ब्रेकिंग न्यूज

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24 घंटे में 100 लोगों की मौत, देश में कोरोना संक्रमितों का आंकड़ा 82 हजार, इंदौर में 61 नए मरीज,

15-May-2020

देश में कोरोना संक्रमितों का आंकड़ा लगातार बढ़ता ही जा रहा है। पिछले 24 घंटों की बात करें तो देश में कोरोना संक्रमितों का आंकड़ा करीब 82 हजार पहुंच चुका है। वहीं रोज नए-नए मामले सामने भी रहे हैं। इसके साथ ही आपको बता दें कि आज मध्यप्रदेश के इंदौर में कोरोना के 61 नए मरीज सामने आए हैं। वहीं देशभर में 24 घंटे में लगभग 100 लोगों की मौत कोरोना से हुई है।
केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय की ओर से जारी आंकड़ों के मुताबिक देशभर में कोरोना पॉजिटिव मामलों की कुल संख्या 81 हजार 970 हो गई है, जिनमें से 51 हजार 401 एक्टिव मरीज है, जबकि 2 हजार 649 लोगों की मौत हो चुकी है. राहत की बात यह है कि 27 हजार 920 मरीज स्वस्थ भी हो चुके हैं, जिन्हें अस्पताल से छुट्टी दे दी गई है।
वहीं पिछले 24 घंटे की बात करें, तो इस दौरान 3 हजार 967 नए मामले सामने आए हैं, जबकि 100 लोगों की मौत हुई है. रिकवरी रेट भी बढ़कर 34.06 प्रतिशत हो गया है।
इंदौर में मिले 61 नए कोरोना मरीज
वहीं मध्यप्रदेश के इंदौर में कोरोना संक्रमितों के बढऩे के साथ-साथ सैंपलिंग और जांच की संख्या भी लगातार बढ़ाई जा रही है। स्वास्थ्य विभाग की रिपोर्ट अनुसार गुरुवार को 1053 सैंपलों की जांच हुई। इसमें से 61 नए पॉजिटिव मरीज मिले हैं। इसके साथ ही पॉजिटिव मरीजों का आंकड़ा 2299 तक पहुंच गया है।


रेलवे ने 30 जून तक बुक किए गए सारी टिकटों रद्द को कर दिया

14-May-2020

रेलवे ने 30 जून तक बुक किए गए सारी टिकटों को कैंसिल कर दिया है। इसके साथ ही 30 जून तक बुक किए गए सभी टिकटों का रिफंड कर दिया गया है। लेकिन कहा जा रहा है कि सभी स्पेशल और श्रमिक स्पेशल ट्रेनें अपने समयनुसार चलती रहेंगी। आपको बता दें कि रेलवे ने इससे पहले 17 मई तक ट्रेनों के टिकट कैंसिल किए थे। अब रेलवे ने 30 जून तक सभी टिकटों को कैंसिल करने का ऐलान किया है। देश में लॉकडाउन का तीसरा चरण 17 मई को खत्म हो रहा है। 12 मई को देश के नाम संबोधन में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी लॉकडाउन के चौथे चरण के भी संकेत दे चुके हैं।
वहीं रेलवे का कहना है कि इस दौरान 1 मई से शुरू होने वाली श्रमिक स्पेशल ट्रेनें और 12 मई से चल रहीं विशेष ट्रेनों का संचालन जारी रहेगा।


वित्तममंत्री सीतारमण आज शाम करेगा किसानों के लिए बड़ा ऐलान

14-May-2020

देश की वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण आज यानी गुरुवार को 20 लाख करोड़ के आर्थिक पैकेज से जुड़ी बाकी विस्तृत जानकारी देंगी। बताया जा रहा है कि वित्त मंत्री आज कृषि सेक्टर और उससे जुड़ी गतिविधियों को लेकर बड़ा ऐलान कर सकती हैं। इसके साथ ही मोदी सरकार की ओर से दी जा रही बड़ी राहत और सप्लाई चैन दुरूस्त करने को लेकर भी कुछ ऐलान हो सकते हैं।आपको बता दें कि आत्मनिर्भर भारत बनाने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को 20 लाख करोड़ रुपये के पैकेज का एलान किया था। बुधवार को उसकी पहली किस्त का ब्योरा वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने दिया. इसमें छोटे उद्योगों में काम करने वालों पर राहत बरसाई गई है. आज राहत पैकेज के दूसरे किस्त की जानकारी निर्मला सीतारमण देंगी।


