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देश-विदेश

*विश्व के सर्वश्रेष्ठ स्कूल पुरस्कारों की सूची में पांच भारतीय स्कूल शामिल*

10-Jun-2022

लंदन (शोर संदेश)। ब्रिटेन में पहली बार दिए जा रहे ‘वर्ल्ड्स बेस्ट स्कूल’ (विश्व के सर्वश्रेष्ठ स्कूल) पुरस्कारों की जारी शीर्ष 10 की सूची में पांच भारतीय स्कूलों को शामिल किया गया है। समाज की प्रगति के क्षेत्र में दिए गए योगदान के लिए ब्रिटेन में ढाई लाख डॉलर के इन पुरस्कारों की घोषणा की गई है। मुंबई स्थित एसकेवीएम के सीएनएम स्कूल और नयी दिल्ली के लाजपत नगर-3 के एसडीएमसी प्राथमिक स्कूल को ‘वर्ल्ड्स बेस्ट स्कूल प्राइज फॉर इनोवेशन’ श्रेणी के शीर्ष 10 की सूची के लिए चयनित किया गया है। इसके अलावा ‘कम्युनिटी कोलैबोरेशन’ (सामुदायिक सहयोग) श्रेणी के शीर्ष 10 की सूची में मुंबई के खोज स्कूल और पुणे के बोपखेल में स्थित पीसीएमसी इंग्लिश मीडियम स्कूल को शामिल किया गया है। हावड़ा के समारितन मिशन स्कूल (हाई) को विश्व के सर्वश्रेष्ठ स्कूलों की सूची में ‘ओवरकमिंग एडवर्सिटी’ श्रेणी की सूची में जगह मिली है। टी4 एजुकेशन और ‘वर्ल्ड्स बेस्ट स्कूल’ पुरस्कार के संस्थापक विकास पोटा ने कहा, कोविड के कारण स्कूल और विश्वविद्यालयों के बंद होने से डेढ़ अरब से ज्यादा छात्र प्रभावित हुए। संयुक्त राष्ट्र ने महामारी से पहले ही चेतावनी दी थी कि वैश्विक शिक्षा संकट गहरा सकता है क्योंकि 2030 तक गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्राप्त करने में पहले से ही विलंब हो रहा था। उन्होंने कहा, हमने व्यवस्थागत बदलाव लाने के उद्देश्य से जमीनी स्तर पर समाधान निकालने के लिए वर्ल्ड्स बेस्ट स्कूल पुरस्कारों की शुरुआत की है। छात्रों के जीवन में परिवर्तन लाने और प्रेरणा देने वाले स्कूलों की कहानी बताकर शिक्षा में बदलाव लाया जा सकता है। ब्रिटेन स्थित डिजिटल मीडिया मंच टी4 एजुकेशन द्वारा वर्ल्ड्स बेस्ट स्कूल पुरस्कारों की शुरुआत की गई है। संबंधित श्रेणियों में अंतिम विजेताओं की घोषणा इस साल अक्टूबर में की जाएगी। पांच पुरस्कार विजेताओं के बीच ढाई लाख डॉलर का पुरस्कार बराबर बांटा जाएगा और प्रत्येक विजेता को 50 हजार डॉलर का पुरस्कार मिलेगा।


राजनाथ ने वियतनाम को 12 तटरक्षक नौकाएं सौंपी

09-Jun-2022

वियतनाम (शोर संदेश)। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने बृहस्पतिवार को वियतनाम को 12 तेज गति वाली तटरक्षक नौकाएं सौंपी। इन नौकाओं का निर्माण भारत द्वारा वियतनाम को दी गई 10 करोड़ डॉलर की ऋण सहायता के तहत किया गया है। राजनाथ ने अपने वियतनाम दौरे के दूसरे दिन होंग हा पोत कारखाने में आयोजित एक समारोह में यह अत्याधुनिक तटरक्षक नौकाएं(हाई-स्पीड गार्ड बोट) सौंपीं। यह नौकाएं ऐसे समय में वियतनाम को सौंपी गयी हैं जब दक्षिण चीन सागर क्षेत्र में बीजिंग की बढ़ती सैन्य गतिविधियों से निपटने के लिए दोनों पक्षों के बीच समुद्री सुरक्षा सहयोग बढ़ रहा है।

