तियों ने कोरोना वायरस की रोकथाम और उपचार के लिए दवा का समर्थन किया है।
डब्ल्यूएचओ के प्रमुख टेड्रोस एडहोम फेहेबियस ने बताया, “पिछले हफ्ते, सॉलिडैरिटी ट्रायल के कार्यकारी समूह ने हाइड्रोक्सीक्लोरोक्वीन पर रोक लगाने का निर्णय किया था, क्योंकि दवा पर कुछ सवाल खड़े हो गए थे। यह निर्णय एहतियात के तौर पर लिया गया था, जबकि सुरक्षा डेटा की समीक्षा की गई थी। हालांकि अब सॉलिडैरिटी ट्रायल में कोरोना से लड़ने के लिए इसका समर्थन किया गया, जिसमें हाइड्रोक्सीक्लोरोक्वीन भी शामिल है।”

अफ्रीकी मूल के अमेरिकी नागरिक जॉर्ज फ्लॉयड की पुलिस हिरासत में मौत को लेकर हो रहे हिंसक प्रदर्शनों के छठे दिन अमेरिका में अब तक कम से कम पांच लोगों की मौत हो गई है। हजारों लोगों को गिरफ्तार कर लिया गया है और करीब 40 शहरों में कफ्र्यू लगाया गया है, जबकि राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को व्हाइट हाउस के बंकर में शरण लेनी पड़ी है। अमेरिका में पिछले कई दशकों में अब तक के सबसे बड़ी नागरिक अशांति माने जा रहे ये हिंसक प्रदर्शन फ्लॉयड की मौत के बाद अमेरिका में कम से कम 140 शहरों तक फैल गए हैं। कुछ प्रदर्शनों के हिंसक रूप ले लेने के बाद कम से कम 26 राज्यों में नेशनल गार्ड के सैनिकों की तैनाती कर दी गई है। लंदन, न्यूजीलैंड समेत कई देशों में हजारों लोग फ्लॉयड के समर्थन में विरोध कर रहे लोगों के लिए मार्च निकाल रहे हैं।

लगातार गर्मी से जूझ रहे लोगों के लिए राहत की खबर है। मौसम विभाग का दावा है कि 1 जून से केरल में मानसून आ जाएगा। वहीं 31 मई से कई राज्यों में बदली-बारिश की संभावना भी बन रही है।
भारतीय मौसम विभाग पुणे के वैज्ञानिक डॉ. अनुपम कश्यपी ने बताया कि केरल तट पर मौसमी गतिविधियां काफी अनुकूल हैं। दक्षिणी-पश्चिमी मानसून केरल में 1 जून को दस्तक दे सकता है। उन्होंने बताया कि 31 मई से 4 जून के बीच दक्षिण-पूर्व और पूर्वी-मध्य अरब सागर के पास कम दबाव का क्षेत्र बनने की संभावना है. केरल में एक जून को मानसून के दस्तक के लिए यह स्थिति काफी अनुकूल होगी।
मौसम विभाग के मुताबिक जम्मू-कश्मीर, लदाख, गिलगिट बालटिस्तान और मुजफ़्फराबाद, हिमाचल प्रदेश के कई इलाकों में गुरुवार को आंधी-तूफान के साथ बारिश और ओलावृष्टि देखने को मिली. इससे मैदानी इलाकों में दिल्ली-एनसीआर समेत पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़, पश्चिमी उत्तर प्रदेश, पश्चिमी राजस्थान और मध्य प्रदेश में भी आंधी के साथ हल्की बारिश हुई. अगले 3 से 4 दिनों तक इन सभी राज्यों में आंधी और बारिश की संभावना है, जिससे तापमान में गिरावट होगी ।

लगातार लॉकडाउन के बीच लॉकडाउन-4 की समाप्ति और लॉकडाउन-5 की शुरूआत को लेकर चर्चाओं का दौर जारी है। इस बीच केंद्रीय कैबिनेट सचिव राजीव गौबा ने सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के मुख्य सचिवों के साथ गुरुवार को 13 सर्वाधिक प्रभावित शहरों के नगर निगम आयुक्तों के साथ बैठक कर स्थिति की व्यापक समीक्षा की है। माना जा रहा है कि इन 13 शहरों में लॉक डाउन जैसी ही स्थिति रहेगी। इनमें सर्वाधिक प्रभावित क्षेत्र को कंटेनमेंट जोन में रखकर वहां खास प्रबंधन किया जाए। यह फैसला जिला कलेक्टर और नगर निगम मिल कर लेंगे। बैठक में जिन 13 सर्वाधिक प्रभावित शहरों को लेकर के नगर निगम आयुक्तों के साथ समीक्षा की गई । उनमें मुंबई, चेन्नई, दिल्ली/नई दिल्ली, अहमदाबाद, ठाणे, पुणे, हैदराबाद, कोलकाता/हावड़ा, इंदौर, जयपुर, जोधपुर, चैंगलपट्टू, तिरुवल्लूर शामिल