त्रिकालदर्शी एवं दुनिया का प्रथम पत्रकार व पहले संवाददाता -देवर्ष‍ि नारद

08-May-2020

देवर्ष‍ि नारद अनेक कलाओं और विद्याओं में में निपुण हैं। ये वेदांतप्रिय, योगनिष्ठ, संगीत शास्त्री, औषधि ज्ञाता, शास्त्रों के आचार्य और भक्ति रस के प्रमुख माने जाते हैं। देवर्षि नारद को श्रुति-स्मृति, इतिहास, पुराण, व्याकरण, वेदांग, संगीत, खगोल-भूगोल, ज्योतिष और योग जैसे कई शास्‍त्रों का प्रकांड विद्वान माना जाता हैं। देवताओं के ऋषि होने के कारण नारद मुनि को देवर्षि कहा जाता है। प्रसिद्ध मैत्रायणी संहिता में नारद को आचार्य के रूप में सम्मानित किया गया है। देवर्षि नारद को महर्षि व्यास, महर्षि वाल्मीकि और महाज्ञानी शुकदेव का गुरु माना जाता है। कहते हैं कि दक्ष प्रजापति के पुत्रों को नारदजी ने संसार से निवृत्ति की शिक्षा दी। कुछ स्थानों पर नारद का वर्णन बृहस्पति के शिष्य के रूप में भी मिलता हैं।
त्रिकालदर्शी को दुनिया का प्रथम पत्रकार या पहले संवाददाता होने के गौरव प्राप्त है, क्योंकि देवर्ष‍ि नारद ने इस लोक से उस लोक में परिक्रमा करते हुए संवादों के आदान-प्रदान द्वारा पत्रकारिता का प्रारंभ किया था। इस प्रकार देवर्ष‍ि नारद पत्रकारिता के प्रथम पुरूष, पुरोधा, पितृ पुरूष हैं। वे इधर से उधर भटकते या भ्रमण करते ही रहते हैं। तो संवाद का सेतू ही बनाते हैं। दरअसल देवर्ष‍ि नारद भी इधर और उधर के दो बिंदुओं के बीच संवाद सेतू स्थापित का कार्य करते हैं। इस प्रकार नारद संवाद का सेतू जोड़ने का कार्य करते हैं तोड़ने का नहीं।
स्तुत्य, सेवा ही पत्रकारिता का लक्ष्य हैं, पत्रकारिता आदर्शो से प्रेरित हैं। ये पत्रकारिता के गुरू नारद मुनी का कालजयी महामंत्र हैं। इसे विद्वानों ने अभिव्यक्त करते हुए कहा कि पत्रकारिता काल-धर्म की तीसरी आंख हैं। पत्रकारिता वैचारिक चेतना का उद्घेलन हैं। पत्रकारिता समाज की वाणी और मस्तिष्क हैं। पत्रकारिता लोकनायकत्व की सहज विधा हैं। पत्रकारितापांचवां वेदहै जिसके द्वारा हम ज्ञान-विज्ञान सम्बंधी बातों को जानकर अपने बन्द मस्तिष्क को खोलते हैं। पत्रकारिता असहायों को संबल, पीडितों को राहत, अज्ञानियों को ज्ञानज्योति एवं मदोन्मत शासक को सद्बुद्घि देने वाली विधा और सत्य के रस का स्रोत हैं।
असिलयत कहे या हकीकत समाचार पत्र दैनिक जीवन के अनिवार्य अंग बन चुके हैं। यह प्रबुद्घ पाठकों के लिए एक ऐसा दर्पण है जिसकी सहायता से वे विश्व की गतिविधियों, स्वराष्ट्र के उत्थान-पतन तथा क्षेत्र विशेष की ज्वलंत समस्याओं से सुपरिचित होते हैं। समाज का वास्तविक थर्मामीटर तो समाचार पत्र ही हैं जिसमें सामाजिक वातावरण का तापमान परिलक्षित होता हैं। पत्रों को दूरबीन कहा जाए तो अतिशयोक्ति नहीं होगी, क्योंकि वे भविष्य में होने वाली बहुत दूर-दूर की घटनाओं का आभास दे देते हैं।
अभिष्ट, वर्तमान समय की पत्रकारिता में पत्रकारों पर स्वामित्व का सबसे बडा दबाव हैं। पत्रकारिता को चर्तुथ स्तम्भ के रूप में जाना जाता हैं किन्तु माना नहीं जाता? जिसमें संपादक की महत्वपूर्ण भूमिका होती हैं, पत्रकारिता को एक पवित्र उद्देश्य वाला व्यवसाय माना गया हैं। परन्तु सम्यक् संपादक की भूमिका घटी हैं, मालिक ही अब सम्पादक पद पर सुशोभित हो रहे हैं। अगर कोई संपादक नियुक्ति भी किया जाता है तो उसका प्रयोग सत्ता के दलाल के रूप में किया जा रहा हैं। आज अखबार के संचालक जो चाहते हैं वही जनता तक पहुंच पा रहा हैं। विज्ञापन या अर्थोंपार्जन सर्वाधिक महत्वपूर्ण हो गया हैं।
लिहाजा, जन-हित के प्रहरी समाचार पत्र शासक को झकझोरते हैं, उन्हें नाराज करते हैं, नींद हराम करते है फलत: पत्रकारों का एक वर्ग संत्रस्त हैं। कहीं-कहीं पत्रकारों की हैसियत बंधुआ मजदूरों की तरह है, वे किसी की कठपुतली हैं। समाचार पत्र मालिकों के नुकसान की चिंता तथा अन्ध विश्वासी में जनता की अनुरक्ति के कारण पत्रकारों की स्वतंत्रता बाधित होती हैं। चारों पहर जागने वाला पत्रकार आज स्वयं किंकत्र्तव्यविमूढ है कि अपनी ही बिरादरी के बहुरूपिये गिरोह से कैसे निपटा जाये