रक्षा मंत्री आठ से 10 जून तक वियतनाम के तीन दिवसीय दौरे पर हैं। रक्षा मंत्री ने इस अवसर पर कहा, भारत द्वारा 10 करोड़ अमेरिकी डालर की रक्षा ऋण सहायता के तहत 12 अत्याधुनिक तटरक्षक नौकाओं के निर्माण की परियोजना के सफल समापन के अवसर पर इस ऐतिहासिक समारोह में शामिल होकर मुझे बहुत खुशी हो रही है। शुरुआती पांच नौकाओं का निर्माण भारत में एलएंडटी शिपयार्ड में किया गया था जबकि शेष सात को होंग हा पोत कारखाने में बनाया गया था। सिंह ने कहा, मुझे विश्वास है कि यह सहयोग भारत और वियतनाम के बीच कई और सहकारी रक्षा परियोजनाओं का अग्रदूत साबित होगा।


मेडिकल जगत हैरान : सिर्फ 6 महीने में दवा से पूरी तरह ठीक हुआ कैंसर…

08-Jun-2022

 न्यूयॉर्क/नई दिल्ली (शोर संदेश)। अमेरिका में एक अध्ययन के दौरान इम्यूनोथेरेपी की नई दवा से रेक्टल कैंसर के सभी 18 मरीज पूरी तरह ठीक हो गए। छह महीने के कोर्स के बाद किसी भी मरीज की जांच में ट्यूमर सामने नहीं आया। कुछ मरीजों को दो साल का समय हो चुका है और अब तक कैंसर का कोई लक्षण नहीं उभरा है। न्यूयॉर्क स्थित एमएसके कैंसर सेंटर के डा. लुइस ए डियाज जूनियर के नेतृत्व में हुए इस अध्ययन के नतीजे न्यू इंग्लैंड जर्नल आफ मेडिसिन में प्रकाशित किए गए हैं।

विज्ञानियों का कहना है कि भले ही 18 मरीजों पर किया गया यह अध्ययन छोटा है, लेकिन इसके नतीजे बहुत उत्साहजनक हैं। भविष्य में इससे विभिन्न प्रकार के कैंसर के सटीक इलाज की राह निकल सकती है। अध्ययन के दौरान सभी मरीजों को चेकप्वाइंट इनहिबिटर कही जाने वाली दवा डोस्टारलिमैब दी गई। छह माह तक हर तीसरे हफ्ते एक खुराक दी गई। डोज पूरी होने के बाद जब जांच की गई तो किसी भी मरीज में कैंसर का लक्षण नहीं बचा था। अध्ययन से पहले यह माना जा रहा था कि शायद कुछ मरीजों को बाद में कीमोथेरेपी या अन्य दवा की जरूरत पड़े, लेकिन ऐसा नहीं हुआ। अध्ययन में शामिल किए गए सभी मरीजों का कैंसर शुरुआती स्टेज में था, यानी उसका शरीर के दूसरे अंगों तक फैलना शुरू नहीं हुआ था।

दवा ऐसे करती है काम
कैंसर कोशिकाएं स्वयं को शरीर की प्रतिरक्षा प्रणाली (इम्यून सिस्टम) से छिपाने में सक्षम होती हैं। उनकी इसी खूबी के कारण शरीर में ट्यूमर बनता है। यह दवा कैंसर की कोशिकाओं से उस पर्दे को हटा देती हैं और हमारी प्रतिरक्षा प्रणाली उन्हें आसानी से देख पाती है। इसके बाद हमारी प्रतिरक्षा प्रणाली ही उन कैंसर कोशिकाओं को नष्ट कर देती है। इसीलिए इस प्रक्रिया को इम्यूनोथेरेपी कहा जाता है।

पांच साल पहले एक परीक्षण से बंधी थी उम्मीद
2017 में फार्मा कंपनी मर्क ने डा. लुइस डियाज के नेतृत्व में ही अपनी चेकप्वाइंट इनहिबिटर दवा पेमब्रोलिजुमैब का परीक्षण किया था। उस दौरान ऐसे मरीजों को शामिल किया गया था, जिनमें मेटास्टेटिक कैंसर था यानी कैंसर शरीर के कई अंगों में फैल चुका था। दो साल तक दवा लेने से करीब आधे मरीजों में ट्यूमर छोटा हो गया या उसका प्रसार रुक गया था। 10 प्रतिशत मरीजों में कैंसर खत्म हो गया था। इसी नतीजे को देखकर डा. डियाज ने सोचा था कि यदि एक ही अंग में फैले कैंसर पर दवा का प्रयोग करें, तो क्या नतीजा मिलेगा? इसी विचार के साथ उन्होंने फार्मा कंपनी ग्लैक्सोस्मिथक्लाइन के साथ मिलकर अध्ययन को पूरा किया।


*महिला की हत्या के मामले में अदालत ने भेंड़ को सुनाई 3 साल की सजा…*

27-May-2022

नई दिल्ली (शोर संदेश)। हत्या या किसी अन्य अपराध में आपने आरोपी को सजा पाते हुए तो देखा ही होगा, लेकिन अब तक सजा इंसानो को ही मिलती थी। पहली बार ऐसा हुआ है कि एक मामले में अदालत ने एक जानवर यानी भेड़ को सजा सुनाई है। महिला की हत्या की दोषी भेड़ को तीन साल कैद की सजा सुनाई गई है। इसके अलावा भी अदालत ने कई तरह की शर्तें रखी हैं। मामला अफ्रीकी देश सूडान का है। यहां एक भेड़ पर महिला की हत्या करने का आरोप था। अदालत ने भेड़ को हत्या का दोषी पाया और भेड़ समेत उसके मालिक को भी सजा सुनाई। सूडान में एक भेड़ ने 40 वर्षीय महिला पर हमला किया और उसे मौत के घाट उतार दिया। जानकारी के मुताबिक, भेड़ के हमले से महिला जमीन पर गिर गई। इसके बाद भेड़ अपने सींगों से उस पर वार करती रही। भेड़ ने तब तक वार किए जब तक महिला की मौत नहीं हो गई। इसके बाद मृतक के परिजनों ने अदालत का रुख किया। अदालत ने भेड़ के मालिक को तो जेल की सजा नहीं सुनाई, लेकिन भेड़ को कैंप में भेज दिया। वह वहां तीन साल तक रहेगी, इसके बाद जब वह छूटकर बाहर आएगी तो उसे मृतक महिला के परिवार वालों को सौंप दिया जाएगा। इसके अलावा अदालत ने भेड़ के मालिक को पांच गाय खरीदकर मृतक के परिजनों को देने का आदेश दिया है।


चीन ने ताइवान पर हमला किया तो अमरीका सैन्य हस्तक्षेप करेगा बाइडेन

24-May-2022

 वाशिंगटन (शोर संदेश)। अमरीका के राष्‍ट्रपति जो. बाइडेन ने कहा है कि यदि चीन ताइवान पर हमला करता है तो अमरीका सैन्‍य हस्‍तक्षेप करेगा। उन्‍होंने कहा कि यूक्रेन पर रूस के हमले के बाद ताइवान की सुरक्षा सुनिश्चित करने का दायित्‍व अधिक महत्‍वपूर्ण हो गया है। दशकों में अमरीका के किसी राष्‍ट्रपति की ओर से यह सर्वाधिक सशक्‍त बयान है।

अमरीका पारम्‍परिक रूप से ताइवान को सीधे सुरक्षा गारंटी मुहैया कराने से बचता रहा है। ताइवान के साथ अमरीका का कोई रक्षा समझौता नहीं है। वर्ष 1979 के ताइवान संबंध अधिनियम के अनुसार अमरीका को चीन के हमला करने की स्थिति में ताइवान की रक्षा के लिए सैन्‍य हस्‍तक्षेप करने की जरूरत नहीं है। हालांकि यह संधि अमरीका को, ताइवान की सुरक्षा के लिए संसाधन सुनिश्चित करने में मदद करने और चीन द्वारा ताइवान की स्थिति में कोई एकतरफा बदलाव करने से रोकने का अधिदेश करती है।