महापौर देवेन्द्र यादव ने एमआईसी में किया फेरबदल

08-May-2020

भिलाई(शोर सन्देश) रिसाली नगर निगम बनने के बाद हुए रिक्त दो एमआईसी मेंबरों के लिये जाने के कारण एमआईसी में फेरबदल की अटकले पिछले र्दो माह से लगाये जा रहे थे। आज उन अटकलों को खत्म करते हुए भिलाई निगम के महापौर देवेंद्र यादव ने एमआईसी में फेरबदल करते हुए दो नये चेहरों जी राजू और सत्येन बंजारे को मौका दिया है, वहीं कुछ एमआईसी मेंबरों के प्रभार में भी बदलाव किया है। एमबाईसी में शामिल दो नये सदस्यों जी राजू को संस्कृति पर्यटन विभाग दिया है। वहीं सत्येंद्र बंजारे को एसटी, एससी, ओबीसी कल्याण विभाग का जिम्मा दिया है। वहीं एमआईसी में 13 सदस्य शामिल है। रिसाली निगम बनने से दो एमआईसी मेंबर केशव बंछोर और नरेश कोठारी के पद रिक्त हो गए थे। महापौर देवेन्द्र यादव ने इन पदों पर दो नए चेहरों को मौका दिया। वार्ड क्रमांक 20 से जी राजू वार्ड क्रमांक 37 के पार्षद सत्येन्द्र बंजारे को एमआईसी में शामिल किया है।

ये एमआईसी सदस्य होंगे अब इस विभाग के प्रभारी
महापौर परिषद के सदस्यों में सुभद्रा सिंह को सामान्य प्रशासन एवं विधायी कार्य विभाग, नीरज पाल को राजस्व एवं लोक कर्म विभाग, लक्ष्मीपति राजू को खाद्य, लोक स्वास्थ्य एवं स्वच्छता विभाग, दुर्गा प्रसाद साहू को वित्त, लेखा एवं अंकेक्षण विभाग, दिवाकर भारती को नगरीय नियोजन एवं भवन अनुज्ञा विभाग, सूर्यकांत सिन्हा को शिक्षा, खेलकूद एवं युवा कल्याण विभाग, जोहन सिन्हा को अग्निशमन, विद्युत एवं यांत्रिकी विभाग, सदरीन बानो को जल कार्य विभाग, सोसन लोगन को गरीबी उपशमन एवं सामाजिक कल्याण, सुशीला देवांगन को महिला एवं बाल विकास विभाग, साकेत चंद्राकर को पर्यावरण एवं उद्यानिकी विभाग का प्रभार दिया गया है।


पंजीकृत किसानों को ही मिलेगा सुंगधित धान का प्रामाणिक बीज

07-May-2020

उत्तर बस्तर (छत्तीसगढ़ ) (वीएनएस) जिले के कृषि, पशु पालन, रेशम, उद्यानिकी, कृृषि विज्ञान केन्द्र और बीज निगम विभाग के अधिकारियों के साथ कलेक्टर के.एल. चौहान ने समीक्षा बैठक ली। उन्होंने समीक्षा करते हुए कहा कि जिले के किसानों को धान के पैदावार के साथ ही नकदी फसल जैसे-दलहन, तिलहन एवं साग-सब्जी को बढ़ावा देने के निर्देश दिये।