*टोक्यो पहुंचे पीएम मोदी, स्वागत के लिए बड़ों के साथ बच्चे भी पहुंचे…*

23-May-2022

टोक्यो ( शोर संदेश ) प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज (सोमवार को) जापान की राजधानी टोक्यो पहुंचे। पीएम मोदी टोक्यो क्वाड शिखर सम्मेलन में हिस्सा लेने के लिए जापान पहुंचे हैं। टोक्यो में आगमन के बाद प्रधानमंत्री ने ट्वीट किया, ‘टोक्यो में उतर चुका हूं। इस यात्रा के दौरान क्वाड शिखर सम्मेलन सहित विभिन्न कार्यक्रमों में भाग लूंगा, इसके अलावा क्वाड नेताओं से मुलाकात होगी, जापानी व्यापार जगत के नेताओं और भारतीय प्रवासियों के साथ बातचीत होगी।’

इससे पहले पीएम मोदी ने रविवार को कहा कि क्वाड समिट के दौरान नेताओं को एक बार फिर आपसी हित के विभिन्न पहलों और मुद्दों पर चर्चा करने का मौका मिलेगा। अपनी यात्रा के दौरान प्रधानमंत्री मंगलवार को अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडेन के साथ द्विपक्षीय बैठक भी करेंगे। वार्ता में यूक्रेन की स्थिति पर निरंतर चर्चा के साथ एक ‘रचनात्मक और सीधा’ संवाद भी होने वाला है।

भारतीय प्रवासियों ने किया गर्मजोशी से स्वागत

प्रधानमंत्री मोदी का टोक्यो,जापान में भारतीय प्रवासियों ने गर्मजोशी से स्वागत किया। पीएम मोदी के आगमन पर ‘भारत माता की जय’ और ‘मोदी-मोदी’ के नारे लगे। बता दें कि वह आज यानी सोमवार को 23 मई से शुरू हो रहे अपने 2 दिवसीय दौरे के हिस्से के रूप में क्वाड लीडर्स समिट में भाग लेंगे।

पीएम मोदी ने बच्चों से की मुलाकात

टोक्यो में होटल के आगमन पर पीएम मोदी की मुलाकात एक जापानी बच्चे से हुए, बच्चे ने अपना परिचय हिंदी में दिया, जिसे सुनकर पीएम मोदी ने पूछा कि वाह! आपने हिंदी कहां से सीखी। आप इसे अच्छी तरह से जानते हैं। कुछ भारतीय बच्चों ने पीएम मोदी से आटोग्राफ भी लिया।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का न्यू ओटानी में भारतीय प्रवासियों से जोरदार स्वागत किया गया। यात्रा के दौरान इसी होटल में ठहरेंगे पीएम मोदी। होटल में ‘हर हर मोदी’, ‘मोदी मोदी’, ‘वंदे मातरम’ और ‘भारत माता की जय’ के नारे गूंज रहे थे और प्रधानमंत्री को देखकर भारतीय मूल के लोग खुशी से झूम उठे और भारत के झंडे लहराए। होटल में कई बच्चे अपने माता-पिता के साथ प्रधानमंत्री के आगमन पर हाथ लहराते हुए मौजूद थे। गौरतलब है कि बच्चों को अलग-अलग भाषाओं में लिखे शब्द ‘वेलकम’ के साथ तख्तियां पकड़े हुए देखा गया।

इस बीच, जापान में भारतीय समुदाय पहले से ही सैतामा प्रान्त के कावागुची शहर में पीएम मोदी के स्वागत के लिए तैयार है। बंगाली भारतीय समुदाय के सचिव रमेश कुमार पांडे ने कहा कि आज लगभग 100-150 लोग पीएम मोदी का स्वागत करेंगे। पांडे ने कहा, ‘पीएम मोदी का स्वागत करीब 100-150 लोग जमा होंगे। जिस होटल में वे ठहरे हैं, उसके सामने एक कार्यक्रम का आयोजन किया जाएगा। पांडे ने आगे कहा कि पीएम मोदी ने विदेशों में भारत का कद बढ़ाया है। आजकल हर कोई यूक्रेन के संदर्भ में भारत की ओर देख रहा है।

भारतीय मूल के लोगों ने कहा कि जापान में पीएम मोदी का स्वागत करते हुए हमें बेहद खुशी हो रही है। लोगों ने आगे कहा कि उनकी ऊर्जा संक्रामक है, जिन्होंने हमें हर जगह गौरवान्वित किया है।’

बता दें कि जापानी प्रधानमंत्री फुमियो किशिदा के निमंत्रण पर आज यानी सोमवार से शुरू होने वाले अपने 2-दिवसीय दौरे के हिस्से के रूप में क्वाड लीडर्स समिट में भाग लेने के लिए पीएम मोदी टोक्यो पहुंचे हैं।

 

भारत में निवेश को और बढ़ावा देने के लिए पीएम मोदी का यह दौरा बेहद अहम होने वाला है। जापानी कारोबारी के साथ प्रधानमंत्री मोदी की व्यस्तताओं पर एक संक्षिप्त जानकारी देते हुए जापान में भारतीय राजदूत संजय कुमार वर्मा ने कहा कि टोक्यो नई दिल्ली में अवसरों के बारे में उत्साहित है। पीएम मोदी और उनके जापानी समकक्ष फुमियो किशिदा की भारत में सार्वजनिक, निजी और वित्त पोषण के माध्यम से पांच ट्रिलियन जापानी येन निवेश की महत्वाकांक्षा है। जापान भारत में अवसरों के बारे में बहुत उत्साहित है। विशेष रूप से पीएलआई योजना योजनाओं के बारे में। इसलिए उन्हें हमें बेहतर ढंग से समझने की जरूरत है। मार्च 2022 में जब दोनों देशों के प्रधानमंत्री इस साल नई दिल्ली में 14वें शिखर सम्मेलन में मिले, तो उन्होंने पांच ट्रिलियन जापानी येन को सार्वजनिक, निजी और वित्तपोषण मोड के माध्यम से भारत में निवेश करने की महत्वाकांक्षा थी। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि विश्वसनीय आपूर्ति श्रृंखलाओं के विविधीकरण के लिए क्वाड लीडर भी पहल करेंगे और उन पर खास चर्चा करेंगे।


*सीरिया की राजधानी पर इजरायल ने दागी मिसाइल , हमले में 3 की मौत…*

21-May-2022

नई दिल्ली (शोर संदेश)। एक तरफ रूस-यूक्रेन में युद्ध खत्म होने का नाम नहीं ले रहा तो दूसरी ओर सीरिया और इजरायल में एक बार फिर टकराव देखने को मिल रहा है। सीरिया में बीती रात इजरायल ने मिसाइल अटैक किया है। सीरियाई सेना द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, शुक्रवार रात राजधानी दमिश्क के दक्षिण में सैन्य स्थलों को इजरायली मिसाइल ने निशाना बनाया है। इस हमले में तीन लोगों के मारे जाने की सूचना है।

इजरायल ने दागी थी कई मिसाइल

सीरियाई सेना ने यह भी बताया है कि इजरायल की ओर से कई मिसाइल छाेड़ी गई थी। लेकिन एयर डिफेंस ने अधिकांश मिसाइलों को रोक दिया है, जिन्हें इजरायल के कब्जे वाले गोलन हाइट्स से दागा गया था। सरकार समर्थक शाम एफएम रेडियो ने कहा कि दमिश्क में अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर हमले के कारण उसके पास आग लग गई, जिससे दो उड़ानें स्थगित हो गईं। ब्रिटेन स्थित सीरियन ऑब्जर्वेटरी फॉर ह्यूमन राइट्स वॉर मॉनिटर ने कहा कि इजरायल ने जमराया क्षेत्र में सैन्य स्थलों के साथ-साथ दमिश्क के दक्षिण-पश्चिमी ग्रामीण इलाकों और अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे को निशाना बनाया। इसने कहा कि अधिकांश मिसाइलें अपने लक्ष्य तक पहुंच गईं, 2022 में सीरिया पर यह 13 वां इजरायली हमला है।

इज़राइल सीरिया में ईरानी ठिकानों को कर रहा है नष्ट

इज़राइल सीरिया में ईरानी ठिकानों को नष्ट करने की कोशिश कर रहा है, जहां लेबनान के हिज़्बुल्लाह सहित तेहरान समर्थित बलों ने 2011 में राष्ट्रपति बशर अल-असद के गृह युद्ध में भाग लेने के बाद से उपस्थिति स्थापित की है।11 मई को, अल जज़ीरा उपग्रह चैनल के लिए एक अनुभवी फिलिस्तीनी पत्रकार जेनिन में एक इजरायली सैन्य अभियान को कवर करते हुए मारा गया था। शिरीन अबू अक्लेह के परिवार, प्रसारक, फिलिस्तीनी प्राधिकरण और गवाहों ने इसराइल पर कतरी चैनल के संवाददाता को गोली मारने का आरोप लगाया। इज़राइल ने फिलिस्तीनी आतंकवादियों पर पत्रकार पर गोलीबारी करने का आरोप लगाया लेकिन बाद में पीछे हट गए। इजरायली सैन्य अधिकारियों ने गुरुवार को कहा कि सेना ने एक सैनिक की राइफल की पहचान की है जिसने अबू अक्लेह को मार डाला हो सकता है, लेकिन कहा कि यह निश्चित नहीं हो सकता जब तक कि फिलिस्तीनियों ने विश्लेषण के लिए गोली नहीं बदली।