जिले के गौठान वाले गांवों में किसानों को पहले दलहन, तिलहन फसल को बढ़ावा देने के लिए प्रचार-प्रसार करने की हिदायत अधिकारियों को दिये। कलेक्टर ने खाद बीज भण्डारण खरीफ फसलों एवं गौठानों के कार्य योजना का समीक्षा करते हुए कहा कि खेतों के मेड़ों में दलहन फसलों को बोने के लिए प्रोत्साहित करें, ताकि किसानों में रूचि बढ़े, जिससे उत्पादन में भी वृृद्धि हो सकें। उन्होंने खाद बीज भण्डारण के स्थिति का समीक्षा करते हुए कहा कि जिले के किसानों को किसी भी स्थिति में खाद बीज की कमी नहीं होना चाहिए। जिले के किसानो को पंजीयन कराना अनिवार्य होगा, जिससे सरकार की कल्याणकारी योजनाओं का लाभ मिल सकें। कलेक्टर ने धान की फसल के अलावा मक्का, दलहन, तिलहन का पैदावार को बढ़ावा देने के लिए किसानों को प्रोत्साहित करना सुनिश्चित करे। उन्होंने खाद बीज का भण्डारण एवं वितरण कलस्टर बनाकर किये जाने के निर्देश भी दिये।
कलेक्टर श्री चौहान ने कृषि विभाग के अधिकारियों को निर्देशित कर कहा कि फसल उत्पादन में बढ़ावा के लिए किसानों को नि:शुल्क प्रशिक्षण देने की व्यवस्था करें। उन्होंने बीज निगम विभाग की समीक्षा करते हुए कहा कि जिले के पंजीकृत किसानों को समय पर सुंगधित धान बीज, मक्का, दलहन, तिलहन और अन्य साग-सब्जी का प्रमाणिक बीज वितरण करना सुनिश्चित करें। सुंगधित धान का समर्थन मूल्य 2390 प्रतिक्विंटल निर्धारित किया गया है, इसका लाभ उठाने के लिए किसानों को प्रोत्साहित करें। प्रमाणिक धान बीज में एचएमटी, आईआर-64, एमटी-1010, एमटीयू-1001 इत्यादि बीज का वितरण के लिए उपलब्ध कराया गया है। बीज का वितरण उचित मूल्य की दुकनों एवं सहकारी समितियों के माध्यम से किया जायेगा। उन्होंने पशुधन विकास विभाग की समीक्षा करते हुए कहा कि किसानों को कुकुट के चूजे का वितरण लक्ष्य के अनुरूप 22 मई तक पूर्ण कराना सुनिश्चित करें।
बैठक में उप संचालक कृषि एन.के नागेश, उप संचालक पशुधन विभाग नरेन्द्र श्रीवास्तव, वरिष्ठ वैज्ञानिक कृषि विज्ञान केन्द्र बिरबल साहू, सहायक संचालक उद्यानिकी व्ही. के. गौतम, सहायक संचालक रेशम जे.पी. बरिहा, बीज निगम से माधुरी बाला उपस्थित थे।


एसडीएम ने किया केरोसीन तेल का भौतिक सत्यापन

07-May-2020

जशपुरनगर(छत्तीसगढ़ )।अनुविभागीय अधिकारी पत्थलगांव दशरथ सिंह राजपूत द्वारा उपभोक्ता खाद्य संरक्षण अधिनियम के तहत सार्वजनिक वितरण प्रणाली के माध्यम से प्रदाय की जाने वाली केरोसिन तेल की गुणवत्ता का आज एसडीएम कार्यालय के सम्मुख भौतिक सत्यापन किया गया। भौतिक सत्यापन के पश्चात् ही केरोसिन तेल का भण्डारण विकासखंड पत्थलगांव के समस्त उचित मूल्य के राशन दुकानों में किया गया है।


छत्तीसगढ़ के चार चिन्हारी नरवा, गरवा, घुरवा अउ बाड़ी ग्रामीण क्षेत्रों में आर्थिक गतिविधियाँ शुरू