*राष्ट्रपति राम नाथ कोविंद ने सेंट विसेंट एंड ग्रेनेडीन्स के गवर्नर जनरल से बातचीत की*

20-May-2022

 ग्रेनेडिनेस (शोर संदेश)। राष्ट्रपति राम नाथ कोविंद ने कैरेबियन राष्ट्र सेंट विंसेंट एंड ग्रेनेडिनेस के अपने दौरे के दूसरे दिन कल वहां के गवर्नर जनरल डेम सुजेन डॉगन से मुलाकात की। दोनों नेताओं ने सूचना प्रौद्योगिकी, स्वास्थ्य, शिक्षा, पर्यटन और संस्कृति सहित विभिन्न क्षेत्रों में आपसी सहयोग मजबूत करने पर चर्चा की। दोनों पक्षों ने कर संग्रह से संबंधित सूचनाओं के आदान-प्रदान और सहयोग तथा प्राचीन कालडेर समुदाय के उन्नयन की परियोजना के लिए सहमति पत्र पर भी हस्ताक्षर किए। राष्ट्रपति कोविंद जैविक उद्यान भी गए, जहां उन्होंने चंदन का पौधा लगाया और सांस्कृतिक कार्यक्रमों में शामिल हुए। बाद में राष्ट्रपति कोविंद ने सेंट विंसेंट एंड ग्रेनेडिनेस की संसद को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि वर्तमान परिदृश्य में जटिल मुद्दों से निपटने के लिए जो नई वैश्विक व्यवस्था बनाने की आवश्यकता है वह समावेशी होनी चाहिए, जिसमें सभी देशों को अपने वैधानिक हितों के बारे में बोलने का अवसर मिले। श्री कोविंद ने कहा कि समय की मांग है कि वैश्विक संस्थाओं में सुधार हो, ताकि वे सामयिक वैश्विक सच्चाइयों को व्यक्त कर सकें। संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद उनमें प्रमुख है। उन्होंने यह भी कहा कि इस मुद्दे पर भारत और सेंट विंसेंट एंड ग्रेनेडिनेस के हित समान हैं, उनका दृष्टिकोण और समझदारी भी एक जैसी है।दोपहर बाद राष्ट्रपति किंग्‍स्‍टाउन में कालडेर रोड गए, जहां उन्‍होंने भारतीय समुदाय को सम्‍बोधित किया। राष्‍ट्रपति ने कहा कि भारतवंशी लोगों और सेंट विंसेंट एंड ग्रेनेडिनेस में रह रहे भारतीयों में, भारत की समृद्ध विविधता, सांस्‍कृतिक विरासत और परम्‍पराओं की झलक मिलती है। भारत को उनकी उपलब्धियों पर गर्व है। राष्‍ट्रपति ने कल सेंट विंसेंट एंड ग्रेनेडिनेस के गवर्नर जनरल की ओर से दिए गए प्रीति भोज में भी हिस्‍सा लिया।


*विश्व के सात प्रमुख देशों के समूह जी-7 ने यूक्रेन को वित्तीय सहायता देने पर सहमति व्यक्त की*

20-May-2022

वाशिंगटन (शोर संदेश)। विश्व के सात प्रमुख देशों के समूह जी-7 ने यूक्रेन को वित्तीय सहायता देने पर सहमति व्यक्त की है। अमरीका के वित्त मंत्री जैनेट येलेन ने बताया कि जर्मनी में जी-7 देशों के वित्त मंत्रियों की बैठक में इस बात पर सहमति बनी कि रूस के विरुद्ध संघर्ष में आवश्यकता पूरी करने के लिए यूक्रेन को आर्थिक संसाधन उपलब्ध कराए जाएं। अमरीका की सीनेट ने यूक्रेन को 40 अरब डॉलर की सहायता की मंजूरी दी। इसमें सैन्य, आर्थिक और मानवीय सहायता शामिल है। इस राशि में से सात अरब 50 करोड़ डॉलर यूक्रेन के बजट की कमी पूरी करने के लिए निर्धारित किए गए हैं। अभी जी-7 की अध्यक्षता कर रहे जर्मनी ने बॉन में बैठक की मेजबानी की। जर्मनी के वित्तमंत्री क्रिश्चियन लिंडनेर ने यूक्रेन के बजट में एक अरब 10 करोड़ अमरीकी डॉलर के योगदान की घोषणा की। जर्मनी के वित्तमंत्री ने कहा कि जी-7 यूक्रेन की सरकार को चलाने के लिए आर्थिक सहायता देने की प्रतिबद्धता पूरी करने के उद्देश्य से सभी देशों के साथ समन्वय कर रहा है। 


*श्रीलंका में आज भर का पेट्रोल, आने वाले दिनों में बढ़ेंगी मुश्किलें : पीएम*

17-May-2022

नई दिल्ली (शोर संदेश)। श्रीलंका में पेट्रोल का स्‍टॉक अब केवल एक ही दिन का बचा है। इसकी जानकारी खुद श्रीलंका के पीएम रानिल विक्रमसिंघे ने दी है। उनका कहना है कि वो डीजल शिपमेंट के लिए कोशिश कर रहे हैं, जिससे लोगों की मुश्किलों को कम किया जा सके। उन्‍होंने ये भी कहा है कि लोगों की पेरशानी को कम करने के लिए भारत से क्रेडिट लाइन के तहत एक शिपमेंट बुधवार को और दूसरा शिपमेंट 29 मई को श्रीलंका पहुंच जाएगा। इसके लिए सरकार ओपन मार्किट से डॉलर का इंतजाम करने में जुटी है, जिससे इन शिपमेंट की कीमत चुकाई जा सके। श्रीलंका के पीएम ने ट्वीट कर रहा है कि देश का रिवेन्‍यू 1.6 ट्रिलियन है जबकि सरकार का खर्च 2.4 ट्रिलियन है। वहीं बजट घाटे की बात करें तो ये 2.4 ट्रिलियन है जो देश की जीडीपी का करीब 13 फीसद है। ये राशि श्रीलंकाई मुद्रा के हिसाब से है। उन्‍होंने देश की हालत को लेकर कई ट्वीट किए हैं। एक ट्वीट में उन्‍होंने लिखा है कि आने वाले दो से चार माह में देश की हालत और खराब हो सकती है। लोगों की मुश्किलें और अधिक बढ़ सकती हैं। उन्‍होंने ये भी कहा है कि उनकी इच्‍छा देशवासियों से किसी भी सच को छिपाने की नहीं है। वो देशवासियों को झूठ नहीं बोल सकते हैं। हालात बेहद बुरे हैं और डराने वाले हैं। लेकिन फिलहाल देश की सच्‍चाई यही है। उन्‍होंने एक ट्वीट में ये भी कहा है कि पिछले गुरुवार को जब उन्‍होंने पीए आफिस की जिम्‍मेदारी ली थी। उन्‍होंने लिखा है कि ये जिम्‍मेदारी उन्‍होंने केवल एक नेता के तौर पर नहीं बल्कि एक राष्‍ट्रीय नेता के तौर पर ली थी, जो कोलंबो यूनिवर्सिटी में कानून की पढ़ाई को फ्री करना चाहता है। उन्‍होंने लिखा है कि वो अपनी जिम्‍मेदारी को निभाएंगे और जो वादा किया है उसको भी पूरा करेंगे। दो दिन पहले किए गए एक ट्वीट में उन्‍होंने लिखा है कि काफी कुछ किया गया है और काफी कुछ किया जाना बाकी है। हमें मुद्दों को प्राथमिकता के आधार पर देखना होगा। इन्‍हें जल्‍द से जल्‍द हल किए जाने की जरूरत है। इसी दौरान उन्‍होंने कहा था कि 16 मई को वो देश के फाइनेंशियल क्राइसिस के बारे में देश को जानकारी देंगे।

 



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