06-May-2020

नारायणपुर (शोर सन्देश ) छत्तीसगढ़ राज्य बनने के बावजूद यहां के मूल निवासी एवं रहवासियों को विकास का वो लाभ नहीं मिल सका, जिनके वे असली हकदार थे। गिरता हुआ भू-जल स्तर, खेती में लागत की बढ़ोत्तरी, मवेशियों के लिए चारा संकट आदि ने स्थिति को और भयावह बना दिया। साल 2019 के अंतिम माह में नई सरकार के गठन के बाद से यह छत्तीसगढ़ इस कदर बदला है कि गांधी के सिद्धांतों पर चलने लगा है।

मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने प्रदेश की बागडोर संभालते ही नारा दिया- छत्तीसगढ़ के चार चिन्हारी नरवा, गरवा, घुरवा अउ बाड़ी एला बचाना हे संगवारी (छत्तीसगढ़ की पहचान के लिए चार चिन्ह हैं, नरवा (नाला), गरवा (पशु एवं गौठान), घुरवा (उर्वरक) एवं बाड़ी (बगीचा), इनका संरक्षण आवश्यक है। इस योजना के माध्यम से भूजल रिचार्ज, सिंचाई और आर्गेनिक खेती में मदद, किसान को दोहरी फसल लेने में आसानी हुई। पशुओं की उचित देखभाल सुनिश्चित हो सकी। परंपरागत किचन गार्डन एवं ग्रामीण अर्थव्यवस्था में मजबूती आयी है तथा पोषण स्तर में सुधार भी सुधार देखा गया है। अब हम पुरातन संस्कृति और सरोकारों को सहेज कर रखने के काम की ओर भी लौट रहे हैं। क़ोरोना वायरस संक्रमण की रोकथाम एवं नियंत्रण के चलते देशव्यापी लॉकडाउन के कारण छत्तीसगढ़ में ग्रामीण अर्थ व्यवस्था में उतना फ़र्क़ नही पड़ा, जितना कि अन्य राज्यों में पड़ा है। अब छत्तीसगढ़ के अधिकांश ग्रामीण क्षेत्रों में आर्थिक गतिविधियाँ शुरू हो गई है। ग्रामीण इलाक़ों में मनरेगा, लघुवनोपज़ की ख़रीदी के साथ तेंदूपत्ता ख़रीदी काम शुरू हो गया है। जिससे ग्रामीणों की आर्थिक स्थित में और सुधार आएगा।
छत्तीसगढ़ शासन की महत्वाकांक्षी योजना नरवा, गरूवा, घुरवा एवं बाड़ी के अंतर्गत नारायणपुर जिले की बात करें तो यहाँ पहले चरण में 15 गौठान निर्माण की अनुमति दी गई थी। जिनकी संख्या बढ़ कर अब 50 से अधिक हो गई है। जिले में 5 आदर्श गौठान बन गए हैं। गरुवा कार्यक्रम के तहत नारायणपुर के ग्राम पंचायत भटपाल में गौठान बनने से लगभग 400 मवेशियों को आश्रय मिला है और अब सड़को पर मवेशियों का विचरण कम हुआ है। गौठान में ग्रामीणों द्वारा चारे के दान के साथ-साथ मवेशियों के उचित प्रबंधन, देखरेख के लिए ग्राम स्तर पर गौठान प्रबंधन समिति का चयन किया गया है, जिनके द्वारा गौठान का संचालन प्रारंभ कर दिया गया है। जिसमें पशु अवशेषों का वैज्ञानिक तरीके से प्रबंधन कर गोबर से आधुनिक खाद तैयार करने, गौ-मूत्र से कीटनाशक तैयार करने एवं गौठान स्थल पर विभिन्न प्रकार के आर्थिक गतिविधि संचालित है। ग्राम गौठान प्रबंधन समिति के सदस्यों द्वारा गौठान का संचालन करने से अब मवेशी एक जगह सुव्यवस्थित रूप से एकत्र रहते हैं। मवेशियों से फसल सुरक्षित होने से किसान भी निश्चिन्त हैं, साथ ही दुर्घटनाओं में भी कमी आयी है।
यह योजना पूरे प्रदेश भर में लागू है। बाड़ी लगाने के लिए मनरेगा से सहायता दी जा रही है तो वहीं स्व सहायता समूहों को महिला एवं समाज कल्याण की ओर से मदद दी जा रही है। ग्रामीण खुद ही आगे बढ़कर मदद कर रहे हैं। गांवों में आवारा मवेशी की समस्या कम हो रही है, इसलिए किसान दूसरी एवं तीसरी फसल लगाने को लेकर भी उत्साहित और ललायित है।
इस कार्ययोजना से गांव के महिला स्वसहायता समूहों और युवाओं को जोड़ा जा रहा है। इस योजना से पशुओं से फसल बचाने के लिए खेतों को घेरने की आवश्यकता नहीं पड़ेगी, किसानों को जैविक खाद उपलब्ध हो रहा है तो वहीं कृषि लागत भी कम हुई है। लोगों को रोजगार के अवसर भी मिलें। प्रदेश में पहले चरण में दो हजार गौठानों के निर्माण की स्वीकृति दी गई है। वर्तमान में इनकी संख्या में बढ़ोतरी की गई है। नारायणपुर जिले की बात करें तो यहाँ पहले चरण में 15 गौठान निर्माण की स्वीकृति थी, जिनकी संख्या बढ़ कर 50 से अधिक हो गई है। जिले मैं 5 आदर्श गौठान बन गए हैं।
योजना के तहत गरूवा के आस-पास के ग्रामों के किसानों द्वारा गौठानों के लिये स्वेच्छा से पैरा दान भी किया जा रहा है। किसानों के इस कार्य की सराहना भी हो रही है। बाड़ी योजना में किसानों के घरों की बाड़ी में सब्जियों और मौसमी फलों के उत्पादन को बढ़ावा दिया जा रहा है। इससे पौष्टिक आहार उपलब्ध हो रहा है। वहीं शाला-आश्रमों, आंगनबाड़ी केंद्रो की ख़ाली पड़ी ज़मीन पर किचन गार्डन बच्चों द्वारा तैयार कर हरी सब्ज़ी-भाजी का उपयोग किया गया। वर्तमान में देशव्यापी लॉकडाउन के चलते अभी ये संस्थाएँ बंद है


विधायक रंजना साहू ने दी जनसंपर्क राशि

06-May-2020

धमतरी(शोर सन्देश ) विधायक रंजना डिपेंद्र साहू ने अपने विधानसभा क्षेत्र के विभिन्न समुहों जनसंपर्क की राशि प्रदान की है। महामाया महिला स्व सहायता समूह सिवनीखुर्द, महात्मा गांधी महिला स्व सहायता समूह ढीमरटिकुर, जय दुर्गा महिला स्व सहायता समूह झुरानवागांव, जय मां भवानी महिला स्व सहायता समूह सेमरा बी, नागेश्वर महिला मानस मंडली हटकेशर वार्ड धमतरी को जनसंपर्क राशि स्वीकृत की गई है। राशि का चेक प्रदान करने समूहों के निवास स्थान पर पहुंचकर विधायक प्रतिनिधि डीपेंद्र साहू एवं जनपद उपाध्यक्ष अवनेंद्र साहू ने दिया। इस अवसर पर नेहरू निषाद, मिनेस साहू, मिश्री पटेल उपस्थित रहे।


भिलाई में एक और महिला कोरोना पॉजीटिव

06-May-2020

भिलाई (छत्तीसगढ़ ) भिलाई में कोरानेा के मरीजों का मिलने का सिलसिला थम नहीं रहा है। अभी गत दो दिन पूर्व ही यहां 8 कोरोना के पॉजिटिव मरीज मिले थे। इसी दरम्यिान मंगलवार को फिर एक कोराना की महिला मरीज मिल गई। जिले के सीएमएचओ गंभीर सिंह ठाकुर ने इसकी पुष्टि करते हुए बताया कि यह महिला भिलाई के फरीदनगर की निवासी है जिसकी उम्र 26 वर्षीय है। यह महिला हाल ही में शादी कर 15 दिन तक महाराष्ट्र घूमकर सोमवार को नागपुर से लौटी थी। स्वास्थ्य विभाग ने उसे कल ही आनंद मंगलम के आईसोलेशन वार्ड में रखा था और उसका सेम्पल लेकर जांच के लिए एम्स भेजा था जिसकी आज रिपोर्ट कोराना से पॉजेटिव आई है। भिलाई में मिले अबतक सभी कोरोना के पॉजेटिव मरीज दूसरे प्रदेश से ही आये हुए हैं।

ज्ञातव्य हो कि सोमवार को भी जो 8 कोरोना के पॉजेटिव मरीज मिले है, वह सभी मजदूर और ड्रायवर है, ये लोग महाराष्ट्र, आंध्रप्रदेश और पं. बंगाल से आये हुए थे और आज जो महिला मरीज मिली है वह भी महाराष्ट्र से ही कल आई थी। वर्तमान में, छत्तीसगढ़ में कुल कोरोना के सक्रिय मामले 23 हैं।




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